
फरीदाबाद के पर्यटकों से भरा टेंपो ट्रैवलर नैनीताल की खाई में गिरा...
पेड़ों में अटकने से बची कई जानें,2 की मौ+त, 14 घायल
पहाड़ों की खूबसूरत वादियों में छुट्टियां मनाने निकले पर्यटकों का सफर अचानक मातम में बदल गया। उत्तराखंड के नैनीताल जिले के रामगढ़ क्षेत्र में फरीदाबाद के पर्यटकों से भरा टेंपो ट्रैवलर अनियंत्रित होकर करीब 100 फीट गहरी खाई में जा गिरा। हादसे में दो पर्यटकों की मौत हो गई, जबकि 14 यात्री घायल बताए जा रहे हैं। छह यात्रियों के सुरक्षित होने की जानकारी सामने आई है।
भवाली से मुक्तेश्वर जा रहे थे पर्यटक
जानकारी के मुताबिक, शुक्रवार को टेंपो ट्रैवलर नंबर UP14 TQ 9690 में 22 पर्यटक सवार थे। वाहन भवाली से मुक्तेश्वर की ओर जा रहा था। रामगढ़ क्षेत्र में पहुंचते ही अचानक चालक वाहन से नियंत्रण खो बैठा। इसके बाद टेंपो ट्रैवलर सड़क किनारे बने पैराफिट को तोड़ते हुए गहरी खाई में जा गिरा।हादसा इतना भीषण था कि वाहन पेड़ों और झाड़ियों के बीच जाकर फंस गया। बताया जा रहा है कि यदि टेंपो पेड़ों में नहीं अटकता तो वह और अधिक गहराई में जा सकता था और हादसे में मरने वालों की संख्या कहीं ज्यादा हो सकती थी।
बारिश और खड़ी चढ़ाई के बीच चला रेस्क्यू
दुर्घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और SDRF की टीमें मौके पर पहुंचीं। लगातार हो रही बारिश और खाई की गहराई ने राहत एवं बचाव अभियान को बेहद चुनौतीपूर्ण बना दिया। जवान रस्सियों और बचाव उपकरणों की सहायता से खाई में उतरे और स्थानीय लोगों के सहयोग से यात्रियों को एक-एक कर बाहर निकाला।
गंभीर रूप से घायल यात्रियों को प्राथमिकता के आधार पर सड़क तक पहुंचाया गया। इसके बाद एंबुलेंस और अन्य वाहनों की मदद से उन्हें रामगढ़ के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया। कुछ घायलों की हालत गंभीर होने के कारण उन्हें बेहतर उपचार के लिए हायर सेंटर रेफर किया गया।
दो परिवारों पर टूटा दुखों का पहाड़
इस दर्दनाक हादसे में दो यात्रियों की मौत से उनके परिवारों में मातम पसरा हुआ है। वहीं घायल यात्रियों के परिजन उनकी सलामती को लेकर चिंतित हैं। हादसे ने पूरे यात्रा समूह को बुरी तरह झकझोर दिया है। जो सफर हंसी-खुशी और पहाड़ों की खूबसूरत यादें संजोने के लिए शुरू हुआ था, वह जिंदगीभर न भूलने वाले दर्द में बदल गया।
हादसा कैसे हुआ, जांच में जुटी पुलिस
प्रारंभिक जानकारी में वाहन से नियंत्रण खोने को दुर्घटना की वजह बताया जा रहा है। हालांकि हादसा तेज रफ्तार, सड़क की फिसलन, कम दृश्यता, तकनीकी खराबी या किसी अन्य कारण से हुआ—यह पुलिस जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगा।
पुलिस यह भी जांच रही है कि वाहन में निर्धारित क्षमता के अनुसार यात्री सवार थे या नहीं। दुर्घटना से पहले वाहन की गति क्या थी और उस समय सड़क तथा मौसम की स्थिति कैसी थी, इन सभी पहलुओं को जांच में शामिल किया गया है।