टैक्स चोरों पर शिकंजा, 19 कमर्शियल वाहन जांच के घेरे में...
मुख्यमंत्री उड़न दस्ता (CM Flying) ने मंगलवार सुबह बड़ी कार्रवाई करते हुए जीएसटी चोरी के संदेह में 19 कमर्शियल वाहनों को पकड़कर जीएसटी विभाग के हवाले कर दिया। इन वाहनों में परचून सहित अन्य व्यावसायिक सामान लदा हुआ था। अब विभाग द्वारा दस्तावेजों और बिलों की गहन जांच की जा रही है। अनियमितता पाए जाने पर संबंधित वाहन मालिकों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
जानकारी के अनुसार मुख्यमंत्री उड़न दस्ते को गुप्त सूचना मिली थी कि दिल्ली से परचून और अन्य व्यावसायिक सामान लेकर कई वाहन फरीदाबाद के रास्ते उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश और अन्य राज्यों की ओर जा रहे हैं। आरोप था कि इन वाहनों में लदे सामान के पास वैध दस्तावेज नहीं होते, जिससे सरकार को जीएसटी राजस्व का नुकसान पहुंचाया जा रहा है।
सूचना के आधार पर CM फ्लाइंग की टीम ने मंगलवार सुबह सीकरी नाका पुलिस चौकी के पास विशेष जांच अभियान चलाया। इस दौरान संदिग्ध कमर्शियल वाहनों को रोककर उनके दस्तावेजों की जांच की गई। जांच के दौरान कुल 19 वाहनों को जीएसटी चोरी के संदेह में कब्जे में लिया गया।
मौके पर जीएसटी विभाग के अधिकारियों को बुलाकर वाहन चालकों द्वारा प्रस्तुत बिलों और दस्तावेजों की प्रारंभिक जांच कराई गई। इसके बाद सभी वाहनों को आगे की कार्रवाई के लिए जीएसटी विभाग के सुपुर्द कर दिया गया।
अधिकारियों के अनुसार अब वाहनों में लदे सामान का भौतिक सत्यापन किया जाएगा और बिलों में दर्ज विवरण का सामान से मिलान किया जाएगा। यदि जांच में कर चोरी, फर्जी बिलिंग या दस्तावेजों में किसी प्रकार की गड़बड़ी सामने आती है तो संबंधित पक्षों पर भारी जुर्माना लगाया जाएगा और कानूनी कार्रवाई भी की जाएगी।
CM फ्लाइंग के डीएसपी मनीष सहगल ने बताया कि इस संयुक्त कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य टैक्स चोरी पर रोक लगाना और सरकारी राजस्व की सुरक्षा सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी ऐसे विशेष जांच अभियान जारी रहेंगे ताकि कर चोरी करने वालों पर प्रभावी कार्रवाई की जा सके।