आज जिला पदाधिकारी, बांका श्री अंशुल अग्रवाल की अध्यक्षता में पंचायती राज विभाग से संबंधित विभिन्न कार्यों की समीक्षात्मक बैठक आयोजित की गई।
बैठक में पंचायत सरकार भवन, सोलर लाइट, 15वीं एवं 6वीं वित्त आयोग, कचरा प्रसंस्करण इकाई, सोख्ता निर्माण एवं डस्टबिन क्रय सहित अन्य कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान पंचायत सरकार भवनों की समीक्षा करते हुए जिला पदाधिकारी द्वारा निर्देश दिया गया कि जिले में क्रियाशील सभी पंचायत सरकार भवनों में बिहार सरकार द्वारा उपलब्ध कराई जा रही विभिन्न सुविधाओं, यथा डाकघर, आरटीपीएस काउंटर, सुधा पार्लर एवं बैंकिंग शाखा आदि का संचालन सुनिश्चित किया जाए। जिन पंचायत सरकार भवनों में वर्तमान में आरटीपीएस का कार्य संचालित नहीं हो रहा है, उन्हें चिन्हित करते हुए वहां शीघ्र आरटीपीएस की सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया।
जिला पदाधिकारी ने पंचायत सरकार भवनों में कर्मियों की नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिए जिला पंचायत राज पदाधिकारी को लगातार निरीक्षण करने का निर्देश दिया। साथ ही, प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी को भी पंचायत सरकार भवनों का नियमित निरीक्षण कर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया, ताकि पंचायत सरकार भवन में आने वाले आवेदकों को सरकार द्वारा उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं का सहज रूप से लाभ मिल सके तथा उन्हें किसी प्रकार की कठिनाई का सामना न करना पड़े।
पंचायतों में सोलर लाइट के अधिष्ठापन एवं उसकी क्रियाशीलता की भी समीक्षा की गई। समीक्षा के दौरान पाया गया कि सीएमएस पोर्टल पर कुछ सोलर लाइटों को क्रियाशील दर्शाया जा रहा है, जबकि स्थल निरीक्षण में कुछ लाइटें वास्तव में क्रियाशील नहीं पाई जा रही हैं। इस पर जिला पदाधिकारी ने सभी प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारियों को स्थल जांच कर यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया कि पोर्टल पर दर्ज स्थिति एवं वास्तविक स्थिति में समानता हो तथा खराब सोलर लाइटों को शीघ्र दुरुस्त कराया जाए।
15वीं एवं 6वीं वित्त आयोग के अंतर्गत किए जा रहे व्यय की समीक्षा के क्रम में पाया गया कि फुल्लीडुमर सहित कुछ प्रखंडों में व्यय की प्रगति अपेक्षाकृत कम है। इस पर जिला पदाधिकारी ने जिला पंचायत राज पदाधिकारी को कार्ययोजना तैयार कर संबंधित प्रखंडों के साथ बैठक करते हुए व्यय की प्रगति में तेजी लाने का निर्देश दिया। बौंसी प्रखंड में सबसे कम व्यय पाए जाने पर प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी, बौंसी से स्पष्टीकरण करने का निर्देश दिया गया। साथ ही, सभी पंचायतों में कार्ययोजना तैयार कर अगले 15 दिनों के अंदर अपेक्षित प्रगति सुनिश्चित करने का निर्देश दिया गया।
कचरा प्रसंस्करण इकाइयों के निर्माण कार्य की समीक्षा के दौरान पाया गया कि तीन पंचायतों में निर्माण कार्य अभी पूर्ण नहीं हुआ है। जिला पदाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को 15 दिनों के अंदर निर्माण कार्य पूर्ण कराने का निर्देश दिया।
सोख्ता निर्माण की समीक्षा करते हुए जिला पदाधिकारी ने कहा कि सभी प्रखंडों में निर्धारित लक्ष्य के अनुरूप सोख्ता निर्माण सुनिश्चित किया जाना है। उन्होंने प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारियों को कार्ययोजना तैयार कर सघन अभियान चलाते हुए निर्धारित लक्ष्य को समय सीमा के अंदर पूर्ण करने का निर्देश दिया।
सभी ग्राम पंचायतों में एसडब्ल्यूएम-2026 के प्रावधानों के अनुसार अतिरिक्त डस्टबिन क्रय किए जाने हैं। इस संबंध में जिला पदाधिकारी ने संबंधित पदाधिकारियों को नियमानुसार एवं पारदर्शी तरीके से निर्धारित समय सीमा के अंदर डस्टबिन क्रय की कार्रवाई पूर्ण करने का निर्देश दिया।
जिला पदाधिकारी द्वारा सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी एवं सभी प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारियों को निर्देशित किया गया कि प्रत्येक प्रखंड में कम से कम दो पंचायत सरकार भवनों को चिन्हित किया जाए, जिन्हें आदर्श पंचायत सरकार भवन के रूप में विकसित किया जा सके। उन्होंने निर्देश दिया कि इन भवनों में आम लोगों को अधिकाधिक सरकारी सुविधाएं एक ही स्थान पर उपलब्ध कराने के साथ-साथ बेहतर आधारभूत सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।
इसके साथ ही, जिला पदाधिकारी ने सभी पंचायत सरकार भवनों में डिजिटल लाइब्रेरी की सुविधा उपलब्ध कराने का निर्देश दिया, ताकि पंचायत क्षेत्र के युवाओं एवं अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को पढ़ाई एवं प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए आवश्यक संसाधन एवं बेहतर अध्ययन का वातावरण उपलब्ध हो सके। उन्होंने संबंधित पदाधिकारियों को इसके लिए आवश्यक कार्ययोजना तैयार करने का निर्देश दिया।
बैठक में उप विकास आयुक्त, बांका, जिला पंचायत राज पदाधिकारी, निदेशक, जिला ग्रामीण विकास अभिकरण सहित सभी प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी उपस्थित थे। बैठक में प्रखंड पंचायत राज पदाधिकारी, फुल्लीडुमर के अनुपस्थित रहने पर जिला पदाधिकारी द्वारा स्पष्टीकरण करने हेतु निर्देशित किया गया।