9.90 लाख रुपये की ऑनलाइन बैंकिंग धोखाधड़ी के मामले में एक अभियुक्त गिरफ्तार।
दैनिक वीरधरा राजस्थान।
चित्तौड़गढ़। पुलिस थाना कपासन ने साइबर अपराध के विरुद्ध कार्रवाई करते हुए 80 वर्षीय वरिष्ठ नागरिक के बैंक खाते से सिम कार्ड एवं ऑनलाइन बैंकिंग के माध्यम से 9 लाख 90 हजार 832 रुपये की धोखाधड़ी करने के मामले में एक आरोपी को जिला सीकर से गिरफ्तार किया है।
जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र सिंह ने बताया कि महानिरीक्षक पुलिस रेंज उदयपुर गौरव श्रीवास्तव के द्वारा साईबर अपराधों के खिलाफ चलाये जा रहे विशेष अभियान के अन्तर्गत एएसपी मुकुल शर्मा, डीएसपी कपासन हरीश भारती के निर्देशन में थानाधिकारी कपासन सुनील शर्मा मय टीम के द्वारा निम्नानुसार कार्यवाही की गई।
घटना का विवरण:
दिनांक 25 जून 2026 को सरकारी सेवा से रिटायर्ड 80 साल के वृद्ध सीनियर सिटिजन प्रार्थी रामचन्द्र पिता भगवान लाल शर्मा निवासी ताराखेडी ने एक रिपोर्ट पुलिस थाना कपासन पर इस आशय की पेश कि उनका बैंक खाता एसबीआई बैंक ब्रांच कपासन में है। उनके खाते से एक मोबाईल नम्बर लिंक था उक्त रामचन्द्र प्रार्थी ने स्वयं का खाता चैक किया तो उसमें से 990832 रूपये कम मिले जिसके सम्बध में बैंक से पता करने पर पता लगा कि उक्त बैंक खाते में नये एटीएम कार्ड जारी हो गये और एटीएम एवं ऑन लाईन बैंकिग का इस्तेमाल करते हुए उक्त राशि निकाली गई व अन्य खातों में स्थानान्तरित की गई। उक्त रिपोर्ट में प्रार्थी ने एसबीआई बैंक के मेनेजर एवं पोस्ट मेन की भूमिका भी संदिग्ध होना बताया व प्रार्थी रामचन्द्र के आवेदन के बिना ही एटीएम कार्ड व ऑन लाईन बैंकिग बैंक द्वारा चालू करना व एटीएम को प्रार्थी को देने के बजाय अज्ञात व्यक्ति को डिलीवर किया जाना बताया। उक्त रिपोर्ट के थाना कपासन पर प्राप्त होने पर प्रकरण दर्ज किया जाकर अनुसंधान थानाधिकारी सुनील शर्मा द्वारा किया जा रहा हैं।
उक्त प्रकरण में थानाधिकारी सुनील शर्मा के द्वारा त्वरित एक्शन लेते हुए तत्काल एएसआई उदयलाल, कानि.देवीलाल, राजेश कुमार, नीरज थाना कपासन की विशेष टीम प्रकरण के खुलासे के
लिये गठित की गई। टीम के द्वारा आरोपीगण को तत्काल चिन्हित कर लिया गया। प्रकरणा में अनुसंधान करते हुए सिम धारक रितेश सैनी पिता राजेन्द्र प्रशाद सैनी निवासी गोवर्धनपुरा पुलिस थाना सदर खाटूश्यामजी जिला सीकर को जिला सीकर से तलाश किया जाकर बाद अनुसंधान दिनांक 7 जुलाई 2026 को गिरफ्तार किया गया। उक्त मुलजिम से अनुसंधान किया जा रहा है। अभी तक के अनुसंधान में इस मामले में पैसे की ठगी करने वाली गैंग में और अधिक व्यक्तियों के शामिल होने के संकेत मिले हैं। निकट भविष्य में घटना में शामिल समस्त अभियुक्तगण को गिरफ्तार किया जाकर घटना का पूर्ण खुलासा किया जायेगा। प्रकरण में बैंक मैनेजर व पोस्टमैन की भूमिका की जांच की जा रही है।