
तेज प्रताप–मोतीलाल विवाद: साये की तरह साथ रहने वाले PA पर चोरी का आरोप, बिहार की राजनीति में नई हलचल
बिहार की राजनीति में उस समय नया मोड़ आ गया जब राष्ट्रीय जनता परिवार से जुड़े नेता Tej Pratap Yadav ने अपने निजी सहायक मोतीलाल राय के खिलाफ गंभीर आरोप लगाते हुए सचिवालय थाने में शिकायत दर्ज कराई। लंबे समय तक तेज प्रताप के बेहद करीबी माने जाने वाले मोतीलाल राय पर अब लाखों रुपये नकद और कीमती सामान लेकर गायब होने का आरोप लगा है। इस घटना के बाद राजनीतिक गलियारों में कई तरह की चर्चाएं शुरू हो गई हैं।
बताया जा रहा है कि 23 जून को तेज प्रताप यादव खुद सचिवालय थाना पहुंचे और शिकायत दर्ज कराई। शिकायत में उन्होंने कहा कि उनके निजी सचिव (PA) मोतीलाल राय 22 जून को उनके घर की अलमारी से लगभग 20 लाख रुपये नकद, सोने के आभूषण और अन्य कीमती सामान लेकर लापता हो गए। तेज प्रताप का आरोप है कि यह सामान्य गुमशुदगी नहीं बल्कि चोरी का मामला है और इसमें उनके भरोसे का गलत इस्तेमाल किया गया है।
मामले को और गंभीर इसलिए माना जा रहा है क्योंकि मोतीलाल राय को तेज प्रताप का बेहद करीबी माना जाता रहा है। कई सार्वजनिक कार्यक्रमों, धार्मिक आयोजनों और राजनीतिक गतिविधियों में वे लगातार तेज प्रताप के साथ दिखाई देते थे। राजनीतिक हलकों में उन्हें केवल कर्मचारी नहीं बल्कि भरोसेमंद सहयोगी के रूप में देखा जाता था। यही कारण है कि अचानक उनके खिलाफ दर्ज हुई शिकायत ने लोगों को हैरान कर दिया है।
रिपोर्टों के अनुसार, शिकायत में केवल नकदी की बात नहीं कही गई है। तेज प्रताप की ओर से दावा किया गया है कि कुछ इलेक्ट्रॉनिक उपकरण भी गायब हैं, जिनमें लैपटॉप, हार्ड डिस्क, पेन ड्राइव और मोबाइल फोन शामिल बताए गए हैं। इन उपकरणों को लेकर चर्चाएं इसलिए भी तेज हैं क्योंकि इनमें निजी या राजनीतिक जानकारी होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि पुलिस की ओर से अभी तक यह नहीं कहा गया है कि इनमें कोई संवेदनशील सामग्री थी।
इसी बीच मामले ने नया मोड़ तब लिया जब मोतीलाल राय की पत्नी सामने आईं। उन्होंने मुख्यमंत्री से गुहार लगाते हुए कहा कि उन्हें अपने पति की सुरक्षा को लेकर चिंता है। उनका कहना है कि उन्हें यह भी नहीं पता कि उनके पति सुरक्षित हैं या नहीं। उन्होंने यह भी दावा किया कि उनके परिवार पर भी दबाव की स्थिति बनी हुई है।
यह विवाद ऐसे समय सामने आया है जब कुछ दिन पहले ही तेज प्रताप यादव ने अलग मामले में हत्या की साजिश का आरोप लगाते हुए शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने दावा किया था कि उनके और उनके पिता के खिलाफ साजिश रची जा रही है। ऐसे में लगातार सामने आ रहे विवादों ने पूरे घटनाक्रम को और अधिक राजनीतिक बना दिया है।
फिलहाल सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि “क्या मोतीलाल के मन में पैसों का लालच आ गया था?” या “क्या इसके पीछे कोई बड़ा खेल है?” — इन सवालों का अभी कोई आधिकारिक जवाब नहीं है। अभी तक आरोप केवल शिकायत और दावों के स्तर पर हैं। पुलिस जांच जारी है और जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो सकेगा कि मामला वास्तव में चोरी का है, किसी व्यक्तिगत विवाद का है, या इसके पीछे कोई दूसरा कारण है।
Chapra, Saran | Jun 23, 2026