बघेली चस्का: का तुहूँ कबहूँ खाए अहो?
एक बात बताईं...
शहडोल इस्टेशन के ई आलू बनडा कउनो समोसा-कचोरी से कम न्हाय आन्हाय। रेल यात्रा मा जे एका एक बार खाय लेथे, उ एकर सुवाद कबहूँ नाहीं भूल पावत।
बाकी, तुहंसे एक बात पूँछब रहा... का तुहूँ कबहूँ रेल से जाइत तान शहडोल इस्टेशन मा उतरिके ई गरमा-गरम आलू बनडा के चस्का लिह्यो है? अउर जदि लिह्यो है, तौ तुहंका अब एकर सुवाद कइसन लाग थे?#trendingreels #explore #instalike #viral
Huzur Nagar, Rewa | Jun 30, 2026