Public App Logo
Profile Picture

DILIP Mishra

@timesmp
241Followers
0Following
रेंट की कार से रैकी, फिर नकबजनी; अगली वारदात से पहले गिरोह गिरफ्तार
- बजरंग नगर नकबजनी का 5 दिन में खुलासा, 3 नाबालिग समेत 6 आरोपी पकड़े; 11 लाख का मश्रुका बरामद

देवास। पहले रेंट की कार लेकर शहर में घूमना, सूने मकानों की तलाश करना और मौका मिलते ही ताला तोड़कर चोरी कर लेना। वारदात के बाद कार बदल देना, ताकि पुलिस को कोई सुराग न मिले। देवास के बजरंग नगर में हुई नकबजनी के खुलासे में पुलिस के सामने अपराध का यही तरीका सामने आया है। ऑपरेशन त्रिनेत्रम के तहत CCTV फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से औद्योगिक क्षेत्र पुलिस ने महज पांच दिन में वारदात का पर्दाफाश करते हुए तीन वयस्कों और तीन नाबालिगों सहित छह आरोपियों को गिरफ्तार किया है।

आरोपियों के कब्जे से चोरी किए गए सोने-चांदी के आभूषण और वारदात में इस्तेमाल की गई दो कारें बरामद हुई हैं। कुल जब्ती की कीमत करीब 11 लाख रुपये बताई गई है। पुलिस के अनुसार आरोपी दूसरी नकबजनी की तैयारी में थे, लेकिन उससे पहले ही पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया।

घर सूना था, आरोपी ताला तोड़कर घुस गए

29 अगस्त को बजरंग नगर निवासी देवेन्द्र मालवीय अपनी पत्नी को लेने इंदौर गए थे। उनका छोटा भाई भी पत्नी के साथ बाहर गया हुआ था। घर में किसी के नहीं होने का फायदा उठाकर आरोपियों ने ताला तोड़ा और अंदर दाखिल हो गए।

31 अगस्त को परिवार वापस लौटा तो घर का ताला टूटा मिला। अंदर सामान बिखरा था और अलमारियां भी तोड़ी गई थीं। सोने-चांदी के आभूषण और नगदी गायब थी। शिकायत के बाद औद्योगिक क्षेत्र थाने में अपराध दर्ज कर पुलिस ने जांच शुरू की।

CCTV ने जोड़ा आरोपियों तक पहुंचने का रास्ता

मामले की जांच में पुलिस ने घटनास्थल के साथ आसपास लगे CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले। ऑपरेशन त्रिनेत्रम के तहत शहर में लगे कैमरों से मिले सुराग और मुखबिर की सूचना को जोड़ते हुए पुलिस आरोपियों तक पहुंची।

पुलिस टीम ने इंदौर-उज्जैन बायपास स्थित ग्राम हवनखेड़ी के यात्री प्रतीक्षालय के पास से शिवम उर्फ चावल, हर्ष उर्फ हर्ष शुटर और आदित्य उर्फ लाड़ला को पकड़ा। इनके साथ तीन नाबालिगों को भी पुलिस अभिरक्षा में लिया गया। पूछताछ में आरोपियों ने बजरंग नगर की नकबजनी करना स्वीकार किया।

कार बदलकर पुलिस को चकमा देने की कोशिश

पूछताछ में सामने आया कि आरोपी वारदात से पहले रेंट की कार लेकर इलाके में रैकी करते थे। जिस मकान में ताला लगा मिलता, उसे निशाना बनाते। चोरी के बाद किराये की कार वापस कर दूसरी कार ले लेते थे।

यानी हर वारदात में वाहन बदलने की रणनीति के पीछे पुलिस की नजर से बचने की कोशिश थी। लेकिन CCTV कैमरों की निगरानी और पुलिस की तकनीकी जांच ने उनकी यह चाल नाकाम कर दी।

पुलिस के मुताबिक आरोपी एक और वारदात की तैयारी में थे। इससे पहले ही उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।

आभूषण से लेकर दो कार तक जब्त

पुलिस ने आरोपियों से करीब 2 लाख रुपये कीमत के सोने-चांदी के आभूषण बरामद किए हैं। इनमें मंगलसूत्र, नथ, टीके, अंगूठी, पायजेब, कमर के छल्ले, बच्चों के कड़े, बिछुड़ी और चांदी की चेन शामिल हैं।

इसके अलावा वारदात में प्रयुक्त टियागो कार MP09WC3153 और डिजायर कार MP09CW1158 भी जब्त की गई हैं। दोनों वाहनों की कीमत क्रमशः करीब 3 लाख और 6 लाख रुपये बताई गई है। कुल मश्रुका करीब 11 लाख रुपये है।

गिरफ्तार आरोपी

शिवम उर्फ चावल (19), निवासी राधानगर देवास
हर्ष उर्फ हर्ष शुटर (20), निवासी प्रेमनगर पार्ट-02 देवास
आदित्य उर्फ लाड़ला (20), निवासी सम्यक विहार कॉलोनी देवास
तीन नाबालिग अपचारी बालक

इस कार्रवाई में थाना प्रभारी औद्योगिक क्षेत्र निरीक्षक अमित सोलंकी, फिंगर प्रिंट शाखा प्रभारी निरीक्षक बिना दुबे, पुलिस एवं साइबर सेल की टीम की महत्वपूर्ण भूमिका रही।

इस कार्रवाई का सबसे अहम पहलू यही रहा कि जिस गिरोह को लगा था कि रेंट की कार बदलकर वह पुलिस को चकमा दे देगा, उसकी राह CCTV कैमरों ने पकड़ ली और अगली वारदात से पहले ही पुलिस ने पूरी कहानी खत्म कर दी।
@highlight
छह घंटे में अपहरण का खुलासा, सनावद से युवक को सकुशल छुड़ाया

देवास पुलिस की त्वरित कार्रवाई, अपहरण में शामिल दो आरोपी गिरफ्तार; आपसी रंजिश में घर से जबरन ले जाने का आरोप

देवास। औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने अपहरण की एक गंभीर वारदात में त्वरित कार्रवाई करते हुए महज छह घंटे के भीतर अपहृत युवक अरविंद चौहान को खरगोन जिले के सनावद क्षेत्र से सकुशल बरामद कर लिया। पुलिस ने मामले में दो आरोपियों को गिरफ्तार कर न्यायालय में पेश किया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया।

पुलिस के अनुसार, दुर्गानगर निवासी महिला ने थाना औद्योगिक क्षेत्र में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि 6 सितंबर की दोपहर करीब 3 बजे सफेद रंग की बोलेरो कार से सुनील सहित तीन-चार महिला-पुरुष उसके घर पहुंचे। आरोप है कि आपसी रंजिश के चलते अरविंद चौहान को जबरदस्ती बोलेरो में बैठाकर अपने साथ ले गए।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने अपराध क्रमांक 809/2026, धारा 140(3) बीएनएस के तहत प्रकरण दर्ज कर तत्काल जांच शुरू की। पुलिस टीम ने बोलेरो क्रमांक MP46BA4762 की जानकारी जुटाई और संभावित ठिकानों पर तलाश व घेराबंदी शुरू की।

लगातार की गई कार्रवाई के बाद पुलिस टीम को सफलता मिली और सनावद क्षेत्र से अरविंद चौहान को आरोपियों के कब्जे से सकुशल मुक्त करा लिया गया। पुलिस ने मौके से दद्दु पिता ध्यान सिंह उर्फ ज्ञान सिंह (32), निवासी ग्राम सांगकी, जिला खरगोन और सुनील पिता मंशाराम भुरिया (37), निवासी ग्राम सिलोटिया, जिला खरगोन को गिरफ्तार किया।

दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उन्हें जेल भेज दिया गया है। पुलिस मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई कर रही है।

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (शहर) गजेन्द्र सिंह वर्धमान के मार्गदर्शन, नगर पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल के निर्देशन तथा थाना प्रभारी औद्योगिक क्षेत्र निरीक्षक अमित सोलंकी के नेतृत्व में गठित टीम ने की। कार्रवाई में उप निरीक्षक गोविंद बड़ोलिया, प्रधान आरक्षक शैलेन्द्र राणा, आरक्षक अजय जाट, लक्ष्मीकांत शर्मा और अर्पित जायसवाल की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
स्विफ्ट की डिक्की में छिपाकर ले जा रहा था देशी रिवाल्वर, 6 राउंड के साथ आरोपी गिरफ्तार

कांटाफोड़ पुलिस की कार्रवाई, हथियार और कार समेत 3.06 लाख रुपए का मशरूका जब्त

कांटाफोड़। अवैध हथियारों की तस्करी के खिलाफ कांटाफोड़ पुलिस ने कार्रवाई करते हुए एक युवक को देशी रिवाल्वर और छह जिंदा राउंड के साथ गिरफ्तार किया है। आरोपी हथियारों को स्विफ्ट कार की डिक्की में छिपाकर ले जा रहा था। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल कार समेत करीब 3.06 लाख रुपए का मशरूका जब्त किया है।

पुलिस के अनुसार, 6 सितंबर 2026 को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक व्यक्ति स्विफ्ट कार क्रमांक MP09CC0724 से अवैध हथियार लेकर जा रहा है। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने कांटाफोड़-बिजवाड़ रोड पर ग्राम बिजवाड़ में गजानंद उपाध्याय के खेत के सामने घेराबंदी कर संदिग्ध कार को रोक लिया।

तलाशी के दौरान कार की डिक्की से हाथ से बना देशी रिवाल्वर और छह जिंदा राउंड बरामद हुए। पुलिस ने कार चालक मंगल पिता राजकुमार सिंह पटवा (34), निवासी ग्राम नेमावर को गिरफ्तार कर लिया।

आरोपी के खिलाफ थाना कांटाफोड़ में अपराध क्रमांक 328/2026 के तहत धारा 25, 27 आर्म्स एक्ट में मामला दर्ज किया गया है। आरोपी को न्यायालय में पेश करने के बाद उपजेल कन्नौद भेज दिया गया। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि आरोपी के पास हथियार कहां से आया था और इसे किस उद्देश्य से ले जाया जा रहा था।

पुलिस टीम की भूमिका

कार्रवाई थाना प्रभारी निरीक्षक कैलाश चंद्र चौहान के नेतृत्व में की गई। इसमें उप निरीक्षक विनय सिंह बघेल सहित प्रधान आरक्षक शिवकुमार, रामवीर, अशोक शर्मा, यतीश तिवारी, आरक्षक अवधेश, रोहित, जयदेव एवं सैनिक अर्जुन की सराहनीय भूमिका रही।
हाटपीपल्या में टीन चद्दर चोरी का खुलासा, आरोपी गिरफ्तार

पुलिस ने करीब 2 लाख रुपये कीमत की 50 टीन चद्दरें की बरामद

हाटपीपल्या। थाना हाटपीपल्या पुलिस ने टीन की चद्दरें चोरी करने के मामले का खुलासा करते हुए एक आरोपी को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी की गई करीब 50 टीन शेड चद्दरें, जिनकी अनुमानित कीमत 2 लाख रुपये बताई गई है, बरामद की हैं।

पुलिस के अनुसार, हाटपीपल्या निवासी अनोखीलाल पिता छगनलाल राजोरिया (45) ने टीन की चद्दरें चोरी होने की शिकायत थाने में दर्ज कराई थी। शिकायत पर पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू की। घटना की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में एक विशेष पुलिस टीम गठित की गई।

जांच के दौरान पुलिस टीम को मुखबिर से आरोपी के संबंध में महत्वपूर्ण सूचना मिली। सूचना के आधार पर पुलिस ने गोपाल पिता प्रहलाद सिंह राठौड़, निवासी घुड़िया को गिरफ्तार किया। प्रारंभिक पूछताछ में आरोपी ने टीन की चद्दरें चोरी करने की बात स्वीकार की।

इसके बाद पुलिस ने आरोपी की निशानदेही पर चोरी की गई करीब 50 टीन की चद्दरें बरामद कर जब्त कर लीं। बरामद मशरुका की कीमत लगभग 2 लाख रुपये आंकी गई है। पुलिस द्वारा मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में कार्रवाई

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक देवास पुनीत गेहलोत के निर्देश पर, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) एच.एन. बाथम के मार्गदर्शन तथा अनुविभागीय अधिकारी (पुलिस) बागली संजय सिंह बेस के निर्देशन में की गई। कार्रवाई का नेतृत्व थाना प्रभारी हाटपीपल्या निरीक्षक दीपक यादव ने किया।

इनकी रही सराहनीय भूमिका

कार्रवाई में थाना प्रभारी निरीक्षक दीपक यादव, उप निरीक्षक कविता माले, प्रधान आरक्षक राहुल संतौर, प्रधान आरक्षक अनिल मनी, आरक्षक अमित नाहर, सैनिक जालम सिंह राजपूत एवं सैनिक अर्जुन सिंह राजपूत की महत्वपूर्ण भूमिका रही।
चाकू की नोक पर 9 टन आटे से भरा कंटेनर लूटा, GPS ने खोल दिया डकैती का राज

देवास से इंदौर तक पुलिस ने किया पीछा, सर्विस रोड पर ट्रांसफार्मर से टकराया कंटेनर; 5 आरोपी गिरफ्तार, करीब 50 लाख का माल बरामद

देवास। औद्योगिक क्षेत्र स्थित अवंतिका फूड्स कंपनी से 9 टन आटे से भरे कंटेनर की डकैती का पुलिस ने कुछ ही घंटों में खुलासा कर दिया। बदमाशों ने चालक को चाकू की नोक पर धमकाकर कंटेनर समेत 310 कट्टे आटा लूट लिया था। वारदात के बाद भागे आरोपियों तक पहुंचने में कंटेनर में लगा GPS पुलिस के लिए सबसे बड़ा सुराग बना। GPS लोकेशन, CCTV फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से देवास पुलिस ने इंदौर तक पीछा किया और पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस ने कंटेनर और उसमें भरा करीब 9 टन आटा समेत लगभग 50 लाख रुपए का मशरूका शत-प्रतिशत बरामद किया है।

चालक को चाकू अड़ाकर नीचे फेंका

घटना 5 सितंबर की रात करीब 8:30 बजे की है। इंदौर की शिवानी ट्रांसपोर्ट का चालक संतोष मालवीय खाली कंटेनर लेकर देवास की राजीव नगर भट्टा स्थित अवंतिका फूड्स कंपनी पहुंचा था। कंपनी ने कंटेनर में आर्शीवाद कंपनी के आटे के 310 कट्टे, कुल करीब 9 टन माल लोड किया।

कंटेनर लेकर निकलने की तैयारी के दौरान एक बदमाश ड्राइवर साइड से पहुंचा और चालक की कमर पर चाकू अड़ाकर जान से मारने की धमकी दी। इसके बाद कॉलर पकड़कर उसे नीचे फेंक दिया। घटना में चालक के हाथ और घुटनों में चोट आई। इसी दौरान चार अन्य बदमाश कंडक्टर साइड से कंटेनर में चढ़ गए और आटे से भरा कंटेनर लेकर फरार हो गए। बदमाशों ने कंपनी के गार्ड को भी धमकाया और भागते समय कंपनी का गेट भी क्षतिग्रस्त कर दिया।

हालांकि चाकू दिखाने वाला एक आरोपी मौके पर ही रह गया, जिसे चालक और कंपनी के गार्डों की मदद से पकड़ लिया गया। घटना की सूचना तत्काल डायल-112 पर दी गई। पुलिस के मुताबिक सूचना मिलते ही करीब पांच मिनट में पुलिस सक्रिय हो गई।

GPS की लोकेशन ने बदमाशों की राह दिखाई

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तत्काल विशेष टीम गठित की। पूछताछ और तकनीकी जानकारी में पता चला कि लूटे गए कंटेनर में GPS डिवाइस लगा है। इसकी लोकेशन इंदौर की ओर बढ़ रही थी। इसके बाद देवास पुलिस ने GPS लोकेशन के साथ CCTV फुटेज और मुखबिर तंत्र को जोड़कर कंटेनर का पीछा शुरू किया।

इंदौर कंट्रोल रूम, तेजाजी नगर और राऊ थाना पुलिस को भी सूचना देकर नाकाबंदी कराई गई। देवास और इंदौर पुलिस के समन्वित प्रयास से कंटेनर की घेराबंदी की गई।

पुलिस को देखकर सर्विस रोड पर उतारा कंटेनर

पुलिस की नाकाबंदी देखकर आरोपी कंटेनर को मुख्य मार्ग से नीचे सर्विस रोड पर ले गए। इसी दौरान कंटेनर अनियंत्रित होकर एक ट्रांसफार्मर से जा टकराया। पुलिस टीम ने मौके पर पहुंचकर कंटेनर में बैठे सूरज बैरागी (19) को हिरासत में ले लिया।

पूछताछ में सूरज ने अपने चार साथियों के साथ मिलकर अवंतिका फूड्स से चालक को चाकू की नोक पर धमकाकर कंटेनर और उसमें भरे आटे की डकैती करना स्वीकार किया। इसके बाद पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए बाकी चार आरोपियों को भी गिरफ्तार कर लिया।

पांचों आरोपी गिरफ्तार, चाकू भी बरामद

पुलिस ने आरोपियों की निशानदेही पर वारदात में इस्तेमाल किया गया धारदार चाकू भी बरामद किया है। मामले में आयुध अधिनियम की धारा 25 भी जोड़ी गई है।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुनील चौहान (35), शुभम राजौरिया (19), आकाश बैरागी (20), भावेश पटेल (18) और सूरज बैरागी (19), सभी निवासी देवास के रूप में हुई है।

पुलिस ने कंटेनर MP09AZ1441, उसमें भरा 9 टन आर्शीवाद कंपनी का आटा और वारदात में प्रयुक्त चाकू बरामद किया है। बरामद मशरूका की कुल कीमत करीब 50 लाख रुपए बताई गई है।

पुराने अपराध भी दर्ज

पुलिस के अनुसार आरोपी सुनील चौहान के खिलाफ औद्योगिक क्षेत्र थाने में वर्ष 2011 से लेकर 2026 तक मारपीट, धमकी, चोरी और अन्य धाराओं में कई प्रकरण दर्ज हैं। वहीं आरोपी सूरज बैरागी के खिलाफ भी औद्योगिक क्षेत्र थाने में एक मामला दर्ज है।

पुलिस ने इस पूरी कार्रवाई को तकनीकी साक्ष्यों, त्वरित सूचना तंत्र और देवास-इंदौर पुलिस के बीच बेहतर समन्वय का परिणाम बताया है। विशेष रूप से वारदात के तुरंत बाद डायल-112 पर मिली सूचना और कंटेनर के GPS ने जांच को दिशा देने में अहम भूमिका निभाई।
170 साल पुराने खड़े हनुमान मंदिर से जुड़ी आस्था की ये घटना श्रद्धालुओं को हैरान कर रही है। 🙏🚩

सड़क चौड़ीकरण के लिए मंदिर हटाने की प्रक्रिया के दौरान सती गेट पर स्थापित हनुमान जी की प्रतिमा को चार दिनों तक हटाने का प्रयास किया गया, लेकिन प्रतिमा एक इंच भी नहीं हिली।

भक्त इसे बजरंगबली की इच्छा और दिव्य संकेत मान रहे हैं।
आस्था में हनुमान जी आज भी अडिग हैं। 🚩

जय बजरंगबली 🙏🚩

<nis:link nis:type=tag nis:id=ujjain nis:value=Ujjain nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=khadehanuman nis:value=KhadeHanuman nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=hanumanji nis:value=HanumanJi nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=sanatandharma nis:value=SanatanDharma nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=jaibajrangbali nis:value=JaiBajrangbali nis:enabled=true nis:link/>
🐅 हाईवे पर बाघ की दस्तक!

भोपाल के पास अब्दुल्लागंज टोल और बंसल कॉलेज के बीच हाईवे पर बाघ घूमता हुआ नजर आया।
बताया जा रहा है कि यह बाघ रातापानी वन क्षेत्र से निकलकर हाईवे तक पहुंचा हो सकता है।

वीडियो सामने आने के बाद इलाके में दहशत और लोगों में उत्सुकता दोनों बढ़ गई हैं।
वन विभाग की नजर अब इस बाघ की मूवमेंट पर है। 🐅

आप भी हाईवे पर सावधान रहें और बाघ दिखे तो दूरी बनाए रखें।

<nis:link nis:type=tag nis:id=tiger nis:value=Tiger nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=bhopal nis:value=Bhopal nis:enabled=true nis:link/>  <nis:link nis:type=tag nis:id=wildlife nis:value=Wildlife nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=madhyapradesh nis:value=MadhyaPradesh nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=#timesmp nis:value=#TimesMP nis:enabled=true nis:link/>
बरोठा में धूमधाम से निकली बाबा भोलेनाथ की शाही सवारी, हरि-हर मिलन ने मोहा मन

बरोठा। भादवा के प्रथम सोमवार के पावन अवसर पर बरोठा नगर में बाबा भोलेनाथ की भव्य शाही सवारी निकाली गई। सोमेश्वर महादेव मंदिर से विधि-विधान से पूजा-अर्चना के बाद शुरू हुई सवारी ने नगर के प्रमुख मार्गों का भ्रमण किया। जगह-जगह श्रद्धालुओं ने पुष्पवर्षा कर भगवान भोलेनाथ का स्वागत किया।

सवारी के दौरान पूरा नगर ‘हर-हर महादेव’ और ‘बम-बम भोले’ के जयघोष से गूंज उठा। श्रद्धालुओं द्वारा जल एवं केले के प्रसाद का वितरण भी किया गया।

शाही सवारी चंपा चौक स्थित श्री गोवर्धन नाथ मंदिर पहुंची, जहां परंपरा अनुसार भगवान विष्णु (हरि) और भगवान शिव (हर) का हरि-हर मिलन कराया गया। इस विशेष धार्मिक परंपरा के दर्शन के लिए बड़ी संख्या में श्रद्धालु उमड़े और भाव-विभोर हो उठे।

हरि-हर मिलन के बाद सवारी पुनः नगर भ्रमण करते हुए सोमेश्वर महादेव मंदिर पहुंची। यहां महाआरती के साथ आयोजन का समापन हुआ। इसके बाद श्रद्धालुओं को महाप्रसाद के रूप में खिचड़ी वितरित की गई।

शाही सवारी में मंदिर समिति के सदस्यों, पुजारीगण, नगरवासियों सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों से आए बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं ने सहभागिता की।
मंदिर का ढांचा हटा, खड़े हनुमान नहीं हिले
चार दिन के प्रयासों के बाद भी अडिग रही प्रतिमा, अब विशेषज्ञों की निगरानी में होगी तकनीकी जांच

उज्जैन। महाकाल की नगरी उज्जैन में सती गेट क्षेत्र स्थित करीब 170 वर्ष पुराने खड़े हनुमान मंदिर को सड़क चौड़ीकरण के लिए हटाने की कार्रवाई के बीच एक असामान्य स्थिति सामने आई है। मंदिर का ढांचा हटा दिया गया, लेकिन मुख्य हनुमान प्रतिमा को चार दिनों के लगातार प्रयासों के बावजूद उसके स्थान से नहीं हटाया जा सका।

प्रतिमा को सुरक्षित तरीके से स्थानांतरित करने के लिए मशीनरी और तकनीकी संसाधनों की मदद ली गई। आसपास खुदाई कर उसके आधार और जमीन के भीतर की स्थिति को समझने का प्रयास भी किया गया, लेकिन कई कोशिशों के बाद भी प्रतिमा अपनी जगह पर अडिग रही।

अब बल नहीं, तकनीक से होगी जांच

लगातार प्रयासों के बावजूद प्रतिमा नहीं हिलने के बाद अब प्रशासन जल्दबाजी से बचते हुए विशेषज्ञों की मदद लेने की तैयारी में है। अत्याधुनिक तकनीक से प्रतिमा के आधार और जमीन के भीतर की संरचना की जांच की जाएगी, ताकि यह पता लगाया जा सके कि वह किस तरह स्थापित है और उसे स्थानांतरित करना संभव है या नहीं।

विशेषज्ञों की रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई तय होगी। प्राचीन प्रतिमा को नुकसान न पहुंचे, इसे सर्वोच्च प्राथमिकता दी जा रही है।

आस्था में इसे माना जा रहा दैवी संकेत

प्रतिमा के नहीं हिलने की खबर फैलने के बाद क्षेत्र में श्रद्धालुओं की भीड़ बढ़ गई है। कई भक्त इसे हनुमान जी की इच्छा और दैवी संकेत मान रहे हैं। मंदिर के आसपास वानरों की मौजूदगी ने भी लोगों के कौतूहल को बढ़ा दिया है और सोशल मीडिया पर इससे जुड़े वीडियो चर्चा में हैं।

हालांकि प्रतिमा के नहीं हिलने के वास्तविक तकनीकी कारण विशेषज्ञों की जांच के बाद ही स्पष्ट होंगे।

विकास के साथ विरासत बचाने की चुनौती

सिंहस्थ 2028 को देखते हुए उज्जैन में सड़क और यातायात व्यवस्था के विस्तार की जरूरत है, लेकिन शहर की पहचान उसकी प्राचीन धार्मिक और सांस्कृतिक विरासत से भी जुड़ी है। ऐसे में खड़े हनुमान की प्रतिमा को लेकर सामने आई स्थिति विकास और विरासत के बीच संतुलन का महत्वपूर्ण सवाल खड़ा करती है।

फिलहाल प्रतिमा अपने स्थान पर ही है। अब सबकी निगाहें विशेषज्ञों की तकनीकी जांच और प्रशासन के अगले कदम पर टिकी हैं।

खड़े हनुमान की प्रतिमा का अडिग रहना अब सिर्फ एक मंदिर को हटाने का मामला नहीं, बल्कि उज्जैन की आस्था, विरासत और विकास के बीच संतुलन की परीक्षा बन गया है।
पिछले 24 घंटे में देवास में 1 इंच से अधिक बारिश... 1 जून से अब तक देवास में हुई करीब 25 इंच बारिश...
तंत्र-मंत्र का झांसा... लाल पोटली में बांधे सोने के गहने और हो गए फरार!
देवास पुलिस ने 8 दिन में खोला ठगी का राज, 3 हजार किलोमीटर पीछा कर राजस्थान से दो आरोपी गिरफ्तार

देवास। घर की बाधा दूर करने और तांत्रिक क्रिया से समस्या का समाधान करने का झांसा... पहले 2,100 रुपए लिए... फिर घर पहुंचकर तांत्रिक क्रिया का नाटक किया। महिला से सोने के आभूषण लिए... आभूषणों को लाल कपड़े की पोटली में बांधा और कहा... “कल वापस मिल जाएंगे।” महिला अगले दिन बताई गई जगह पर पहुंची... तांत्रिक क्रिया हुई... लाल पोटली भी वापस मिल गई... लेकिन घर पहुंचकर जब पोटली खोली गई तो महिला के होश उड़ गए... पोटली में सोने के गहने नहीं थे... गहने गायब थे।
महिला जब वापस आरोपियों के ठिकाने पर पहुंची तो वहां ताला लगा हुआ था... मामला देवास के सिविल लाइन थाने पहुंचा... पुलिस ने केस दर्ज किया और शुरू हुई उन कथित तांत्रिकों की तलाश...।

 200 से ज्यादा CCTV... और खुलती गई कहानी... 

पुलिस टीम ने घटनास्थल से लेकर आरोपियों की गतिविधियों से जुड़े 200 से ज्यादा CCTV कैमरों के फुटेज खंगाले... एक-एक फुटेज को जोड़ते हुए पुलिस आरोपियों के पीछे बढ़ती गई... तकनीकी साक्ष्य और मुखबिर की सूचना से पुलिस को सुराग मिला... सुराग पहुंचा अहमदाबाद... लेकिन आरोपी वहां नहीं मिले... पुलिस ने पीछा जारी रखा... अहमदाबाद से राजस्थान...
फिर पाली और जोधपुर। करीब 3,000 किलोमीटर की पड़ताल के बाद पुलिस आखिरकार आरोपियों तक पहुंच गई।
राजस्थान से दबोचे गए दोनों आरोपी
पुलिस ने मामले में प्रदीप जोशी, उम्र 36 वर्ष निवासी पिपाड़ शहर, जोधपुर और विनोद कुमार जोशी, उम्र 42 वर्ष निवासी पिपाड़ शहर, जोधपुर को गिरफ्तार किया।
पूछताछ के बाद आरोपियों की निशानदेही पर राजस्थान के पाली स्थित विनोद कुमार के घर से महिला से ठगी किए गए पूरे सोने के आभूषण बरामद कर लिए गए। पुलिस के अनुसार बरामद मशरुका की कीमत करीब 3 लाख रुपए है। इसमें सोने के टॉप्स, झुमकी, बड़ा मंगलसूत्र पेंडल, दो छोटे मंगलसूत्र पेंडल और 18 मोती शामिल हैं। इसके अलावा तीन मोबाइल फोन भी बरामद किए गए हैं।

अंधविश्वास बना ठगी का हथियार

इस पूरे मामले ने एक बार फिर यह सवाल खड़ा किया है कि अंधविश्वास किस तरह ठगों के लिए हथियार बन जाता है।
घर की परेशानी दूर करने, बाधा हटाने या तांत्रिक क्रिया से समाधान का दावा करने वाले लोगों के झांसे में आकर लोग अपनी मेहनत की कमाई और कीमती सामान तक गंवा देते हैं।
देवास पुलिस की इस कार्रवाई में खास बात यह रही कि शिकायत के महज 8 दिन के भीतर पुलिस ने CCTV, तकनीकी साक्ष्यों और मुखबिर तंत्र की मदद से देवास से गुजरात और राजस्थान तक आरोपियों का पीछा किया और आखिरकार उन्हें गिरफ्तार कर लिया। पुलिस की जांच जारी है और मामले में आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।
SI to TI प्रमोशन लिस्ट
ये सब देखने के लिए कलेजा बहुत कड़ा करना पड़ता है… 💔
सागर जिले के गांवों में जहरीली शराब ने कई परिवारों की खुशियां छीन लीं।
 मृतकों के परिजनों का दर्द देखकर हर किसी की आंखें नम हो जाएंगी।
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी से लिपटकर रोते परिजन…
 दर्द ऐसा, जिसे शब्दों में बयां करना मुश्किल है।
जहरीली शराब से 13 लोगों की मौत की खबर ने पूरे प्रदेश को झकझोर दिया है।
<nis:link nis:type=tag nis:id=सागर nis:value=सागर nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=जहरीलीशराब nis:value=जहरीलीशराब nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=मध्यप्रदेश nis:value=मध्यप्रदेश nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=sagar nis:value=Sagar nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=madhyapradesh nis:value=MadhyaPradesh nis:enabled=true nis:link/>
🚨 देवास के सबसे बड़े सुपरमार्केट की हालत देखिए!
 आज देवास में हुई झामाझम बारिश तो सुपरमार्केट हुआ पानी पानी... मार्केट की छत और छज्जे से पानी सीधे दुकानों में आ रहा है नाले ओवरफ्लो हो चुके हैं। सफाई व्यवस्था भी सवालों के घेरे में है।
दुकानदार ने सोशल मीडिया पर वीडियो पोस्ट कर नगर निगम और प्राधिकरण के जिम्मेदार अधिकारियों से तत्काल ध्यान देने की अपील की है।
नगर निगम और जिम्मेदार विभाग समय रहते निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई करें।
सुरक्षा सबसे पहले।
<nis:link nis:type=tag nis:id=देवास nis:value=देवास nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=supermarket nis:value=SuperMarket nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=dewasnews nis:value=DewasNews nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=नगरनिगम nis:value=नगरनिगम nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=देवासशहर nis:value=देवासशहर nis:enabled=true nis:link/>
नशे में वाहन चलाना पड़ा महंगा, कोर्ट ने लगाया 20,700 रुपए का जुर्माना

देवास में कार और बाइक चालक शराब के नशे में मिले, पुलिस ने कोर्ट में पेश किया

देवास। शराब पीकर वाहन चलाना दो वाहन चालकों को भारी पड़ गया। देवास के औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने नशे की हालत में वाहन चलाते पकड़े गए दो चालकों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें न्यायालय में पेश किया। माननीय न्यायालय ने दोनों पर कुल 20,700 रुपए का अर्थदंड लगाया है।

पुलिस के अनुसार, पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के निर्देश पर जिले में शराब पीकर वाहन चलाने वालों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में औद्योगिक क्षेत्र थाना पुलिस ने बजाज पल्सर बाइक क्रमांक MP41ZH5043 के चालक जीवन पिता मान सिंह, निवासी देवास और इको कार क्रमांक MP09ZK6390 के चालक कमलेश पिता भंवरसिंह, निवासी देवास को शराब के नशे में वाहन चलाते हुए पकड़ा।

दोनों के खिलाफ धारा 185 मोटर व्हीकल एक्ट के तहत अलग-अलग इस्तगासा तैयार कर न्यायालय के समक्ष प्रस्तुत किया गया। मामले की सुनवाई के बाद न्यायालय ने दोनों अनावेदकों को कुल 20,700 रुपए के अर्थदंड से दंडित किया।

नशे में वाहन चलाया तो कार्रवाई तय

देवास पुलिस ने वाहन चालकों से अपील की है कि शराब या किसी भी प्रकार के नशे की हालत में वाहन न चलाएं। नशे में वाहन चलाने से चालक की जान तो खतरे में पड़ती ही है, साथ ही सड़क पर चल रहे अन्य लोगों की जिंदगी भी खतरे में पड़ सकती है।

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ ऐसी कार्रवाई आगे भी लगातार जारी रहेगी।

इस कार्रवाई में औद्योगिक क्षेत्र थाना प्रभारी निरीक्षक अमित सोलंकी, प्रधान आरक्षक विष्णु दांगी, आरक्षक अजय जाट और हर्षित की सराहनीय भूमिका रही।
क्राउन पार्क के पीछे चल रहा था जुए का फड़, पुलिस ने दबिश देकर 3 जुआरियों को पकड़ा

देवास। जिले में अवैध जुआ-सट्टे के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन “प्रहार” के तहत सिविल लाइन थाना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तीन जुआरियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मौके से 4,500 रुपए नकद और एक ताश की गड्डी जब्त की है।

पुलिस के अनुसार, 6 सितंबर 2026 को मुखबिर से सूचना मिली थी कि क्राउन पार्क कॉलोनी के पीछे कुछ लोग ताश के पत्तों पर रुपयों की हार-जीत का दांव लगाकर जुआ खेल रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने मौके पर दबिश दी।

पुलिस को देखते ही जुआ खेल रहे लोगों में भगदड़ मच गई और उन्होंने भागने का प्रयास किया। हालांकि पुलिस ने घेराबंदी कर तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।

गिरफ्तार आरोपियों की पहचान आजाद पिता अब्दुल सत्तार राणा (52), इकबाल पिता मुंशी राणा (51), दोनों निवासी भगतसिंह मार्ग, देवास, और कमलेश पिता जुगल किशोर जाटव (48), निवासी मुखर्जी नगर, देवास के रूप में हुई है।

पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 4,500 रुपए नकद और एक ताश की गड्डी जब्त की है। आरोपियों के खिलाफ जुआ अधिनियम की विभिन्न धाराओं में प्रकरण दर्ज कर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक पुनीत गेहलोद के निर्देशन, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक गजेन्द्र सिंह वर्धमान एवं नगर पुलिस अधीक्षक सुमित अग्रवाल के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी विजय सिंह लोधी के नेतृत्व में की गई।
SDOP बंडा को हटाया गया
राज्य स्तरीय कराटे में शाजापुर का जलवा, खिलाड़ियों ने जीते 5 स्वर्ण और 3 रजत पदक

बालाघाट में हुई 22वीं राज्य स्तरीय कराटे प्रतियोगिता में शाजापुर के खिलाड़ियों का शानदार प्रदर्शन

शाजापुर। बालाघाट में 2 से 3 सितंबर तक आयोजित 22वीं राज्य स्तरीय कराटे प्रतियोगिता में शाजापुर जिले के खिलाड़ियों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए जिले का नाम पूरे प्रदेश में रोशन किया। उज्जैन संभाग का प्रतिनिधित्व कर रहे शाजापुर के पांच खिलाड़ियों ने कुमिते (फाइट) स्पर्धा में अपने-अपने वर्ग में प्रथम स्थान हासिल कर पांच स्वर्ण पदक अपने नाम किए।

बालिका वर्ग में खुशी धाकड़, रिया धाकड़ और कनिका पटेल ने दमदार खेल का प्रदर्शन करते हुए अपने प्रतिद्वंद्वियों को मात दी और स्वर्ण पदक पर कब्जा जमाया। वहीं बालक वर्ग में यश गुर्जर और शुभम मालवी ने शानदार फाइट करते हुए अपने-अपने वर्ग में प्रथम स्थान प्राप्त किया।

काता में भी चमका शाजापुर

फाइट के साथ-साथ काता स्पर्धा में भी शाजापुर के खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का शानदार प्रदर्शन किया। यश गुर्जर, खुशी धाकड़ और रिया धाकड़ ने बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए द्वितीय स्थान प्राप्त किया और तीन रजत पदक जीते।

इस तरह शाजापुर जिले के खिलाड़ियों ने प्रतियोगिता में कुल 5 स्वर्ण और 3 रजत पदक हासिल कर शानदार उपलब्धि दर्ज की।

खिलाड़ियों की इस सफलता से जिले के खेल जगत में खुशी का माहौल है। खेल प्रेमियों, प्रशिक्षकों और क्षेत्रवासियों ने सभी खिलाड़ियों को बधाई देते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की है। खिलाड़ियों की यह उपलब्धि जिले के अन्य युवा खिलाड़ियों के लिए भी प्रेरणा बनी है।
नर्मदा के सीने से रेत का खेल!
प्रतिबंध के बावजूद घाटों पर धड़ल्ले से उत्खनन के आरोप
 नावों से नदी के बीच से रेत निकालकर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में ढुलाई
देवास रेत मंडी में रेत से भरे हाईवा-डंपरों की कतार ने बढ़ाए सवाल—बारिश में जब खनन पर रोक, तो आखिर यह रेत आ कहां से रही है?
ग्रामीण सड़कों की हालत खराब, हादसों का खतरा बढ़ा; 
खनिज अधिकारी से सवाल हुआ तो जवाब—‘ये रहने दो... गलत बात है’

दिलीप मिश्रा 

देवास/खातेगांव। नर्मदा की अविरल धारा... किनारों पर बसे गांव... और इसी नदी के सीने से लगातार निकाली जा रही रेत। देवास जिले के नर्मदा घाटों पर रेत उत्खनन पर प्रतिबंध के बावजूद कथित अवैध उत्खनन और परिवहन की गतिविधियां जारी होने के आरोप सामने आ रहे हैं।
स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि नावों के जरिए नदी के बीच से रेत निकाली जाती है और फिर घाटों पर खड़ी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में भरकर अलग-अलग इलाकों में पहुंचाई जा रही है।
लेकिन अब इस पूरे मामले में देवास की रेत मंडी और बायपास पर दिखाई देने वाले रेत से लदे भारी वाहनों ने एक नया और बड़ा सवाल खड़ा कर दिया है।

रेत मंडी में सैकड़ों वाहन, बारिश में रेत का स्रोत क्या?

देवास की रेत मंडी और बायपास क्षेत्र में रेत से भरे हाईवा और डंपरों की लंबी कतारें दिखाई देना चर्चा का विषय बना हुआ है। सवाल इसलिए गंभीर है क्योंकि बारिश के मौसम में नर्मदा से सामान्य रेत उत्खनन गतिविधियों पर प्रतिबंध अथवा सीमाएं लागू रहती हैं।
ऐसे में सवाल सीधा है—जब नदी से रेत का खनन नहीं हो रहा, तो इतनी बड़ी मात्रा में रेत आखिर आ कहां से रही है?
क्या यह पूर्व में वैध रूप से भंडारित रेत है?
 यदि हां, तो उसका वैध स्टॉक कितना है?
 क्या मौके पर मौजूद स्टॉक और रिकॉर्ड का मिलान किया गया है?
 क्या रेत से भरे इन वाहनों के पास वैध रॉयल्टी और परिवहन संबंधी दस्तावेज हैं?
यदि सब कुछ नियमानुसार है तो खनिज विभाग के लिए इन सवालों का जवाब देना मुश्किल नहीं होना चाहिए।
और यदि रिकॉर्ड और जमीन पर मौजूद रेत में अंतर है, तो मामला केवल रेत परिवहन का नहीं, बल्कि सरकारी राजस्व और खनिज निगरानी व्यवस्था का भी है।

नाव नदी में, ट्रैक्टर घाट पर... और हाईवा रेत मंडी में!

स्थानीय स्तर पर सामने आ रही तस्वीरें और ग्रामीणों की शिकायतें पूरे रेत परिवहन तंत्र को लेकर सवाल खड़े करती हैं। कथित तौर पर नदी के बीच से नावों द्वारा रेत निकालने से लेकर घाट पर ट्रैक्टर-ट्रॉलियों में भरने और फिर बड़े वाहनों के जरिए आगे परिवहन किए जाने की बात कही जा रही है।
यदि यह पूरा नेटवर्क नियमों के विरुद्ध संचालित हो रहा है, तो सवाल है कि घाट से लेकर रेत मंडी तक निगरानी तंत्र कहां है?
क्या विभाग को घाटों की गतिविधियों की जानकारी नहीं मिलती?
 क्या रेत परिवहन करने वाले वाहनों की नियमित जांच होती है?
 क्या रेत के स्रोत और उसके दस्तावेजों का सत्यापन किया जाता है?

पत्रकारों के सवाल पर खनिज अधिकारी की चुप्पी

बीते दिनों खातेगांव पहुंचीं जिला खनिज अधिकारी रश्मि पांडे से मीडियाकर्मियों ने नर्मदा घाटों पर चल रहे रेत उत्खनन को लेकर सवाल किया। सवाल के बाद कुछ देर की चुप्पी के पश्चात अधिकारी ने कहा—“ये रहने दो... गलत बात है।”
इसके बाद उन्होंने यह भी कहा कि उत्खनन करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाती रहती है।
यहीं से सवाल और गंभीर हो जाता है—अगर कार्रवाई लगातार हो रही है, तो फिर नर्मदा घाटों पर रेत निकालने और उसके परिवहन की गतिविधियां कथित तौर पर लगातार कैसे दिखाई दे रही हैं?
कार्रवाई कितने मामलों में हुई? कितने वाहन जब्त हुए? कितनी रॉयल्टी वसूली गई? और कार्रवाई के बाद उन्हीं क्षेत्रों में गतिविधियां दोबारा क्यों दिखाई देती हैं?
इन सवालों का जवाब अब केवल विभागीय बयान से नहीं, आंकड़ों और जमीन पर कार्रवाई से मिलना चाहिए।

रेत निकली तो सड़कें भी टूटने लगीं

मामला केवल खनिज संपदा तक सीमित नहीं है। भारी ट्रैक्टर-ट्रॉलियों की लगातार आवाजाही ने ग्रामीण संपर्क सड़कों की स्थिति पर भी सवाल खड़े किए हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि भारी वाहनों के कारण सड़कों पर जगह-जगह गड्ढे हो गए हैं। इन्हीं मार्गों से बच्चे स्कूल जाते हैं और ग्रामीण रोजमर्रा के कामों के लिए आवागमन करते हैं।
एक तरफ रेत से कमाई का आरोप और दूसरी तरफ सरकारी खर्च से बनी सड़कों की टूट-फूट—आखिर इस नुकसान की भरपाई कौन करेगा?

बरोठा-हाटपिपलिया की पहाड़ियों पर भी सवाल

रेत के साथ-साथ देवास जिले के बरोठा और हाटपिपलिया क्षेत्र में पहाड़ियों की कथित अवैध खुदाई और मोरम निकालकर परिवहन किए जाने की शिकायतें भी सामने आती रही हैं।
यदि बिना वैध अनुमति पहाड़ियों को काटकर मोरम निकाला जा रहा है, तो यह केवल खनिज नियमों का विषय नहीं बल्कि प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण और पर्यावरणीय क्षति से जुड़ा गंभीर मामला है।
यहां भी वही सवाल है—जिम्मेदार विभाग की निगरानी कहां है?

ग्रामीण बोले—शिकायत करते हैं, लेकिन सुनवाई नहीं

स्थानीय ग्रामीणों का कहना है कि रेत से भरे ट्रैक्टरों की आवाजाही से वे परेशान हैं। कई बार शिकायत करने के बावजूद समस्या का स्थायी समाधान नहीं हुआ।
ग्रामीणों के सामने समस्या दोहरी है। एक ओर खराब होती सड़कें हैं, तो दूसरी ओर भारी वाहनों की लगातार आवाजाही से बच्चों, बुजुर्गों और दोपहिया वाहन चालकों की सुरक्षा को लेकर चिंता बनी हुई है।

सिर्फ वाहन पकड़ना काफी नहीं

अवैध रेत उत्खनन के मामलों में कार्रवाई की जानकारी सामने आती रहती है, लेकिन असली सवाल कार्रवाई के बाद की स्थिति का है।
यदि किसी घाट पर लगातार शिकायतें मिल रही हैं तो केवल कभी-कभार वाहन पकड़ लेना पर्याप्त नहीं है। जरूरत है घाटवार निगरानी, नावों की जांच, वाहनों के दस्तावेजों का सत्यापन, रेत के स्टॉक का भौतिक मिलान और परिवहन की पूरी श्रृंखला की जांच की।
रेत के प्रत्येक स्टॉक का स्रोत स्पष्ट होना चाहिए और प्रत्येक वाहन के परिवहन संबंधी दस्तावेजों की जांच होनी चाहिए।

अब इन सवालों के जवाब कौन देगा?

• बारिश के दौरान रेत मंडी में इतनी बड़ी मात्रा में रेत कहां से आ रही है?
• देवास रेत मंडी में खड़े रेत से भरे वाहनों के पास वैध रॉयल्टी और परिवहन दस्तावेज हैं या नहीं?
• घोषित रेत स्टॉक और मौके पर मौजूद वास्तविक स्टॉक का भौतिक सत्यापन कब हुआ?
• नर्मदा घाटों पर नावों से रेत निकालने की निगरानी कौन करता है?
• अब तक कितने प्रकरण बनाए गए और कितने वाहन जब्त किए गए?
• कार्रवाई के बावजूद कथित अवैध गतिविधियां दोबारा क्यों दिखाई देती हैं?
• भारी वाहनों से क्षतिग्रस्त ग्रामीण सड़कों की जिम्मेदारी किसकी होगी?
• बरोठा और हाटपिपलिया क्षेत्र में पहाड़ियों से मोरम निकालने की शिकायतों पर क्या कार्रवाई हुई?
• क्या खनिज विभाग घाटवार कार्रवाई और जब्ती का सार्वजनिक रिकॉर्ड जारी करेगा?

सबसे बड़ा सवाल

अगर कार्रवाई हो रही है, तो रेत का उत्खनन और परिवहन कथित तौर पर लगातार कैसे जारी है?
देवास रेत मंडी में खड़े सैकड़ों वाहनों की कतार हो या नर्मदा घाटों पर नावों की गतिविधियां—इन सबका जवाब अब दावों से नहीं, दस्तावेजों और धरातल पर दिखाई देने वाली कार्रवाई से मिलना चाहिए।
क्योंकि नर्मदा की रेत केवल कारोबार का माल नहीं है। यह प्राकृतिक संपदा है और इसकी निगरानी सरकार की जिम्मेदारी है।
अब देखना यह है कि खनिज विभाग इन सवालों का जवाब देता है या फिर सवाल पूछने वालों से एक बार फिर यही कहा जाएगा—“ये रहने दो...”
Collector Dewas 
<nis:link nis:type=tag nis:id=mpmining nis:value=MPMining nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=mining nis:value=mining nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=commissionerujjain nis:value=commissionerujjain nis:enabled=true nis:link/> 
<nis:link nis:type=tag nis:id=drmohanyadav nis:value=drmohanyadav nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=cmomadhyapradesh nis:value=cmomadhyapradesh nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=jitupatwari nis:value=jitupatwari nis:enabled=true nis:link/>
रीवा में कल्पना मिश्रा और नवजात की मौत का मामला गरमाया!
 डिप्टी सीएम राजेंद्र शुक्ल के अमहिया स्थित आवास का घेराव करने पहुंचे यूथ कांग्रेस कार्यकर्ता। प्रदर्शन के दौरान कुछ कार्यकर्ता आवास के अंदर तक पहुंच गए, जिसके बाद पुलिस ने मोर्चा संभालते हुए उन्हें बाहर निकाला।
यूथ कांग्रेस ने डिप्टी सीएम के इस्तीफे की मांग उठाई है। वहीं, कल्पना मिश्रा और उनके नवजात की मौत के मामले में परिजनों का आंदोलन भी जारी है।
अब सवाल—इस मामले में सरकार की अगली कार्रवाई क्या होगी?
<nis:link nis:type=tag nis:id=रीवा nis:value=रीवा nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=कल्पनामिश्रा nis:value=कल्पनामिश्रा nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=rajendrashukla nis:value=RajendraShukla nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=youthcongress nis:value=YouthCongress nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=madhyapradesh nis:value=MadhyaPradesh nis:enabled=true nis:link/>
🚨 देवास में खाद्य प्रतिष्ठानों पर प्रशासन का शिकंजा

दूध-पनीर-मिल्क केक और मावे के नमूने लिए, दो प्रतिष्ठान सील

देवास। जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता और मिलावट पर रोक लगाने के लिए प्रशासन ने रविवार को विभिन्न क्षेत्रों में खाद्य प्रतिष्ठानों का निरीक्षण किया। संयुक्त दलों ने बागली और हाटपीपल्या में कार्रवाई करते हुए दूध, पनीर, मिल्क केक और मावे के नमूने लिए। वहीं नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर दो प्रतिष्ठानों को सील कर दिया गया।

कलेक्टर ऋतुराज सिंह के निर्देश पर की गई कार्रवाई में बागली में नायब तहसीलदार रवि शर्मा के नेतृत्व में संयुक्त दल ने राधे कृष्णा दूध डेयरी का निरीक्षण किया। दूध में मिलावट संबंधी शिकायत के आधार पर की गई जांच के दौरान दल ने दूध और पनीर के नमूने लिए। इसके साथ ही प्रतिष्ठान को नियमानुसार सील करने की कार्रवाई की गई।

इधर, हाटपीपल्या में तहसीलदार के नेतृत्व में संयुक्त दल ने खाद्य प्रतिष्ठानों की जांच की। श्री पटेल स्वीट्स एंड डेयरी से मिल्क केक, दूध और पनीर के नमूने लिए गए। वहीं राजस्थान स्वीट्स एंड नमकीन कारखाना, चन्द्रवाल कॉलोनी से मीठे मावे का नमूना लिया गया।

निरीक्षण के दौरान राजस्थान स्वीट्स एंड नमकीन कारखाने के पास वैध खाद्य लाइसेंस नहीं पाया गया, जिसके चलते प्रशासन ने कारखाने को सील कर दिया।

लैब रिपोर्ट के बाद होगी आगे की कार्रवाई

प्रशासन द्वारा लिए गए सभी खाद्य नमूनों को जांच के लिए प्रयोगशाला भेजा जा रहा है। लैब रिपोर्ट में खाद्य सामग्री की गुणवत्ता या मिलावट संबंधी अनियमितता सामने आने पर खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम के तहत नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।

प्रशासन की इस कार्रवाई से साफ है कि जिले में खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता से समझौता करने और बिना वैध लाइसेंस खाद्य कारोबार संचालित करने वालों पर अब सख्ती बढ़ाई जा रही है।
आबकारी आयुक्त दीपक सक्सेना का बयान-
सागर जिले में नकली शराब के सेवन से हुई जनहानि की घटना अत्यंत दुखद है। मामले में आबकारी विभाग के अधिकारियों की प्रथम दृष्टया लापरवाही पाए जाने पर उपायुक्त आबकारी को मुख्यालय अटैच करने तथा तीन अधिकारियों को निलंबित करने के आदेश दिए गए हैं।

संबंधित लाइसेंसी की भूमिका की भी प्राथमिकता से जांच करने और दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कठोर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं। मामले से जुड़े अन्य तथ्यों की पुलिस द्वारा जांच की जा रही है।
सागर शराबकांड के बाद देवास में आबकारी का बड़ा एक्शन
1.47 लाख रुपए से अधिक की अवैध शराब और 1200 किलो महुआ लाहन जब्त, 15 प्रकरण दर्ज

देवास। सागर जिले में अवैध शराब के सेवन से हुई मौतों के बाद मध्यप्रदेश में अवैध मदिरा के खिलाफ कार्रवाई तेज होती नजर आ रही है। इसी क्रम में देवास जिले में आबकारी विभाग ने देवास, कन्नौद और बागली क्षेत्र में अलग-अलग स्थानों पर दबिश देकर 1 लाख 47 हजार 700 रुपए से अधिक कीमत की अवैध शराब और महुआ लाहन जब्त किया है।
कलेक्टर ऋतु राज सिंह के निर्देश पर की गई इस कार्रवाई में आबकारी विभाग ने मध्यप्रदेश आबकारी अधिनियम, 1915 की धारा 34(1)(क) के तहत कुल 15 प्रकरण दर्ज कर विवेचना में लिए हैं।
1200 किलो महुआ लाहन बरामद
कार्रवाई के दौरान टीम ने करीब 1200 किलोग्राम महुआ लाहन, 95 लीटर हाथ भट्टी मदिरा, 70 पाव देशी शराब और 20 पाव विदेशी शराब जब्त की। जब्त सामग्री का अनुमानित बाजार मूल्य करीब 1 लाख 47 हजार 700 रुपए बताया गया है।
आबकारी विभाग के अनुसार जिले में अवैध शराब के निर्माण, संग्रहण और बिक्री के खिलाफ कार्रवाई लगातार जारी रहेगी।

सागर की घटना ने बढ़ाई चिंता

गौरतलब है कि सागर जिले में दूषित/अवैध शराब के सेवन से कई लोगों की मौत की घटना के बाद अवैध शराब के नेटवर्क और शराब निर्माण में इस्तेमाल होने वाले कच्चे माल को लेकर प्रशासन की सक्रियता बढ़ गई है। ऐसे में देवास में बड़ी मात्रा में महुआ लाहन और हाथ भट्टी शराब की जब्ती अवैध शराब के खिलाफ चल रही कार्रवाई की गंभीरता को दर्शाती है।

आबकारी टीम रही शामिल

कार्रवाई में आबकारी उपनिरीक्षक प्रेम यादव, गोकुल प्रसाद मेघवाल, रोहित मुकाती, योगेन्द्र ठाकुर, अरविंद सोलंकी और राजाराम रायकवार सहित आबकारी मुख्य आरक्षक एवं आरक्षकों की टीम शामिल रही।
अब सवाल यह है कि देवास में जब्त किए गए 1200 किलो महुआ लाहन और हाथ भट्टी शराब का नेटवर्क कितना बड़ा है और इसके पीछे कौन लोग सक्रिय हैं? आने वाले दिनों में आबकारी विभाग की जांच से इसकी तस्वीर और साफ हो सकती है।

<nis:link nis:type=tag nis:id=देवास nis:value=देवास nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=अवैधशराब nis:value=अवैधशराब nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=सागरशराबकांड nis:value=सागरशराबकांड nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=मध्यप्रदेश nis:value=मध्यप्रदेश nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=timesmp nis:value=TIMESMP nis:enabled=true nis:link/>
सिद्धार्थ गार्डन के पीछे सजा था जुए का फड़, पुलिस ने मारा छापा; 8 जुआरी गिरफ्तार

देवास | विजयागंज मंडी

देवास जिले में अवैध जुआ-सट्टे के खिलाफ चलाए जा रहे ऑपरेशन “प्रहार” के तहत विजयागंज मंडी पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए एक जुआ फड़ पर दबिश देकर 8 लोगों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मौके से 11 हजार 700 रुपये नकद और ताश की दो गड्डियां जब्त की हैं।

पुलिस के मुताबिक, 4 सितंबर 2026 को मुखबिर से सूचना मिली थी कि विजयागंज मंडी स्थित सिद्धार्थ गार्डन के पीछे कुछ लोग ताश के पत्तों पर रुपये-पैसों की हार-जीत का दांव लगाकर जुआ खेल रहे हैं। सूचना मिलते ही पुलिस टीम ने बताए गए स्थान पर दबिश दी।

पुलिस को देखते ही जुआ खेल रहे लोगों में भगदड़ मच गई और कुछ ने मौके से भागने का प्रयास किया, लेकिन पुलिस टीम ने घेराबंदी कर कुल 8 आरोपियों को पकड़ लिया।

ये 8 आरोपी पकड़े गए

पुलिस ने मनोज राठौर (40), नूर मोहम्मद (39), अजय कुमावत (30), राजेंद्र सोलंकी (22), राहुल राठौर (27), दीपक सोलंकी (31), विष्णु मालवीय (44) और जितेंद्र पटेल (37) को गिरफ्तार किया है। सभी विजयागंज मंडी क्षेत्र के निवासी बताए गए हैं।

नकदी और ताश की गड्डियां जब्त

कार्रवाई के दौरान पुलिस ने जुआ फड़ से ₹11,700 नकद और ताश की 2 गड्डियां बरामद कीं। आरोपियों के खिलाफ जुआ अधिनियम की संबंधित धाराओं में प्रकरण दर्ज कर वैधानिक कार्रवाई की जा रही है।

यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक देवास पुनीत गेहलोद के निर्देशन में, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (यातायात) एच.एन. बाथम और डीएसपी (एल-आर) अभिषेक सिंह गौतम के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी विजयागंज मंडी जितेंद्र यादव के नेतृत्व में की गई।

पुलिस की इस कार्रवाई में थाना प्रभारी जितेंद्र यादव सहित नरेंद्र सिंह भदौरिया, स्वतंत्र सिंह तोमर, प्रधान आरक्षक संतोष नवरंग, आरक्षक विक्की जूनवाल, राहुल चौहान और चालक आरक्षक अनिल सूर्यवंशी की भूमिका रही।

ऑपरेशन “प्रहार” के तहत लगातार हो रही ऐसी कार्रवाइयों से पुलिस ने अवैध जुआ-सट्टे के कारोबार पर शिकंजा कसने का संदेश दिया है।
सागर में दूषित शराब से मौतों की खबर ने मचाया हड़कंप! 🍺⚠️
बताया जा रहा है कि गांवों में दूषित शराब पीने से 9 लोगों की मौत हुई है। घटना के बाद SP, कलेक्टर और आबकारी आयुक्त मौके पर पहुंचे, जबकि शराब की 5 दुकानें सील कर दी गई हैं।

<nis:link nis:type=tag nis:id=sagar nis:value=Sagar nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=madhyapradesh nis:value=MadhyaPradesh nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=liquortragedy nis:value=LiquorTragedy nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=breakingnews nis:value=BreakingNews nis:enabled=true nis:link/> <nis:link nis:type=tag nis:id=timesmp nis:value=TIMESMP nis:enabled=true nis:link/>