गौशाला में गोवंश की मौत से व्यवस्था पर सवाल, इलाज और चारे की व्यवस्था पर ग्रामीणों ने उठाए सवाल
रायबरेली। बहादुरपुर ब्लॉक क्षेत्र की तेंदुआ ग्राम सभा में संचालित गौशाला में गोवंशों की देखभाल को लेकर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि गौशाला में पर्याप्त चारा, पशु आहार और इलाज की व्यवस्था नहीं होने के कारण आए दिन गोवंश बीमार होकर दम तोड़ रहे हैं।
रविवार, 6 सितंबर 2026 को गौशाला के अंदर एक गोवंश मृत अवस्था में पड़ा दिखाई दिया। इसका वीडियो और फोटो भी सामने आया है। ग्रामीणों के मुताबिक गौशाला में बीमार गोवंशों के इलाज के लिए पशु चिकित्सक के नियमित रूप से नहीं पहुंचने की शिकायतें भी सामने आती रही हैं।
ग्रामीणों का आरोप है कि गोवंशों के लिए आने वाले चारे और पशु आहार की व्यवस्था में भी अनियमितता बरती जा रही है। वहीं, ग्राम प्रधान और पंचायत सचिव की भूमिका पर भी ग्रामीणों ने सवाल उठाते हुए पूरे मामले की जांच की मांग की है।
बताया जा रहा है कि गोवंश की मौत के बाद उसे गौशाला परिसर में ही मिट्टी में दफना दिया जाता है। ग्रामीणों का कहना है कि शव को दफनाने के दौरान आसपास मौजूद आवारा कुत्ते उसे नोचने लगते हैं।
ग्रामीणों ने जिलाधिकारी और संबंधित विभाग के अधिकारियों से गौशाला की व्यवस्थाओं की जांच कराकर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।अगर चाहें तो मैं इसी खबर का एंकर + वीओ + बाइट वाला टीवी न्यूज़ पैकेज भी बना सकता हूँ।