सफाई व्यवस्था को लेकर सिरसा विधायक गोकुल सेतिया ने चीफ सेक्रेटरी को भेजा कंटेम्प्ट नोटिस
- हाईकोर्ट के आदेशों की पालना न होने का आरोप, 3 दिन में सफाई व्यवस्था बहाल करने की मांग
सिरसा।
हरियाणा में सफाई व्यवस्था और सफाई कर्मचारियों की हड़ताल के चलते जगह-जगह जमा कूड़े के मुद्दे को लेकर सिरसा के विधायक गोकुल सेतिया ने प्रदेश के मुख्य सचिव अनुराग रस्तोगी को कंटेम्प्ट नोटिस जारी किया है। विधायक की ओर से अधिवक्ता अरपणदीप नरूला एंड एसोसिएट्स के माध्यम से 7 सितंबर 2026 को जारी नोटिस में पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के 27 अगस्त 2026 के आदेश की पालना न होने का आरोप लगाया गया है।
नोटिस के अनुसार, हरियाणा में सफाई कर्मचारियों की 6 अगस्त 2026 से जारी हड़ताल के कारण प्रदेशभर में सैनिटेशन व्यवस्था बुरी तरह प्रभावित हुई है और विभिन्न स्थानों पर कूड़े के ढेर जमा हैं। इससे आमजन के स्वास्थ्य को गंभीर खतरा पैदा होने की बात कही गई है।
नोटिस में बताया गया है कि इसी समस्या को लेकर विधायक गोकुल सेतिया ने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में CWP-PIL No. 229 of 2026, Gokul Setia Versus State of Haryana & Ors. दायर की थी। मामले में हाईकोर्ट ने 18 अगस्त को संबंधित अधिकारियों को सैनिटेशन सेवाएं बहाल करने और स्थिति की रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए थे।
नोटिस में कहा गया है कि सरकार की ओर से दाखिल स्टेटस रिपोर्ट में कुछ निर्धारित स्थानों से कूड़ा उठाने की जानकारी दी गई, लेकिन हाईकोर्ट ने इसे अपर्याप्त माना, क्योंकि प्रदेश के विभिन्न जिलों में सफाई कर्मचारियों की हड़ताल जारी थी और नागरिकों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा था।
‘तुरंत कार्रवाई कर सफाई व्यवस्था बहाल करें’
नोटिस में हाईकोर्ट के 27 अगस्त 2026 के आदेश का हवाला देते हुए कहा गया है कि अदालत ने मुख्य सचिव को स्थिति का तत्काल संज्ञान लेकर प्रदेश स्तर पर उचित कार्रवाई करने तथा सैनिटेशन सेवाओं की तत्काल बहाली सुनिश्चित करने के निर्देश दिए थे।
विधायक की ओर से आरोप लगाया गया है कि आदेश पारित हुए 10 दिन से अधिक समय बीतने के बावजूद सफाई व्यवस्था पूरी तरह बहाल नहीं हुई है। नोटिस में विशेष रूप से सिरसा सहित प्रदेश के विभिन्न शहरों में कूड़े के ढेर पड़े रहने का उल्लेख किया गया है।
‘आई वॉश से काम नहीं चलेगा’
विधायक गोकुल सेतिया ने सरकार पर हाईकोर्ट के आदेशों की महज औपचारिक पालना करने का आरोप लगाते हुए कहा कि “सरकार ने केवल आई वॉश का काम किया है। जगह-जगह कूड़ा जमा हुआ पड़ा है। हम देखते हैं कि सरकार सफाई कैसे नहीं करती।” उन्होंने कहा कि सफाई व्यवस्था जनता के स्वास्थ्य से जुड़ा गंभीर मुद्दा है और इसे किसी भी स्तर पर नजरअंदाज नहीं किया जा सकता।
नोटिस में मुख्य सचिव को नोटिस प्राप्त होने के तीन दिनों के भीतर हाईकोर्ट के आदेश के अनुरूप तत्काल कार्रवाई करते हुए सैनिटेशन सेवाएं बहाल करने तथा प्रभावित क्षेत्रों से जमा कूड़े को पूरी तरह उठवाकर उसका परिवहन सुनिश्चित करने को कहा गया है।
नोटिस में चेतावनी दी गई है कि यदि निर्धारित अवधि में कार्रवाई नहीं की गई तो विधायक की ओर से पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट के समक्ष कंटेम्प्ट कार्यवाही शुरू करने के लिए विवश होना पड़ेगा, जिसकी जिम्मेदारी संबंधित अधिकारी की होगी।
Sirsa, Sirsa | Sep 8, 2026