राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार 2026 में हिमाचल प्रदेश की पंचायतों ने किया उत्कृष्ट प्रदर्शन ।
भारत सरकार के पंचायती राज मंत्रालय द्वारा आज दिनांक 03.06.2026 को नई दिल्ली स्थित स्कोप कन्वेंशन सेंटर में आयोजित राष्ट्रीय पंचायत पुरस्कार समारोह में हिमाचल प्रदेश की पंचायती राज संस्थाओं ने राज्य का गौरव बढ़ाया।
ग्राम पंचायत शांशा, विकास खंड लाहौल, जिला पंचायत लाहौल एवं स्पीति, हिमाचल प्रदेश ने “सामाजिक रूप से न्यायपूर्ण एवं सामाजिक रूप से सुरक्षित पंचायत” श्रेणी में प्रथम पुरस्कार प्राप्त किया तथा इसे 1.00 करोड़ रुपये की नकद पुरस्कार राशि प्रदान की गई।
दूरस्थ जनजातीय क्षेत्र में सामाजिक सुरक्षा, रोजगार सृजन, स्वास्थ्य सेवाओं की उपलब्धता, महिलाओं की भागीदारी तथा समावेशी सुशासन सुनिश्चित करने के उत्कृष्ट प्रयासों के लिए ग्राम पंचायत को सम्मानित किया गया। पंचायत की प्रमुख उपलब्धियों में मनरेगा के अंतर्गत जॉब कार्ड जारी करना, राष्ट्रीय सामाजिक सहायता कार्यक्रम के लाभार्थियों को आच्छादित करना, आयुष्मान भारत स्वास्थ्य कार्डों का वितरण, एकीकृत बाल विकास सेवा (आईसीडीएस) का प्रभावी क्रियान्वयन तथा सहभागी शासन को बढ़ावा देने हेतु महिला ग्राम सभाओं का आयोजन शामिल है।
इसी प्रकार, ग्राम पंचायत लोहारड़ी, विकास खंड बल्ह, जिला पंचायत मंडी, हिमाचल प्रदेश ने “स्वच्छ एवं हरित पंचायत” श्रेणी में संयुक्त तृतीय पुरस्कार प्राप्त किया तथा 25 लाख रुपये की नकद पुरस्कार राशि हासिल की।
ग्राम पंचायत लोहारड़ी को शत-प्रतिशत घरेलू शौचालय कवरेज एवं ओडीएफ (खुले में शौच से मुक्त) स्थिति बनाए रखने, स्वच्छ ईंधन (एलपीजी) के सार्वभौमिक उपयोग, घर-घर कचरा संग्रहण प्रणाली, कचरे के पृथक्करण, कम्पोस्टिंग एवं जैविक अपशिष्ट प्रबंधन को बढ़ावा देने, सौर ऊर्जा आधारित अवसंरचना विकसित करने तथा समुदाय आधारित पर्यावरण संरक्षण गतिविधियों के सफल संचालन के लिए सराहा गया।
ये पुरस्कार माननीय केंद्रीय पंचायती राज मंत्री श्री राजीव रंजन सिंह उर्फ ललन सिंह द्वारा पंचायती राज मंत्रालय के वरिष्ठ अधिकारियों, विभिन्न राज्यों के प्रतिनिधियों तथा देशभर से आए पंचायती राज संस्थाओं के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में प्रदान किए गए।
उक्त पुरस्कार हिमाचल प्रदेश की ओर से श्री राघव शर्मा, आईएएस, निदेशक ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज, हिमाचल प्रदेश द्वारा ग्राम पंचायत शांशा के प्रधान श्री प्रशांत तथा विभाग के अन्य अधिकारियों के साथ प्राप्त किए गए।
राज्य सरकार एवं पंचायती राज विभाग ने दोनों ग्राम पंचायतों को उनकी उत्कृष्ट उपलब्धियों के लिए हार्दिक बधाई दी तथा कहा कि यह उपलब्धि सतत ग्रामीण विकास, समावेशी सुशासन एवं जमीनी स्तर पर जनसशक्तिकरण के प्रति हिमाचल प्रदेश की निरंतर प्रतिबद्धता का प्रमाण है।