
बारां की सियासत में तीसरे मोर्चे की दस्तक! कमल राठौर के बाद अब नरेश मीणा को लेकर गरमाई राजनीति
बारां। जिले की राजनीति में इन दिनों तीसरे मोर्चे को लेकर सियासी हलचल तेज होती दिखाई दे रही है। पूर्व मंत्री प्रमोद जैन भाया के बयानों के बाद राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर और तेज हो गया है।
प्रमोद जैन भाया की ओर से तीसरे मोर्चे को “आयाराम-गयाराम” और भाजपा की B टीम बताए जाने के बाद समर्थकों की ओर से सवाल उठाए जा रहे हैं कि क्या तीसरे मोर्चे के बढ़ते प्रभाव से कांग्रेस और भाजपा दोनों ही खेमों में बेचैनी बढ़ रही है?
वहीं, नरेश मीणा के किसान मुद्दों को लेकर आंदोलन और भूख हड़ताल को लेकर भी राजनीतिक बहस तेज है। समर्थकों का कहना है कि किसानों की आवाज उठाना किसी राजनीतिक दल की B टीम होना नहीं है। दूसरी ओर, विरोधी इसे राजनीतिक रणनीति के तौर पर देख रहे हैं।
इसी बीच कमल राठौर का नाम भी बारां की स्थानीय राजनीति में चर्चा का केंद्र बना हुआ है। समर्थकों का दावा है कि उन्होंने अकेले ही जनता के बीच अपनी मजबूत पकड़ बनाई है।
अब सबसे बड़ा सवाल—क्या 2028 के विधानसभा चुनाव से पहले बारां में तीसरा मोर्चा कांग्रेस और भाजपा के लिए बड़ी चुनौती बन सकता है?
या फिर यह सिर्फ चुनावी माहौल बनने से पहले की सियासी बयानबाजी है?
आने वाले पंचायती राज चुनाव और आगामी राजनीतिक घटनाक्रम इस सवाल का जवाब काफी हद तक साफ कर सकते हैं।
Expose News India — सच की आवाज़... हर आवाज़ तक।
News part 2...
कमल राठौर की वजह से घबराया प्रमोद और फिर प्रमोद ने नरेश मीणा पर जड़ दिया आरोप ..
बारां के पुर्व मंत्री प्रमोद जैन ने कहा आयाराम गयाराम है बीजेपी के B टीम के रूप में काम कर रहे हैं। मगर यह कैसे भूल गए की खुद भी इस जिले में निर्दलीय चुनाव लड़ चुके हैं और यही बीजेपी के नेताओं की क्रॉस वोटिंग की वजह से उनकी पत्नी जिला प्रमुख बनी थी
प्रमोद जैन को सताने लगा तीसरे मोर्चे का डर और अब प्रमोद जैन के कई रास्ते बंद हो चुके हैं राजनीति में जिनकी वजह से वह भारतीय जनता पार्टी को इस जिले में चलाता था
कांग्रेस हो या भाजपा के विधायक सब प्रमोद के लिए काम करते हैं इस जिले में यह हम नहीं जानता बोल रही है तो फिर कमल राठौड़ ने क्या गलत किया भाया कहना चाहते हैं भारतीय जनता पार्टी की बी टीम ने बोर्ड बनाया है नगर पालिका बार में तो यही सही इसका मतलब साफ हो गया कि अब सच वाली भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं से मुकाबला होगा प्रमोद जैन का
नरेश मीणा भूखे प्यासे अपने गांव में भूख हड़ताल कर रहे हैं और प्रमोद जैन अपनी राजनीतिक छवि को सुधारने की कोशिश कर रहे हैं मगर क्या यह लड़का नरेश मीणा अपने खुद के लिए भूख हड़ताल पर बैठा है किसानों के लिए आंदोलन करना गलत है तो वह नरेश मीणा रोज करता है
नरेश मीणा का बढ़ता वर्चस्व से परेशान राजनेता मीडिया और अन्य प्रतिद्वंदी हर कोशिश कर रहे हैं उसे बदनाम करने की मगर नरेश मीणा आज भी करोड़ी लाल मीणा को अपना गुरु मानता है मतभेद हो सकता है मनभेद नहीं और राजनीति में यह आवश्यक है
प्रमोद जैन भाया जी कह रहे हैं तीसरा मोर्चा तो आयाराम गयाराम है बीजेपी के B टीम के रूप में काम कर रहे हैं।
आदरणीय जी भगत सिंह सेना आयाराम गयाराम नहीं है
आने वाले 2028 का बवंडर है जिसमें कांग्रेस बीजेपी दोनों का ही पूरी तरह सफाया होना तय है।
हनुमान जी को कमजोर समझने की भूल रावण ने की थी कि ये बंदर मेरा क्या कर लेंगे मैं तो लंकेश हूं।
अंजाम तो आपको पता ही है क्या हुआ था।
ठीक वैसा ही होने वाला है।
थर्ड मोर्चा एक नई विचारधारा है जिसे लोग समझ चुके हैं और अभी पंचायती राज चुनाव में भी इसका असर भरपूर देखने को मिलेगा।
भाई कमल राठौर जी ने अकेले बारां का दिल जीत लिया
#Baran #RajasthanPolitics #BaranPolitics #ThirdFront #NareshMeena #KamalRathore #PramodJain #ExposeNewsIndia #राजस्थान_राजनीति #बारां #तीसरा_मोर्चा #नरेश_मीणा #कमल_राठौर #प्रमोद_जैन #किसान_आंदोलन #राजनीतिक_हलचल #ViralNews #BreakingNews
Ladpura, Kota | Oct 10, 2026