बैठक में जिला सीईओ ने कहा कि मनरेगा अंतर्गत स्वीकृत सभी कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर, अर्थात 15 मार्च तक समय सीमा के भीतर पूर्ण किया जाए। उन्होंने लंबित कार्यों में तेजी लाने, मजदूरों को समय पर रोजगार उपलब्ध कराने तथा कार्यों की गुणवत्ता से किसी प्रकार का समझौता न करने के निर्देश दिए।