PLVs को बाल संरक्षण, बंधुआ मजदूरी एवं मानव तस्करी की रोकथाम पर दिया गया प्रशिक्षण
सीतामढ़ी जिला विधिक सेवा प्राधिकरण (DLSA), सीतामढ़ी एवं ADITHI, बिहार के संयुक्त तत्वावधान में बुधवार को DLSA सभागार, सीतामढ़ी में पैरा लीगल वालंटियर्स (PLVs) के लिए बाल संरक्षण, बंधुआ मजदूरी एवं मानव तस्करी विषय पर एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन एवं अतिथियों के स्वागत के साथ हुआ। इस अवसर पर उपस्थित प्रधान जिला एवं सत्र न्यायधीश ने कहा कि बच्चों की सुरक्षा, शिक्षा एवं अधिकारों की रक्षा समाज के प्रत्येक वर्ग की जिम्मेदारी है। बाल श्रम, बाल विवाह एवं मानव तस्करी जैसी समस्याओं के उन्मूलन के लिए सामूहिक प्रयास एवं जन-जागरूकता आवश्यक है।
अदिथी के स्टेट लीड प्रोग्राम एवं नेटवर्किंग श्री रोहित सिंह ने संस्था एवं प्रशिक्षण के उद्देश्यों की जानकारी देते हुए बंधुआ मजदूरी, बाल श्रम तथा उनके पुनर्वास तंत्र पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि समुदाय स्तर पर जागरूकता एवं समय पर हस्तक्षेप से बच्चों को शोषण एवं तस्करी से बचाया जा सकता है।
प्रशिक्षण के दौरान सुश्री मानसी समादार ने मानव तस्करी की पहचान, बचाव, रेफरल एवं पुनर्वास प्रक्रिया पर जानकारी दी। वहीं मनीष कुमार ने बाल मित्र पंचायत एवं बाल संरक्षण से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर प्रतिभागियों को प्रशिक्षित किया। रोहित सिंह ने बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 के प्रावधानों एवं इसकी रोकथाम में पीएलवी की भूमिका पर भी प्रकाश डाला।
कार्यक्रम में उपस्थित पीएलवी ने प्रशिक्षण से प्राप्त जानकारियों को समुदाय स्तर तक पहुंचाने तथा बाल अधिकारों की रक्षा के लिए सक्रिय भूमिका निभाने का संकल्प लिया। अंत में प्रतिभागियों द्वारा अपने अनुभव साझा किए गए तथा धन्यवाद ज्ञापन के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ।