आज एक इश्तिहार पढ़ने में आया। जिसमें स्कूल से लेकर कॉलेज - यूनिवर्सिटियों के तमाम पढ़ाई-कोर्स और डिग्रियां 100 % घर बैठे देने/दिलाने का दावा किया गया है। समझें तो एक हाथ रुपए दो और दूसरे हाथ सर्टिफिकेट लो। दावे के अनुसार पढ़ाई की जरूरत नहीं। ले-देकर घर बैठे सब कुछ कराने का दावा। कितना सही । कहीं ठगी तो नहीं।