देवग्राम सोनखेड़ी में अखिल विश्व गायत्री परिवार द्वारा आयोजित प्रज्ञा पुराण कथा के दूसरे कथावाचक रामलाल पटेल ने आत्म निर्माण का महत्व बताते हुए कहा कि “अपना सुधार ही संसार की सबसे बड़ी सेवा है। सोमवार की शाम 7 बजे उन्होंने कहा कि परिवार, समाज और राष्ट्र निर्माण से पहले व्यक्ति को स्वयं का निर्माण करना आवश्यक है। जब व्यक्ति स्वयं सुधरता है, तभी समाज और देश