
सुल्तानगंज से देवघर तक 'बोल बम' की गूंजः स्वर्गीय सुभाष कुमार सिंह की स्मृति में बेगूसराय निशुल्क सेवा शिविर बना कांवरियों का सहारा
संवाददाता मुकेश कुमार
बेगूसराय सुल्तानगंजश्रावणी मेले के मंगलवार को सुल्तानगंज से लेकर बाबा धाम तक शिवभक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा है। 'बोल बम' और 'हर-हर महादेव' के जयघोष से पूरा कांवरिया पथ गुंजायमान है। इस भक्तिमय माहौल में सुल्तानगंज-देवघर मार्ग पर बेगूसराय जिले का 'बेगूसराय निशुल्क सेवा शिविर' (रजिस्टर्ड सं. 0789) कांवरियों की सेवा में एक मिसाल पेश कर रहा है।अमर सेवा संदेशः 'मनुष्य का कुछ साथ नहीं जाता'वर्ष 2015 से लगातार संचालित यह शिविर आज भी बेगूसराय के पूर्व स्वर्गीय सुभाष कुमार सिंह की स्मृति और उनके द्वारा रखी गई नींव पर चल रहा है। शिविर में जल सेवा के लिए विशेष रूप से रखा पानी का टैंकर, जिस पर 'स्व.सुभाष कुमार, बेगूसराय बरौनी' अंकित है, इसएम हवासपुर, थाना का जीवंत प्रमाणकि इंसान चला जाता है लेकिन उसके कर्म अमर रहते हैं। 2015 से 2026 और उससे आगे भी समिति के सभी सदस्य इस परंपरा को पूरी निष्ठा से आगे बढ़ा रहे हैं।
शिविर में मिलने वाली सुविधाएं शिविर में आने वाले श्रद्धालुओं और कांवरियों के विश्राम व स्वास्थ्य का पूरा ध्यान रखा जा रहा है:पेयजल व जल सेवाः ठंडा पानी, गर्म पानी और चाय।भोजन व फलाहार: कांवरियों के लिए ताजा भोजन, नाश्ता, फलाहार और फल-फ्रूट्स का निःशुल्क प्रबंध।
युवाओं का समर्पण और पदयात्रा बेगूसराय जिले के नावकोठी, रामगिरी युवा केंद्र और बेगूसराय के विभिन्न प्रखंडों के शिवभक्त युवा इस शिविर में बढ़-चढ़कर अपनी निःस्वार्थ सेवा दे रहे हैं। नावकोठी के प्रसिद्ध समाजसेवी मनीष कुमार (मनीष दा), जो पिछले 15 वर्षों से लगातार देवघर की जत्था यात्रा में शामिल हो रहे हैं, इस बार मुखिया प्रत्याशी इस बार चुनाव की तैयारी कर रहे हैं मनीष कुमार सिंह भी लगभग 150 कांवरियों के दल केसाथ सुल्तानगंज से उत्तरवाहिनी गंगा का जल भरकर बोल बम का नारा लगाते हुए देवघर (बाबा धाम) के लिए पैदल प्रस्थान कर चुके हैं।
समिति के प्रमुख सहयोगी व सदस्य इस वृहद निःशुल्क सेवा और व्यवस्था को सफल बनाने में समिति के प्रमुख सदस्य व समाजसेवियों का विशेष योगदान है:
मनीष कुमार सिंह (समाजसेवी, नावकोठी)
बुलबुल कुमार (ग्राम- सांभों)अनारी बाबावरुण देव (छतौना)पंकज सिंहगोपाल कुमार सिंह
बेगूसराय जिले के युवाओं और समाजसेवियों की यह एकजुटता कांवरिया पथ पर श्रद्धालुओं के लिए एक वरदान सिद्ध हो रही है।