हसनपुर: सैदनगली व उझारी में गुलाम हबीब पेंटर वारसी की कव्वालियों ने बांधा समा
सैदनगली व उझारी हजरत शेख दाऊद रहमतुल्लाह अलैहे के उर्स के अवसर पर गुरुवार रात दरगाह परिसर में आयोजित महफिल-ए-कव्वाली में मशहूर कव्वाल गुलाम हबीब पेंटर वारसी ने अपने सूफियाना अंदाज़ से समा बांध दिया। जैसे ही उन्होंने वो शेरे खुदा है, अली अली का कलाम पढ़ा, महफ़िल 'या अली' की सदाओं से गूंज उठी और हर दिल में रूहानी लहर दौड़ गई।