विद्यार्थियों को पढ़ाया स्वास्थ्य, सुरक्षा और स्वच्छता का पाठ
सनातन धर्म पब्लिक स्कूल में नगर निगम द्वारा किशोरावस्था की समस्याओं व समाधान पर सेमिनार आयोजित
यमुनानगर। नगर निगम और रोटरी क्लब ऑफ क्लासिक के संयुक्त तत्वावधान में सनातन धर्म पब्लिक स्कूल में किशोरावस्था की समस्याओं, स्वास्थ्य एवं स्वच्छता विषय पर जागरूकता सेमिनार आयोजित किया गया। नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद के निर्देशों पर आयोजित इस कार्यक्रम में कांबोज अस्पताल की डॉ. मीनू कांबोज ने विद्यार्थियों को किशोरावस्था में होने वाले शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक बदलावों के बारे में विस्तार से जानकारी दी।
डॉ. मीनू कांबोज ने विद्यार्थियों को अच्छे और बुरे स्पर्श की पहचान, मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता, हार्मोनल बदलाव, महिला सुरक्षा, व्यक्तिगत स्वच्छता, खाद्य सुरक्षा तथा सोशल मीडिया के सुरक्षित एवं जिम्मेदार उपयोग के प्रति जागरूक किया। उन्होंने विद्यार्थियों को अपनी समस्याओं पर खुलकर बात करने, सही जानकारी प्राप्त करने और अपने स्वास्थ्य व सुरक्षा का विशेष ध्यान रखने के लिए प्रेरित किया।
सेमिनार में स्वच्छता के महत्व पर भी विशेष जोर दिया गया। विद्यार्थियों को नियमित स्नान करने, साबुन से हाथ धोने, नाखून साफ रखने, स्वच्छ कपड़े पहनने और शौचालय का सही उपयोग करने की सलाह दी गई। साथ ही, मासिक धर्म के दौरान स्वच्छता बनाए रखने और इस्तेमाल किए गए सैनिटरी पैड का सुरक्षित तरीके से निपटान करने की जानकारी दी गई।
नगर निगम के स्वच्छ भारत मिशन एक्सपर्ट दुर्गेश कुमार ने विद्यार्थियों को कचरा इधर-उधर न फेंकने, कूड़ेदान का उपयोग करने तथा विद्यालय और आसपास के वातावरण को स्वच्छ रखने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने स्वच्छ विद्यालय और स्वच्छ समाज के निर्माण में विद्यार्थियों की भागीदारी को महत्वपूर्ण बताया।
कार्यक्रम में रोटरी क्लब ऑफ क्लासिक के अध्यक्ष रोटेरियन हरमिंदर सेठी, निदेशक रोटेरियन मीनू ओबेरॉय, सीए रोटेरियन कमल भाटिया और निदेशक रोटेरियन गगन सेठी विशेष रूप से उपस्थित रहे। उन्होंने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया तथा उन्हें उपहार और प्रमाण पत्र प्रदान किए।
प्रधानाचार्या सुनीता शर्मा के मार्गदर्शन में आयोजित इस कार्यक्रम में समन्वयक भावना, गतिविधि प्रभारी अंजू शर्मा और विद्यालय का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा। सेमिनार का उद्देश्य विद्यार्थियों को किशोरावस्था से जुड़ी समस्याओं, स्वास्थ्य, व्यक्तिगत सुरक्षा और स्वच्छता के प्रति जागरूक कर उन्हें स्वस्थ जीवनशैली अपनाने तथा जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए प्रेरित करना था।