आगरा के फतेहाबाद क्षेत्र में जलभराव के कारण बदहाल व्यवस्थाओं की तस्वीर सामने आई है। प्रसव पीड़ा से कराहती महिला को परिजन करीब आधा किलोमीटर तक चारपाई पर लेकर जाने को मजबूर हुए, क्योंकि जलभराव के चलते एंबुलेंस गांव तक नहीं पहुंच सकी।
एक सप्ताह के भीतर यह दूसरी घटना बताई जा रही है, जब ग्रामीणों को चारपाई का सहारा लेना पड़ा। इससे पहले 21 अगस्त को भी एक शव को जलभराव के कारण चारपाई पर गांव तक ले जाने की बात सामने आई थी।
घटना ने ग्रामीण क्षेत्रों में सड़क, जलनिकासी और आपातकालीन सेवाओं की व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। ग्रामीणों का सवाल है कि बीमार और प्रसव पीड़ित लोगों को आपात स्थिति में चारपाई का सहारा कब तक लेना पड़ेगा?
आगरा के फतेहाबाद में फिर बेनकाब हुई व्यवस्था!
जलभराव के चलते एंबुलेंस गांव तक नहीं पहुंच सकी तो प्रसव पीड़ा से कराहती महिला को परिजनों ने करीब आधा किलोमीटर तक चारपाई पर ले जाकर सड़क तक पहुंचाया।
एक सप्ताह में दूसरी बार ग्रामीणों को ऐसी परेशानी झेलनी पड़ी। 21 अगस्त को भी जलभराव के कारण शव को चारपाई पर गांव तक ले जाने की तस्वीर सामने आई थी।
सवाल बड़ा है—आखिर आपात स्थिति में ग्रामीणों के लिए चारपाई ही सहारा क्यों?
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