बिना खरपतवार नाशक डाले 90% खरपतवार कम हो गया, TCBT ऊर्जा विज्ञान का परिणाम है ये
मखाना की खेती
@आरंग, छत्तीसगढ़
जहां रासायनिक खेती हुई वहां पिछले वर्ष 2बार खरपतवार नाशक डाला गया,फिर भी खरपतवार ज्यादा हो गया मजदूरों ने वहां से 80रुपए प्रति किलो बीज निकालने की मजदूरी ली
और अभी वहां पूरा खेत खरपतवार से ढक गया है
वही
जहां TCBT जैविक खेती हुई वहां पर अपने आप खरपतवार 90% तक कम हो गया,उपज ज्यादा हुई,30 रुपए प्रति किलो बीज की मजदूरी कम लगी,उपज भी ज्यादा आईं, और अभी खरपतवार भी बहुत कम है
पिछले वर्ष 2 एकड़ में किए थे TCBT का ट्रायल
खरपतवार कम होने कारण बीज निकालने का खर्च भी कम आया
रासायनिक की अपेक्षा उपज भी दुगनी हुई
मखाना की स्वाद और चमक में भी अंतर आया
इस वर्ष पूरे 100एकड़ में करेंगे, TCBT से जैविक खेती