किशनगंज जिला अन्तर्गत आज दिनांक 13-07-2026 को टीबी केवल एक संक्रामक बीमारी नहीं, बल्कि कुपोषण, आर्थिक कठिनाइयों और सामाजिक असमानताओं से जुड़ी एक गंभीर सामाजिक एवं स्वास्थ्य चुनौती भी है। यही कारण है कि केंद्र एवं राज्य सरकार द्वारा संचालित टीबी मुक्त भारत अभियान में अब केवल दवा ही नहीं, बल्कि पौष्टिक आहार, सामाजिक सहयोग और जनभागीदारी को भी उपचार का अभिन्न हिस्सा बनाया गया है। विशेषज्ञों का मानना है कि नियमित दवा के साथ संतुलित एवं पौष्टिक भोजन मिलने से टीबी मरीजों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है, उपचार की सफलता दर में सुधार होता है तथा मरीजों के शीघ्र स्वस्थ होने की संभावना भी बढ़ जाती है।इसी उद्देश्य को आगे बढ़ाते हुए सोमवार को जिले के तेरापंथ भवन में जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में 200 टीबी मरीजों के बीच फूड बास्केट का वितरण किया गया। कार्यक्रम में जिला पदाधिकारी नवीन कुमार ने स्वयं मरीजों को फूड बास्केट प्रदान करते हुए नियमित दवा लेने, पौष्टिक भोजन करने तथा चिकित्सकीय सलाह का पूरी तरह पालन करने की अपील की। यह कार्यक्रम रेड क्रॉस सोसाइटी के सहयोग तथा निक्षय मित्र के रूप में मेसर्स एग्रो फूड लिमिटेड, रीगल रिसोर्सेज लिमिटेड एवं अनमोल इंडस्ट्रीज लिमिटेड के सहयोग से आयोजित किया गया। फूड बास्केट में दाल, सोयाबीन, खाद्य तेल तथा अन्य आवश्यक पोषण सामग्री शामिल थी।