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कुमहारका की बहन बोबी की मौत का जिम्मेवार कौन आखिरी क्यों समय पर नहीं मिली 108 एंबुलेंस मेडिकल कालेज प्रशासन क्यों नहीं कर पा रहा कोई कार्रवाई पूछती है जनता, मेडिकल कालेज में कब रूकेगा मासूम जिंदगियों के साथ खिलवाड़
Chamba, Chamba
| Sep 21, 2026
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Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
Tour program Keval Singh Pathania
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
🚌 चंबा–सलूणी–लंगेरा रूट पर दौड़ी नई इलेक्ट्रिक बस में भारी भीड़, ओवरलोडिंग पर उठे सवाल 👊 चंबा। चंबा–सलूणी–लंगेरा रूट पर नई इलेक्ट्रिक बस के संचालन से क्षेत्र के लोगों में खुशी है, लेकिन बस के अंदर यात्रियों की भारी भीड़ की तस्वीरों ने सुरक्षा व्यवस्था को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। तस्वीरों में बस के अंदर बड़ी संख्या में यात्री खड़े दिखाई दे रहे हैं, जिसके बाद यात्रियों की क्षमता और ओवरलोडिंग को लेकर चर्चा शुरू हो गई है। स्थानीय लोगों का कहना है कि नई बस सेवा क्षेत्र के लिए निश्चित रूप से सुविधा की सौगात है, लेकिन सुरक्षा के साथ कोई समझौता नहीं होना चाहिए। यदि बस में निर्धारित क्षमता से अधिक यात्री सवार हैं तो परिवहन विभाग को इसकी जांच करनी चाहिए और आवश्यकता के अनुसार अतिरिक्त बसों की व्यवस्था करनी चाहिए। लोगों का सवाल है कि यदि किसी निजी बस में इसी तरह क्षमता से अधिक यात्री पाए जाएं तो नियमानुसार कार्रवाई की जाती है, तो सरकारी बसों में भी यात्री सुरक्षा के समान मानक लागू होने चाहिए। हालांकि, केवल तस्वीरों के आधार पर यह निश्चित नहीं कहा जा सकता कि बस कानूनी रूप से निर्धारित क्षमता से अधिक भरी थी; इसके लिए बस की स्वीकृत यात्री क्षमता और मौके की आधिकारिक जांच जरूरी है। बड़ा सवाल: हादसा हुआ तो जिम्मेदारी किसकी? नई इलेक्ट्रिक बस मिलने की खुशी के बीच अब सबसे अहम सवाल यात्रियों की सुरक्षा का है। क्या रूट पर यात्रियों की संख्या के मुताबिक अतिरिक्त बसें चलाई जाएंगी? क्या ओवरलोडिंग की जांच होगी? और यदि किसी अप्रिय घटना में यात्रियों की सुरक्षा प्रभावित होती है तो जिम्मेदारी किसकी होगी? Pahadi News | Suneel Pahadi #Chamba #Salooni #Langera #HRTC #ElectricBus #HimachalNews #PahadiNews #SuneelPahadi
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
चंबा:सरोल में कबाड़ में बदली दर्जनों एंबुलेंस आखिर इसका जिम्मेदार कोन। Ajay Himachal News Neeraj Nayar Jai Singh
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
बोबी की मौत पर उठे सवाल: आखिर समय पर क्यों नहीं मिली एंबुलेंस? कुम्हारका की 36 वर्षीय बोबी देवी ने टांडा रेफर होने के बाद बाथरी के पास तोड़ा दम | परिजनों ने 108 एंबुलेंस में देरी के लगाए गंभीर आरोप चंबा 21 सितम्बर कुम्हारका पंचायत की 36 वर्षीय बोबी देवी की मौत ने चंबा की स्वास्थ्य और आपातकालीन एंबुलेंस व्यवस्था पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। घास काटते समय ढांक से गिरकर घायल हुई बोबी देवी को परिजन उपचार के लिए पंडित जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल चंबा लेकर पहुंचे। प्राथमिक उपचार के बाद उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें टांडा रेफर किया गया। लेकिन परिजनों का आरोप है कि रेफर किए जाने के बाद उन्हें काफी देर तक 108 एंबुलेंस उपलब्ध नहीं हो पाई। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक परिजनों का कहना है कि वे सुबह करीब 7 बजे अस्पताल पहुंच गए थे और लगभग पौने 10 बजे एंबुलेंस मिली। टांडा ले जाते समय बाथरी के पास बोबी देवी ने दम तोड़ दिया। अब सबसे बड़ा सवाल यही है—क्या गंभीर मरीज के लिए एंबुलेंस की उपलब्धता में हुई देरी ने इलाज की पूरी प्रक्रिया को प्रभावित किया? हालांकि, इस सवाल का अंतिम जवाब जांच के बाद ही सामने आएगा। 108 सेवा के जिला समन्वयक सुनील धर के अनुसार मेडिकल कॉलेज से सुबह 8:24 बजे एंबुलेंस की मांग प्राप्त हुई और बालू से एंबुलेंस को रवाना किया गया। उनका कहना है कि मरीज की गंभीर स्थिति को देखते हुए व्यवस्था की गई थी। मेडिकल कॉलेज के एमएस डॉ. प्रदीप सिंह ने भी 108 प्रबंधन से घटना को लेकर स्पष्टीकरण मांगे जाने और पूरे घटनाक्रम की जांच की बात कही है। लेकिन जनता के सवाल इससे खत्म नहीं होते। मेडिकल कॉलेज से करीब 4 किलोमीटर दूर क्यों खड़ी है एंबुलेंस व्यवस्था? यदि मेडिकल कॉलेज चंबा में गंभीर मरीज को रेफर करने के लिए एंबुलेंस की आवश्यकता है, तो एंबुलेंस की तैनाती ऐसी जगह क्यों हो कि उसे अस्पताल तक पहुंचने में अतिरिक्त समय लगे? बालू में एंबुलेंस की पार्किंग व्यवस्था क्या आपातकालीन जरूरतों के अनुरूप है? और अगर अस्पताल परिसर अथवा आसपास उपलब्ध एंबुलेंस पर्याप्त नहीं हैं, तो इसकी जिम्मेदारी किसकी है? सरोल में खड़ी एंबुलेंसों का क्या होगा? चंबा में पहले भी एंबुलेंस व्यवस्था को लेकर सवाल उठते रहे हैं। जनवरी 2026 की एक रिपोर्ट में मेडिकल कॉलेज की तीन एंबुलेंस में से केवल एक के सेवा में होने और दूसरी के खराब तथा तीसरी के पासिंग में अटके होने की बात सामने आई थी। ऐसे में जनता जानना चाहती है कि जो एंबुलेंस लंबे समय से उपयोग में नहीं हैं, उनकी मरम्मत, संचालन अथवा नीलामी को लेकर क्या कार्रवाई हुई? मेडिकल कॉलेज प्रशासन से जनता के सीधे सवाल क्या बोबी देवी को समय पर एंबुलेंस उपलब्ध हुई थी? एंबुलेंस की मांग किस समय दर्ज हुई और मौके से एंबुलेंस किस समय रवाना हुई? एंबुलेंस की वास्तविक लोकेशन और रिस्पॉन्स टाइम का रिकॉर्ड क्या कहता है? अगर देरी हुई तो जिम्मेदारी किसकी तय होगी? क्या मेडिकल कॉलेज प्रशासन ने मामले की स्वतंत्र और समयबद्ध जांच शुरू कर दी है? और क्या जांच रिपोर्ट सार्वजनिक की जाएगी? चंबा मेडिकल कॉलेज में इससे पहले भी एंबुलेंस और स्वास्थ्य सेवाओं को लेकर सवाल उठते रहे हैं। ऐसे में बोबी देवी की मौत को केवल एक अलग घटना मानकर छोड़ देना जनता के सवालों का समाधान नहीं होगा। सवाल किसी व्यक्ति को दोषी ठहराने का नहीं, जवाबदेही तय करने का है। अगर व्यवस्था में कमी थी तो जिम्मेदारी तय होनी चाहिए। अगर एंबुलेंस समय पर रवाना हुई थी, तो उसका पूरा रिकॉर्ड जनता के सामने आना चाहिए। और अगर देरी के आरोप सही नहीं हैं, तो तथ्य भी सार्वजनिक होने चाहिए। क्योंकि एक परिवार ने अपना सदस्य खोया है—और अब पूरे चंबा की जनता जवाब चाहती है। पूछता है चंबा—आपातकाल में एंबुलेंस का इंतजार आखिर कब तक? मेडिकल कॉलेज में मरीजों की जिंदगी से जुड़े सवालों पर जवाबदेही कब तय होगी? PANGI LIVE NEWS — सवाल व्यवस्था से, जवाब जनता के लिए।
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
फतेहपुर 2027: भाजपा में चेहरे की तलाश, कांग्रेस के सामने सीट बचाने की चुनौती फतेहपुर में 2027 के विधानसभा चुनाव को अभी वक्त है, लेकिन सियासी हलचल अभी से तेज हो गई है। कांग्रेस की ओर से मौजूदा विधायक भवानी सिंह पठानिया प्रमुख चेहरा हैं, जबकि भाजपा में धैर्य सुशांत का नाम चर्चा में है। पूर्व सांसद डॉ. राजन सुशांत अपने बेटे के लिए भाजपा टिकट की मांग रख चुके हैं। वहीं राकेश पठानिया 2022 में भाजपा के उम्मीदवार रह चुके हैं। ऐसे में 2027 में भाजपा किस चेहरे पर भरोसा जताती है, यह अहम सवाल रहेगा। दूसरी तरफ कांग्रेस के सामने मौजूदा विधायक की पकड़ और संगठन को मजबूत बनाए रखने की चुनौती होगी। फतेहपुर में शाहनहर और सिंचाई, सड़क, पानी, स्वास्थ्य, रोजगार और ग्रामीण विकास जैसे मुद्दे चुनावी चर्चा का केंद्र बन सकते हैं। 2022 के नतीजे एक संदर्भ जरूर हैं, लेकिन 2027 की तस्वीर नए राजनीतिक समीकरणों और स्थानीय मुद्दों से तय होगी। फिलहाल चेहरे चर्चा में हैं, मुद्दे सामने हैं और फतेहपुर की सियासत में 2027 की तैयारी शुरू हो चुकी है। #फतेहपुर2027 #फतेहपुर #हिमाचलप्रदेश #हिमाचलराजनीति #विधानसभाचुनाव #भवानीसिंहपठानिया #धैर्यसुशांत #राजनसुशांत #राकेशपठानिया #फतेहपुरचुनाव #HimachalPolitics #Fatehpur #HimachalNews #Election2027 #chambaexpress
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
युवा कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष उदयभानू चिब ने धर्मशाला में छात्रों की गूंज के माध्यम से छात्रों से किया संवाद Indian National Congress #BJPGovernment #youth #chandermanikulethi
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026
भाजपा करती है युवा शक्ति के भविष्य से खिलवाड़ *पेपर लीक की जननी है भाजपा धर्मशाला में युवाओं के कार्यक्रम में यूथ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष ने क्या रखी बात सुने #Dharamshala #YouthCongress #UdayBhanuChib #HimachalPradesh #PaperLeak #YouthIssues #StudentsVoice #Congress #chambaexpress
Chamba, Chamba | Sep 21, 2026