सघन जागरूकता अभियान वर्ष 2026 के अंतर्गत सिविल हॉस्पिटल जौरा के सभाकक्ष में कम्युनिटी हेल्थ ऑफिसर्स (CHO) के लिए एचआईवी/एड्स उन्मुखीकरण एवं जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य एचआईवी संक्रमण की रोकथाम, समय पर जांच एवं परामर्श के प्रति समुदाय में जागरूकता बढ़ाना तथा स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को आवश्यक जानकारी एवं व्यवहारिक प्रशिक्षण प्रदान करना रहा।
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित सभी सीएचओ को ‘सेल्फ रिस्क असेसमेंट’ (स्वयं के जोखिम का आकलन) की प्रक्रिया की जानकारी दी गई। सीएचओ ने अपने मोबाइल फोन से क्यूआर कोड स्कैन कर स्वयं जोखिम आकलन की प्रक्रिया को समझा एवं उसका अभ्यास किया।
कार्यक्रम के अनुसार अब सभी सीएचओ अपने-अपने आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में क्यूआर कोड प्रदर्शित करेंगे। इससे उपचार एवं स्वास्थ्य सेवाओं के लिए आने वाले नागरिक क्यूआर कोड स्कैन कर स्वयं अपने एचआईवी जोखिम का प्रारंभिक आकलन कर सकेंगे। आवश्यकता पाए जाने पर उन्हें समय पर एचआईवी जांच, परामर्श एवं आवश्यक स्वास्थ्य सेवाओं से जोड़ा जा सकेगा।
इस अवसर पर संदीप संगन ने कहा कि एचआईवी/एड्स की रोकथाम के लिए लोगों से सहज एवं खुलकर संवाद करना आवश्यक है। स्वास्थ्यकर्मियों को मरीजों की शंकाओं एवं संभावित जोखिम संबंधी जानकारी को संवेदनशीलता के साथ समझते हुए उन्हें सही जानकारी और उचित मार्गदर्शन उपलब्ध कराना चाहिए। उन्होंने कहा कि एचआईवी संक्रमण के जोखिम को गंभीरता से लेते हुए सुरक्षित व्यवहार अपनाना तथा आवश्यकता होने पर समय पर एचआईवी जांच कराना अत्यंत महत्वपूर्ण है।
उन्होंने बताया कि एचआईवी/एड्स से संबंधित किसी भी प्रकार की शंका या जानकारी के लिए नागरिक राष्ट्रीय टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1097 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा सिविल हॉस्पिटल जौरा स्थित आईसीटीसी केंद्र पर पहुंचकर भी एचआईवी से संबंधित जांच, परामर्श एवं आवश्यक जानकारी प्राप्त की जा सकती है।
कार्यक्रम के माध्यम से सीएचओ को समुदाय के बीच एचआईवी/एड्स के प्रति जागरूकता बढ़ाने, जोखिम वाले व्यक्तियों को समय पर जांच एवं परामर्श से जोड़ने तथा संक्रमण की रोकथाम के लिए प्रभावी स्वास्थ्य सेवाएं सुनिश्चित करने की दिशा में सक्रिय भूमिका निभाने के लिए प्रेरित किया गया।
46 views | Morena, Madhya Pradesh | Sep 22, 2026