राज कुमार दास ने पत्रकारों को संबोधित करते हुए कहा कि जयनगर को “गेटवे ऑफ बिहार” के रूप में विकसित करना उनकी पहली प्राथमिकता होगी। उन्होंने कहा कि जयनगर की भौगोलिक स्थिति और अंतरराष्ट्रीय सीमा से सटे होने के कारण इसकी रणनीतिक और व्यापारिक महत्ता काफी अधिक है, लेकिन दुर्भाग्यवश आज यह क्षेत्र बुनियादी सुविधाओं के अभाव में पिछड़ता जा रहा है।