*भीलवाड़ा सांसद दामोदर अग्रवाल देश के सर्वश्रेष्ठ सांसदों में शामिल*
-फेम इंडिया–एशिया पोस्ट सर्वे में लोकसभा के टॉप 25 में मिली जगह
भीलवाड़ा :राजकुमार गोयल
भीलवाड़ा जिले के लिए गर्व की बात है कि भीलवाड़ा सांसद दामोदर अग्रवाल को देश के सर्वश्रेष्ठ सांसदों में शामिल किया गया है। प्रतिष्ठित फेम इंडिया मैगज़ीन ने एशिया पोस्ट सर्वे के सहयोग से किए गए बहुस्तरीय सर्वेक्षण के आधार पर यह सूची जारी की है, जिसमें देश के 25 लोकसभा और 5 राज्यसभा सांसदों को स्थान दिया गया है।
*भीलवाड़ा में खुशी की लहर*
दामोदर अग्रवाल के इस चयन पर भीलवाड़ा में खुशी का माहौल है। स्थानीय लोगों और समर्थकों ने इसे जिले के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि बताते हुए उनके सक्रिय जनप्रतिनिधित्व की सराहना की है।
*प्रभावशाली संसदीय प्रदर्शन*
18वीं लोकसभा के पहले वर्ष में दामोदर अग्रवाल का प्रदर्शन बेहद प्रभावशाली रहा—
उपस्थिति: 99%
पूछे गए प्रश्न: 223
बहसों में भागीदारी: 26
निजी विधेयक: 3
उनकी सक्रियता राष्ट्रीय औसत से काफी अधिक रही, जो उनकी गंभीर संसदीय प्रतिबद्धता को दर्शाती है।
विकास के मुद्दों पर लगातार सक्रिय
दामोदर अग्रवाल ने संसद में भीलवाड़ा के विकास से जुड़े कई अहम मुद्दे उठाए—
टेक्सटाइल उद्योग
पीएम मित्र योजना के तहत टेक्सटाइल पार्क की मांग, रोजगार और निवेश बढ़ाने पर जोर, रेल और सड़क संपर्क, भीलवाड़ा–मुंबई रेल सेवा, अजमेर–कोटा रेल लाइन, नाथद्वारा–जयपुर नई रेल लाइन, शहर में रेलवे ओवरब्रिज, भीलवाड़ा–शाहपुरा–देवली फोरलेन, स्वास्थ्य और आधारभूत सुविधाएं, CGHS वेलनेस सेंटर की मांग, हमीरगढ़ हवाई पट्टी का विकास, चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार
सांस्कृतिक विरासत
नंदासा स्तूप को राष्ट्रीय स्मारक घोषित करने की मांग
पर्यटन विकास पर जोर
पर्यावरण और सुरक्षा
अवैध खनन और विस्फोट पर चिंता
जैविक कृषि और पर्यावरण संरक्षण के मुद्दे उठाए
जनसंपर्क और क्षेत्रीय जुड़ाव
सांसद बनने के बाद भी उन्होंने ग्रामीण और शहरी क्षेत्रों का नियमित दौरा जारी रखा। उद्योग, व्यापार, किसान और सामाजिक संगठनों से संवाद कर उनकी समस्याओं को संसद और संबंधित मंत्रालयों तक पहुंचाया।
सांसद निधि से विकास कार्य
सांसद निधि के माध्यम से उन्होंने—
स्कूलों में अतिरिक्त कक्ष, सामुदायिक भवन, पेयजल सुविधाएं, सड़क और लाइट व्यवस्था, स्वास्थ्य सुविधाओं का उन्नयन, जैसे कई कार्यों को प्राथमिकता दी।
शांत लेकिन प्रभावी कार्यशैली
दामोदर अग्रवाल की कार्यशैली तथ्यपरक, शांत और समाधान-केंद्रित मानी जाती है। वे राजनीतिक टकराव की बजाय विकास, अवसंरचना और जनसुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर अधिक ध्यान केंद्रित करते हैं।
*कई स्तरों पर हुआ मूल्यांकन*
फेम इंडिया के अनुसार सर्वेक्षण कई चरणों में पूरा किया गया। इसमें सांसदों का मूल्यांकन निम्न बिंदुओं पर किया गया—
संसदीय उपस्थिति और सक्रियता
सदन की बहसों में भागीदारी, पूछे गए प्रश्न और निजी विधेयक, सांसद निधि का उपयोग, जनसंपर्क और क्षेत्रीय विकास कार्य, नेतृत्व क्षमता और सार्वजनिक छवि
इसके साथ ही नागरिकों, शिक्षाविदों, वरिष्ठ पत्रकारों और विशेषज्ञों की राय को भी शामिल किया गया, जिससे सर्वेक्षण अधिक निष्पक्ष और व्यापक बन सके।
पहली बार राज्यसभा सांसद भी शामिल
इस वर्ष की खास बात यह रही कि पहली बार राज्यसभा सांसदों को भी सर्वे में शामिल किया गया। अलग-अलग कार्यकाल के बावजूद विशेषज्ञ विश्लेषण के आधार पर निष्पक्ष चयन किया गया।
राजनीतिक पदों से अलग रखा गया सर्वे
सर्वे में मंत्रिपरिषद के सदस्यों और लोकसभा-राज्यसभा के नेता प्रतिपक्ष को शामिल नहीं किया गया, ताकि सांसदों के स्वतंत्र प्रदर्शन का निष्पक्ष मूल्यांकन हो सके।
लोकतंत्र को मजबूत करने की पहल
फेम इंडिया का मानना है कि उत्कृष्ट कार्य करने वाले जनप्रतिनिधियों को पहचान देना लोकतंत्र को मजबूत करता है। इससे जनप्रतिनिधियों के बीच स्वस्थ प्रतिस्पर्धा बढ़ती है और जनता का विश्वास सुदृढ़ होता है।
टॉप सांसदों की सूची में शामिल प्रमुख नाम
सूची में अनुराग ठाकुर, अरुण गोविल, एन. के. प्रेमचंद्रन, चंद्रशेखर आजाद, जगदंबिका पाल, दामोदर अग्रवाल, दीपेंद्र सिंह हुड्डा, तेजस्वी सूर्या, नवीन जिंदल, निशिकांत दुबे, पी.पी. चौधरी, मनीष तिवारी, मनोज तिवारी, पप्पू यादव, राहुल कसवां, शशि थरूर, सुप्रिया सुले सहित कुल 25 सांसद शामिल हैं।