आज दिनांक 23 जून 2026 को महानिदेशक, राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन (NMCG) की अध्यक्षता में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सोन नदी के संवेदनशील भागों में बालू खनन गतिविधियों के विनियमन के संबंध में बैठक आयोजित की गई।
बैठक में औरंगाबाद जिले से जिला पदाधिकारी, औरंगाबाद द्वारा वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से भाग लिया। बैठक के दौरान जिले में बालू खनन की वर्तमान स्थिति एवं निगरानी व्यवस्था की विस्तृत जानकारी साझा की गई।
बैठक के दौरान जिले में बालू खनन की वर्तमान स्थिति, निगरानी व्यवस्था एवं नियंत्रणात्मक उपायों की विस्तृत जानकारी साझा की गई।
बैठक में इस बात पर विशेष बल दिया गया कि बालू खनन कार्य स्वीकृत खनन योजना के अनुरूप ही संचालित किया जाए तथा District Survey Report (DSR) के आधार पर ही खनन क्षेत्रों का चयन एवं पट्टा आवंटन सुनिश्चित किया जाए। साथ ही Annual Replenishment Study के आधार पर खनन योग्य रेत की मात्रा निर्धारित करने, निर्धारित खनन गहराई एवं पट्टा सीमा का कड़ाई से पालन करने तथा पुल, तटबंध, जलापूर्ति संरचनाओं एवं पर्यावरणीय दृष्टि से संवेदनशील क्षेत्रों के निकट खनन गतिविधियों को प्रतिबंधित रखने के निर्देश दिए गए।
जिला पदाधिकारी द्वारा अवगत कराया गया कि औरंगाबाद जिलान्तर्गत सोन नदी में बालू खनन कार्य Enforcement & Monitoring Guidelines for Sand Mining (EMGSM)-2020, Environment (Protection) Act, 1986 तथा बिहार बालू खनन नीति, 2019 के सुसंगत प्रावधानों के अनुरूप संचालित किया जा रहा है। उन्होंने बताया कि EMGSM-2020 का मूल उद्देश्य वैज्ञानिक, पारदर्शी एवं पर्यावरण-अनुकूल रेत खनन सुनिश्चित करना तथा तकनीक आधारित निगरानी और सख्त प्रवर्तन व्यवस्था के माध्यम से अवैध खनन गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करना है।
जिला पदाधिकारी द्वारा यह भी बताया गया कि अवैध खनन गतिविधियों पर प्रभावी नियंत्रण हेतु जिला प्रशासन द्वारा नियमित रूप से निगरानी, निरीक्षण एवं छापेमारी की कार्रवाई की जाती है। साथ ही किसी भी प्रकार की अनियमितता पाए जाने पर बिहार खनिज (समानुदान, अवैध खनन, परिवहन एवं भण्डारण निवारण) (संशोधित) नियमावली, 2026 के प्रावधानों के तहत नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाती है।
बैठक में बालू खनन गतिविधियों के प्रभावी विनियमन, पर्यावरणीय मानकों के अनुपालन तथा अवैध खनन पर नियंत्रण के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। मुख्यालय स्तर से प्राप्त निर्देशों के आलोक में जिला पदाधिकारी द्वारा संबंधित पदाधिकारियों को सतत निगरानी, प्रभावी प्रवर्तन एवं आवश्यक कार्रवाई निरंतर जारी रखने का निर्देश दिया गया।
#mining #GoodGovernance #aurangabad #bihar #DistrictAdministration