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पांडेय पट्टी के रास्ते इटाढ़ी रोड में जा रहा ट्रक पलटा, बाल-बाल बची स्कूल बस .. - स्थानीय लोगों ने प्रशासनिक व्यवस्था पर उठाएं सवाल - कहा - वन वे ट्रैफिक प्लान नहीं लागू करने पर बड़ी दुर्घटना की आशंका बक्सर टॉप न्यूज़, बक्सर : इटाढ़ी रेलवे क्रॉसिंग बंद होने के बाद अब बक्सर से इटाढ़ी रोड में जाने के लिए इस्तेमाल हो रही पांडेय पट्टी से होकर जाने वाली सड़क अब जानलेवा होती जा रही है. इस सड़क से प्रतिदिन स्कूली वाहनों के साथ-साथ बड़े-बड़े ट्रक और सवारी बसों का परिचालन हो रहा है. लेकिन रोड की चौड़ाई कम होने की वजह से इस सड़क पर दुर्घटनाएं होनी भी शुरु हो गई हैं. बुधवार की सुबह तकरीबन 7 बजे ऐसी ही एक दुर्घटना में एक गिट्टी लदा ट्रक सड़क किनारे पलट गया. इस दुर्घटना में ट्रक चालक और खलासी दोनों की जान तो बच गई लेकिन वह घायल हो गए. स्थानीय प्रत्यक्ष सदस्यों के मुताबिक यह हादसा दूसरी तरफ से आ रही है ट्रैक्टर और स्कूल बस को बचाने के क्रम में हुआ अगर स्कूल बस किनारे होती तो वह भी पलट सकती थी जिससे कि एक बड़ा हादसा सामने आता. कांग्रेस जिलाध्यक्ष पंकज उपाध्याय का कहना हैं कि इस दुर्घटना से यह बात तो साफ हो गई कि प्रशासन की नजर में लोगों की जान की कोई परवाह नहीं है. क्योंकि प्रशासन के द्वारा ना तो सुरक्षा कर्मियों की वहां मौजूदगी है और ना ही नो एंट्री के बाद भी भारी वाहनों की आवागमन पर रोक लगाई जा रही है. ऐसे में यात्री बस अथवा स्कूली बस के साथ कोई दुर्घटना हो तो उसका जिम्मेदार कौन होगा? कम चौड़ाई वाली सड़क पर एक साथ दो बड़े वाहनों का आवागमन खतरनाक स्थानीय निवासी संतोष ओझा बताते हैं कि यह दुर्घटना कहीं न कहीं प्रशासनिक उदासीनता का परिणाम है, क्योंकि बेहद कम चौड़ाई वाली सड़क पर एक ही तरफ से आवागमन संभव है. दोनों ओर से वाहन आने पर उनका निकलना जोखिम भरा हो जाता है. जबकि प्रशासन यदि चाहे तो पांडेय पट्टी की तरफ से आने वाले वाहनों को इटाढ़ी रोड में भेजने के लिए अस्कामिनी माई मंदिर मोड़ से जाने वाली सड़क का इस्तेमाल भले करे लेकिन आने के लिए हुकहा के सामने से चक्रहंसी पुल होकर आने वाली सड़क का इस्तेमाल कर दुर्घटना का खतरा कम कर सकता है. ठीक इसी प्रकार पांडेय पट्टी रेलवे क्रॉसिंग से होकर आने वाले बड़े वाहनों को वापसी में नया बाजार रेलवे क्रॉसिंग से होकर मठिया मोड़ पर निकाला जाए तो रेलवे क्रॉसिंग पर जाम की समस्या नहीं होगी. एफसीआई के ट्रकों तथा अतिक्रमण को भी नियंत्रित करने की जरूरत पांडेय पट्टी निवासी धीरेन्द्र मिश्र बताते हैं कि एफसीआई गोदाम में आने वाले ट्रकों की वजह से भी सड़क जाम की समस्या सामने आ रही है. ऐसे में इन ट्रकों को बाजार समिति के प्रांगण में पार्क कराया जा सकता है जहां से एक-एक उन्हें छोड़ा जाता. इसके साथ ही पांडेय पट्टी रेलवे क्रॉसिंग के पास लगने वाले ठेले-खोमचों को हटा कर भी जाम खत्म किया जा सकता है जिससे स्थानीय निवासियों को भी राहत होगी. एसडीपीओ ने कहा - विभिन्न बिंदुओं पर मंथन जारी इस मामले में एसडीपीओ गौरव पांडेय में बताया कि वन वे से लेकर तमाम बिंदुओं पर चर्चा के लिए एक बैठक बुलाई गई थी लेकिन कोई समाधान नहीं निकला. हुंकहा से बसों को लाने में परेशानी यह है कि चक्रहंसी पुलिया संकरी तथा ऊंची है. ऐसे में वहां बड़े वाहनों को मोड़ने और पुलिया पर चढ़ाने में दिक्कत हो सकती है. इसके अतिरिक्त पुलिया की भार वहन क्षमता पर भी संदेह है. दूसरी तरफ नया बाजार रेलवे क्रॉसिंग से होकर मठिया मोड़ तक जाने वाली सड़क की चौड़ाई भी बेहद कम है. ऐसे में दूसरी तरफ से एक ई - रिक्शा भी आ जाए तो दूसरे बड़े वाहन का निकलना मुश्किल हो जाएगा.

Buxar, Buxar | Jul 1, 2026

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बक्सर में बिजली संकट पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, अधिकारियों से मांगा जवाब

लगातार पावर कट पर एसडीएम सख्त, तकनीकी खामियां दूर करने के दिए निर्देश

मेंटेनेंस से पहले उपभोक्ताओं को मोबाइल पर सूचना और भविष्य की जरूरत के अनुरूप मजबूत बिजली नेटवर्क बनाने पर जोर

बक्सर. शहर और ग्रामीण इलाकों में लगातार हो रही बिजली कटौती और पावर संकट को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है. मंगलवार को अनुमंडल कार्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में एसडीएम ने बिजली विभाग के अधिकारियों से बार-बार बाधित हो रही विद्युत आपूर्ति पर जवाब मांगा. बैठक में स्पष्ट निर्देश दिया गया कि तकनीकी कमियों को जल्द दूर किया जाए, भविष्य की बढ़ती बिजली मांग को ध्यान में रखते हुए मजबूत विद्युत नेटवर्क तैयार किया जाए तथा शटडाउन से पहले उपभोक्ताओं को मोबाइल के माध्यम से सूचना देना अनिवार्य किया जाए.

30 जून 2026 को अनुमंडल कार्यालय में आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता अनुमंडल पदाधिकारी ने की. बैठक में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, नगर एवं ग्रामीण विद्युत विभाग के सहायक कार्यपालक अभियंता, कनीय अभियंता समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे. एसडीएम ने कहा कि नगर और ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिदिन घंटों तक बिजली गुल रहने की शिकायतें लगातार मिल रही हैं, जिससे आम लोगों के साथ-साथ व्यवसाय, शिक्षा और दैनिक जीवन भी प्रभावित हो रहा है. उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि आखिर ऐसी स्थिति बार-बार क्यों उत्पन्न हो रही है.

जवाब में विद्युत विभाग के अभियंताओं ने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में इंडक्शन चूल्हों, एयर कंडीशनर, कूलर और पंखों का उपयोग काफी बढ़ गया है. भीषण गर्मी के कारण बिजली की मांग अचानक बढ़ने से ट्रांसमिशन लाइनों पर अत्यधिक लोड पड़ रहा है. कई स्थानों पर तार गर्म होकर जल जा रहे हैं, जिसके कारण बिजली आपूर्ति बाधित होती है और मरम्मत में समय लग जाता है.

इस पर एसडीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि केवल वर्तमान जरूरत को नहीं, बल्कि अगले 10 से 20 वर्षों में बढ़ने वाली आबादी और बिजली की संभावित मांग को ध्यान में रखकर योजना तैयार की जाए. जहां भी नए तार बिछाए जाएं, वहां उनकी मोटाई और करंट वहन क्षमता भविष्य के बढ़ते लोड के अनुरूप निर्धारित की जाए, ताकि बार-बार तकनीकी खराबियों की समस्या उत्पन्न न हो.

बैठक में अभियंताओं ने यह भी बताया कि समय-समय पर बिजली लाइनों और उपकरणों के रखरखाव के लिए शटडाउन लेना आवश्यक होता है. इस पर एसडीएम ने निर्देश दिया कि रूटीन मेंटेनेंस की पहले से योजना बनाई जाए और शटडाउन का समय निर्धारित कर उपभोक्ताओं को मोबाइल संदेश के माध्यम से इसकी पूर्व सूचना दी जाए. इससे लोग अपने जरूरी कार्य पहले ही पूरा कर सकेंगे और विभाग को भी मेंटेनेंस कार्य के दौरान जनसहयोग प्राप्त होगा.

एसडीएम ने कहा कि बिजली आपूर्ति जैसी आवश्यक सेवा को निर्बाध बनाए रखने के लिए लाइनमैन और अन्य कर्मचारी दिन-रात कठिन परिस्थितियों में काम करते हैं. ऐसे कर्मियों के कार्यों का सम्मान करते हुए उन्हें प्रोत्साहन राशि या अन्य इंसेंटिव देने पर भी विभाग को विचार करना चाहिए. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बिजली व्यवस्था में सुधार के लिए सभी आवश्यक कदम प्राथमिकता के आधार पर उठाए जाएं, ताकि उपभोक्ताओं को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सके.

बक्सर में बिजली संकट पर प्रशासन का बड़ा एक्शन, अधिकारियों से मांगा जवाब लगातार पावर कट पर एसडीएम सख्त, तकनीकी खामियां दूर करने के दिए निर्देश मेंटेनेंस से पहले उपभोक्ताओं को मोबाइल पर सूचना और भविष्य की जरूरत के अनुरूप मजबूत बिजली नेटवर्क बनाने पर जोर बक्सर. शहर और ग्रामीण इलाकों में लगातार हो रही बिजली कटौती और पावर संकट को लेकर प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है. मंगलवार को अनुमंडल कार्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में एसडीएम ने बिजली विभाग के अधिकारियों से बार-बार बाधित हो रही विद्युत आपूर्ति पर जवाब मांगा. बैठक में स्पष्ट निर्देश दिया गया कि तकनीकी कमियों को जल्द दूर किया जाए, भविष्य की बढ़ती बिजली मांग को ध्यान में रखते हुए मजबूत विद्युत नेटवर्क तैयार किया जाए तथा शटडाउन से पहले उपभोक्ताओं को मोबाइल के माध्यम से सूचना देना अनिवार्य किया जाए. 30 जून 2026 को अनुमंडल कार्यालय में आयोजित इस बैठक की अध्यक्षता अनुमंडल पदाधिकारी ने की. बैठक में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, नगर एवं ग्रामीण विद्युत विभाग के सहायक कार्यपालक अभियंता, कनीय अभियंता समेत अन्य अधिकारी मौजूद रहे. एसडीएम ने कहा कि नगर और ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिदिन घंटों तक बिजली गुल रहने की शिकायतें लगातार मिल रही हैं, जिससे आम लोगों के साथ-साथ व्यवसाय, शिक्षा और दैनिक जीवन भी प्रभावित हो रहा है. उन्होंने अधिकारियों से पूछा कि आखिर ऐसी स्थिति बार-बार क्यों उत्पन्न हो रही है. जवाब में विद्युत विभाग के अभियंताओं ने बताया कि पिछले कुछ वर्षों में इंडक्शन चूल्हों, एयर कंडीशनर, कूलर और पंखों का उपयोग काफी बढ़ गया है. भीषण गर्मी के कारण बिजली की मांग अचानक बढ़ने से ट्रांसमिशन लाइनों पर अत्यधिक लोड पड़ रहा है. कई स्थानों पर तार गर्म होकर जल जा रहे हैं, जिसके कारण बिजली आपूर्ति बाधित होती है और मरम्मत में समय लग जाता है. इस पर एसडीएम ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि केवल वर्तमान जरूरत को नहीं, बल्कि अगले 10 से 20 वर्षों में बढ़ने वाली आबादी और बिजली की संभावित मांग को ध्यान में रखकर योजना तैयार की जाए. जहां भी नए तार बिछाए जाएं, वहां उनकी मोटाई और करंट वहन क्षमता भविष्य के बढ़ते लोड के अनुरूप निर्धारित की जाए, ताकि बार-बार तकनीकी खराबियों की समस्या उत्पन्न न हो. बैठक में अभियंताओं ने यह भी बताया कि समय-समय पर बिजली लाइनों और उपकरणों के रखरखाव के लिए शटडाउन लेना आवश्यक होता है. इस पर एसडीएम ने निर्देश दिया कि रूटीन मेंटेनेंस की पहले से योजना बनाई जाए और शटडाउन का समय निर्धारित कर उपभोक्ताओं को मोबाइल संदेश के माध्यम से इसकी पूर्व सूचना दी जाए. इससे लोग अपने जरूरी कार्य पहले ही पूरा कर सकेंगे और विभाग को भी मेंटेनेंस कार्य के दौरान जनसहयोग प्राप्त होगा. एसडीएम ने कहा कि बिजली आपूर्ति जैसी आवश्यक सेवा को निर्बाध बनाए रखने के लिए लाइनमैन और अन्य कर्मचारी दिन-रात कठिन परिस्थितियों में काम करते हैं. ऐसे कर्मियों के कार्यों का सम्मान करते हुए उन्हें प्रोत्साहन राशि या अन्य इंसेंटिव देने पर भी विभाग को विचार करना चाहिए. उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया कि बिजली व्यवस्था में सुधार के लिए सभी आवश्यक कदम प्राथमिकता के आधार पर उठाए जाएं, ताकि उपभोक्ताओं को निर्बाध और गुणवत्तापूर्ण विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सके.

Buxar, Buxar | Jun 30, 2026

4 साल के बेटे की मां की रहस्यमयी मौत! आखिर उस रात हुआ क्या?

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Buxar, Buxar | Jun 30, 2026

अयोध्या से बक्सर धाम तक आ रही 'रघुभूमि से तपोभूमि तक' यात्रा, बुधवार को होगा भव्य स्वागत

गोलंबर स्थित हनुमान मंदिर में सुबह 9 बजे श्रद्धालुओं और समिति सदस्यों द्वारा होगा अभिनंदन.

सांस्कृतिक, धार्मिक और पर्यावरण संरक्षण का संदेश लेकर पहुंच रही है जन-जागरण यात्रा.

बक्सर. लोक दायित्व द्वारा आयोजित सांस्कृतिक, धार्मिक एवं पर्यावरणीय जन-जागरण यात्रा "रघुभूमि से तपोभूमि तक" बुधवार को बक्सर धाम पहुंचेगी. श्री अयोध्या धाम से शुरू हुई यह यात्रा भगवान श्रीराम की तपोभूमि बक्सर तक पहुंचकर धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और पर्यावरण संरक्षण का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेगी. यात्रा के स्वागत को लेकर श्रद्धालुओं और आयोजकों में उत्साह का माहौल है.

गोलंबर स्थित हनुमान मंदिर में होगा पारंपरिक स्वागत

यात्रा के बक्सर पहुंचने पर सुबह 9 बजे गोलंबर स्थित श्री हनुमान मंदिर में हनुमान मंदिर समिति के सदस्यों एवं श्रद्धालुओं द्वारा भव्य, श्रद्धापूर्ण और पारंपरिक स्वागत किया जाएगा. इस दौरान बड़ी संख्या में धर्मप्रेमी नागरिकों की मौजूदगी रहने की संभावना है.

श्रीराम की तपोभूमि का करेंगे दर्शन-पूजन

स्वागत समारोह के बाद यात्रा में शामिल श्रद्धालु एवं अतिथि उस पावन स्थल पर पहुंचेंगे, जहां भगवान श्रीराम के चरण पड़े थे. वहां दर्शन-पूजन एवं वंदन कर बक्सर की गौरवशाली सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपरा का अनुभव करेंगे. आयोजन का उद्देश्य लोगों को अपनी धार्मिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण के प्रति जागरूक करना भी है.

जन-जन तक पहुंचेगा पर्यावरण संरक्षण का संदेश

आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं एवं धर्मप्रेमी नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होकर इस ऐतिहासिक यात्रा का स्वागत करने की अपील की है. उन्होंने कहा कि यात्रा केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक चेतना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज को जागरूक करने का भी एक महत्वपूर्ण अभियान है. इस जन-जागरण यात्रा के माध्यम से प्रकृति संरक्षण और सांस्कृतिक धरोहरों के संवर्धन का संदेश व्यापक स्तर पर प्रसारित किया जाएगा.

अयोध्या से बक्सर धाम तक आ रही 'रघुभूमि से तपोभूमि तक' यात्रा, बुधवार को होगा भव्य स्वागत गोलंबर स्थित हनुमान मंदिर में सुबह 9 बजे श्रद्धालुओं और समिति सदस्यों द्वारा होगा अभिनंदन. सांस्कृतिक, धार्मिक और पर्यावरण संरक्षण का संदेश लेकर पहुंच रही है जन-जागरण यात्रा. बक्सर. लोक दायित्व द्वारा आयोजित सांस्कृतिक, धार्मिक एवं पर्यावरणीय जन-जागरण यात्रा "रघुभूमि से तपोभूमि तक" बुधवार को बक्सर धाम पहुंचेगी. श्री अयोध्या धाम से शुरू हुई यह यात्रा भगवान श्रीराम की तपोभूमि बक्सर तक पहुंचकर धार्मिक आस्था, सांस्कृतिक विरासत और पर्यावरण संरक्षण का संदेश जन-जन तक पहुंचाने का कार्य करेगी. यात्रा के स्वागत को लेकर श्रद्धालुओं और आयोजकों में उत्साह का माहौल है. गोलंबर स्थित हनुमान मंदिर में होगा पारंपरिक स्वागत यात्रा के बक्सर पहुंचने पर सुबह 9 बजे गोलंबर स्थित श्री हनुमान मंदिर में हनुमान मंदिर समिति के सदस्यों एवं श्रद्धालुओं द्वारा भव्य, श्रद्धापूर्ण और पारंपरिक स्वागत किया जाएगा. इस दौरान बड़ी संख्या में धर्मप्रेमी नागरिकों की मौजूदगी रहने की संभावना है. श्रीराम की तपोभूमि का करेंगे दर्शन-पूजन स्वागत समारोह के बाद यात्रा में शामिल श्रद्धालु एवं अतिथि उस पावन स्थल पर पहुंचेंगे, जहां भगवान श्रीराम के चरण पड़े थे. वहां दर्शन-पूजन एवं वंदन कर बक्सर की गौरवशाली सांस्कृतिक और आध्यात्मिक परंपरा का अनुभव करेंगे. आयोजन का उद्देश्य लोगों को अपनी धार्मिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ सांस्कृतिक मूल्यों के संरक्षण के प्रति जागरूक करना भी है. जन-जन तक पहुंचेगा पर्यावरण संरक्षण का संदेश आयोजकों ने सभी श्रद्धालुओं एवं धर्मप्रेमी नागरिकों से अधिक से अधिक संख्या में कार्यक्रम में शामिल होकर इस ऐतिहासिक यात्रा का स्वागत करने की अपील की है. उन्होंने कहा कि यात्रा केवल धार्मिक आस्था का प्रतीक नहीं, बल्कि सांस्कृतिक चेतना और पर्यावरण संरक्षण के प्रति समाज को जागरूक करने का भी एक महत्वपूर्ण अभियान है. इस जन-जागरण यात्रा के माध्यम से प्रकृति संरक्षण और सांस्कृतिक धरोहरों के संवर्धन का संदेश व्यापक स्तर पर प्रसारित किया जाएगा.

Buxar, Buxar | Jun 30, 2026

जनसंवाद में उमड़ी फरियादियों की भीड़, जमीन से बिजली तक की समस्याएं लेकर पहुंचे लोग

बक्सर के जासो रोड स्थित कमल सेवा केंद्र में आयोजित 36वें जनसंवाद कार्यक्रम में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे. जमीन विवाद, बिजली, सड़क, आधार कार्ड, नगर परिषद और सरकारी योजनाओं से जुड़ी शिकायतें प्रमुख रूप से सामने आईं. सदर विधायक आनंद मिश्र ने सभी मामलों को सुनकर जल्द समाधान का भरोसा दिया. कार्यक्रम में 836 से अधिक शिकायतें दर्ज की गईं.

आपकी राय में जनप्रतिनिधियों का इस तरह सीधे जनता से संवाद कितना प्रभावी है? अपनी प्रतिक्रिया कमेंट में जरूर बताएं.

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जनसंवाद में उमड़ी फरियादियों की भीड़, जमीन से बिजली तक की समस्याएं लेकर पहुंचे लोग बक्सर के जासो रोड स्थित कमल सेवा केंद्र में आयोजित 36वें जनसंवाद कार्यक्रम में जिले के विभिन्न क्षेत्रों से बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे. जमीन विवाद, बिजली, सड़क, आधार कार्ड, नगर परिषद और सरकारी योजनाओं से जुड़ी शिकायतें प्रमुख रूप से सामने आईं. सदर विधायक आनंद मिश्र ने सभी मामलों को सुनकर जल्द समाधान का भरोसा दिया. कार्यक्रम में 836 से अधिक शिकायतें दर्ज की गईं. आपकी राय में जनप्रतिनिधियों का इस तरह सीधे जनता से संवाद कितना प्रभावी है? अपनी प्रतिक्रिया कमेंट में जरूर बताएं. #Buxar #BuxarNews #Bihar #BiharNews #JanSamvad #AnandMishra #PublicHearing #GroundReport #BreakingNews #LocalNews #BuxarTopNews

Buxar, Buxar | Jun 30, 2026