वर्षों पूर्व पंचवटी मंदिर के परम् पूज्य संत श्री श्री कामता दास जी ने पलवल शहर को मांस मुक्त करने का बीड़ा उठाया था। नगर परिषद में प्रस्ताव पारित कर मांसाहार मुक्त शहर बना दिया था। विक्रेताओं को मांस की दुकानें शहरी आबादी क्षेत्र से निकालकर अलग मार्कीट बनाकर दे दी गई थी। लेकिन मीट-मांस के कारोबारी कोई-न कोई किंतु परन्तु करके अपने पुराने ठिकानों पर तो जमे ही रहे, दूसरी और भी सैंकड़ों अवैध दुकानें खुल गई। मांस की दुकानों से दुःखी और पीड़ित लोग पिछले दो वर्षों पलवल की सबसे टॉप पावर मंत्री जी के पास चक्कर लगा रहे हैं। कोर्ट के आदेश है। लेकिन ढाक के वही तीन पात। लोगों का कहना है मंत्री से भी बड़ी कोई पॉवर है जहां से मांस विक्रेताओं को संरक्षण मिल रहा है। अगर उन्हें संरक्षण नहीं मिलता तो डेढ़ सौ से अधिक स्थानों पर अवैध रूप से चलाई जा रही दुकानों में मांस नहीं बिकता।
Palwal, Palwal | Aug 16, 2026