*सशक्त महिला, समृद्ध समाज की दिशा में कौशल विकास जरूरी : मंत्री प्रतिमा बागरी*
*महिला समिति स्कूल में कौशल विकास एवं प्रशिक्षण केंद्र की पहल, महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने पर जोर*
सतना। महिला सशक्तिकरण और आत्मनिर्भरता की दिशा में कौशल विकास को महत्वपूर्ण माध्यम बताते हुए *मध्य प्रदेश शासन की मंत्री प्रतिमा बागरी* ने कहा कि “सशक्त महिला ही समृद्ध समाज की आधारशिला है।” महिलाओं को शिक्षा के साथ-साथ रोजगारपरक कौशल से जोड़कर उन्हें आत्मनिर्भर बनाने के प्रयास समाज के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि कौशल विकास एवं प्रशिक्षण केंद्रों के माध्यम से महिलाओं को विभिन्न विधाओं का प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगार और स्वरोजगार के अवसरों से जोड़ा जा सकता है।
महिला समिति स्कूल में आयोजित कौशल प्रशिक्षण एवं महिला सशक्तिकरण कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए मंत्री प्रतिमा बागरी ने कहा कि वर्तमान समय में महिलाओं की प्रतिभा और क्षमता को उचित मंच एवं प्रशिक्षण उपलब्ध कराना आवश्यक है। उन्होंने कहा कि महिलाओं को हुनरमंद बनाने से वे न केवल स्वयं आर्थिक रूप से मजबूत बनेंगी, बल्कि अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ करने के साथ समाज की प्रगति में भी योगदान देंगी।
कौशल प्रशिक्षण से रोजगार के नए अवसर
कार्यक्रम में महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने के लिए कौशल विकास, प्रशिक्षण, रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसरों पर विस्तार से चर्चा की गई। वक्ताओं ने कहा कि प्रशिक्षण केंद्र महिलाओं के लिए ऐसा मंच बन सकते हैं, जहां वे अपनी रुचि और क्षमता के अनुरूप विभिन्न कौशल सीखकर आगे बढ़ सकें। महिलाओं को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने के साथ उनके आत्मविश्वास को बढ़ाना भी महिला सशक्तिकरण का महत्वपूर्ण हिस्सा है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता पूनम माहेश्वरी ने की। इस अवसर पर गर्ल्स कॉलेज के प्राचार्य अंजनी कुमार पाण्डेय एवं कमलेश बागरी सहित अनेक गणमान्यजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम में महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण से जोड़ने तथा प्रशिक्षण के माध्यम से रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में सामूहिक प्रयासों की आवश्यकता पर बल दिया गया।
महिला सशक्तिकरण के लिए सामूहिक प्रयास का आह्वान
कार्यक्रम के दौरान उपस्थित अतिथियों ने कहा कि महिला सशक्तिकरण केवल एक कार्यक्रम तक सीमित विषय नहीं है, बल्कि यह निरंतर चलने वाली सामाजिक प्रक्रिया है। परिवार, समाज, शिक्षण संस्थानों एवं विभिन्न संगठनों के संयुक्त प्रयासों से महिलाओं को आगे बढ़ने के बेहतर अवसर उपलब्ध कराए जा सकते हैं।
इस अवसर पर महामंत्री सीमा बड़ेरिया, चित्रा बड़ेरिया, वर्षा कटारे, संध्या गांधी, डॉ. हरिकिशन सिंह बाबा, डॉ. त्रिवेणी गुप्ता, रवि प्रताप मिश्रा, शैला तिवारी, शशिकांत माहेश्वरी, मनीष कटारे, डॉ. व्ही.के. गांधी, सुरेश बड़ेरिया, श्याम लाल गुप्ता ‘श्यामू’, ब्रजेश निगम, गोपाल दास बड़ेरिया, सविता गोयल, कुसुम गोयल, अर्चना बड़ेरिया, उमा मिश्रा, शालिनी वाधवानी, सुनीता निगम, जागृति सिंह, राघवेंद्र गौतम, अल्का गुप्ता, रितेश गुप्ता, अनिता गुप्ता एवं प्रीति तिवारी सहित बड़ी संख्या में गणमान्यजन एवं महिलाएं उपस्थित रहीं।
कार्यक्रम का मूल संदेश रहा कि महिलाओं को कौशल, अवसर और आत्मविश्वास उपलब्ध कराकर ही उन्हें वास्तविक रूप से आत्मनिर्भर बनाया जा सकता है और आत्मनिर्भर महिलाएं ही सशक्त एवं समृद्ध समाज का निर्माण करती हैं।