पंजाबी समाज के व्यक्ति को रिफ्यूजी और पाकिस्तानी कहकर अपमानित करने के विरोध में भिवानी में निकाला कैंडल मार्च
कब तक सुनेगा रिफ्यूजी और पाकिस्तानी शब्द सुनेगा पंजाबी समाज, सम्मान के लिए बने कड़ा कानून : सुरेश अरोड़ा
सरकार तुरंत रिफ्यूजी रोधी कानून बनाए, अन्यथा प्रदेश स्तर पर होंगे धरना-प्रदर्शन : सुरेश अरोड़ा
भिवानी, 04 जून : देश के विभाजन का दंश झेलकर अपनी कड़ी मेहनत और पुरुषार्थ के बल पर भारत के नवनिर्माण में अमूल्य योगदान देने वाले पंजाबी समाज के आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाने वाली घटनाओं पर अब आगिोश चरम पर पहुंच गया है। बीते दिनो हिसार में पंजाबी समाज के प्रबुद्ध व्यक्ति विपिन खुराना को रिफ्यूजी और पाकिस्तानी कहकर अपमानित करने के मामले ने तूल पकड़ लिया है। इस घृणास्पद कृत्य की चौतरफा निंदा हो रही है और पूरे प्रदेश के पंजाबी नेतृत्व ने एक सुर में सरकार से इस प्रकार की बयानबाजी के खिलाफ सख्त कानूनी प्रावधान करने की मांग की है। इसी कड़ी में पंजाबी समुदाय के लोगों ने स्थानीय मदनलाल ढ़ींगड़ा चौक से कैंडल मार्च निकाला।
इस मौके पर अरोड़ा विकास मंच के नेशनल विस्तारक सुरेश अरोड़ा ने कहा कि पंजाबी समाज ने देश की प्रगति, व्यापार, शिक्षा और खेल जगत में हमेशा अग्रणी भूमिका निभाई है। आजादी के समय सब कुछ गंवाकर भी इस समाज ने कभी किसी के आगे हाथ नहीं फैलाया, बल्कि अपनी मेहनत से खुद को स्थापित किया। इसके बावजूद, कुछ संकीर्ण मानसिकता के लोग समाज को रिफ्यूजी या पाकिस्तानी कहकर उनके राष्टद्यवाद और सम्मान पर चोट करते हैं, जिसे अब किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं किया जाएंगे।
सुरेश अरोड़ा ने स्पष्ट किया कि अरोड़ा विकास मंच इस लड़ाई में पंजाबी समाज के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ा है। उन्होंने सरकार को चेतावनी भरे लहजे में कहा कि यदि पंजाबी समाज को अपमानित करने वालों के खिलाफ तुरंत सख्त कानून नहीं बनाया गया, तो पूरे प्रदेश के सभी जिलों में एक साथ बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वे यह मांग पहले भी कई बार उठा चुके है तथा जनप्रतिनिधियों के माध्यम से सरकार के नाम ज्ञापन भी सौंपे जा चुके है, लेकिन आज तक कोई सकारात्मक कदम सरकार की तरफ से नहीं उठाया गया।
अरोड़ा ने कहा कि हिसार में किसी कुंठित मानसिकता के व्यक्ति ने विपिन खुराना को सरेआम रिफ्यूजी और पाकिस्तानी कहा, जिसकी हम कड़े शब्दों में निंदा करते हैं। अब पानी सिर के ऊपर से गुजर चुका है। पूरे प्रदेश का पंजाबी समाज अब दलगत राजनीति और पार्टीबाज़ी से ऊपर उठकर एकजुट हो चुका है। सरकार तुरंत रिफ्यूजी रोधी कानून बनाए, अन्यथा हम प्रदेश स्तर पर सामूहिक धरना देने को मजबूर होंगे। उन्होंने कहा कि आगामी चुनावों में पंजाबी समाज केवल उसी राजनेता और पार्टी का समर्थन करेगा जो इस संघर्ष में उनके साथ खड़ा होगा और विधानसभा में उनके अधिकारों व सम्मान की आवाज उठाएगा।