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गिर्वा: एमएलएसयू यूनिवर्सिटी के स्टाफ क्वार्टर में चोरी, बदमाश महिला कर्मचारी के जेवरात और नकदी ले गए

Girwa, Udaipur | Aug 11, 2026

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जिला पर्यावरण समिति की बैठक आयोजित
पर्यटन स्थलों के आसपास दृश्यमान स्वच्छता सुनिश्चित करने, ऐतिहासिक बावड़ियों के जीर्णोद्धार का एक्शन प्लान तैयार करने के निर्देश

@followers @top fans District Collector & Magistrate - Udaipur 
#environment #SafeEnvironment #udaipur #nonfollowers #viralpost
उदयपुर, 17 अगस्त। जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट मिनी सभागार में जिला पर्यावरण समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिले में पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता एवं प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े विभिन्न विषयों की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिला कलेक्टर द्वारा संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस दौरान शहर में वेटलैंड क्षेत्रों के चिन्हीकरण, सिंगल यूज प्लास्टिक की रोकथाम के लिए की जा रही कार्रवाई, पर्यटन स्थलों की साफ-सफाई एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े अन्य विषयों पर विस्तार से चर्चा एवं समीक्षा हुई। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को पर्यावरण संरक्षण से संबंधित गतिविधियों में आपसी समन्वय के साथ प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

बावड़ियों का चिन्हीकरण कर पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने पर जोर
जिला कलेक्टर अग्रवाल ने शहर में स्थित ऐतिहासिक बावड़ियों का चिन्हीकरण करने तथा उनकी स्थिति का आंकलन कर जीर्णोद्धार की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक एवं पारंपरिक जल संरचनाएं शहर की विरासत होने के साथ-साथ जल संरक्षण की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण हैं। ऐसे स्थलों को आवश्यक संरक्षण एवं सौंदर्यीकरण के साथ पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की संभावनाओं पर भी योजना तैयार की जाए। उन्होंने शहर के पर्यटन स्थलों पर स्वच्छता व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के निर्देश देते हुए कहा कि पर्यटकों के बीच शहर की स्वच्छ एवं सुंदर छवि सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभाग नियमित निगरानी करें।

फतहसागर झील के आसपास स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनाने के निर्देश
कलेक्टर ने विशेष रूप से फतहसागर झील से सटे विभिन्न क्षेत्रों में दृश्यमान स्वच्छता सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि झील एवं इसके आसपास के क्षेत्र शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल हैं, इसलिए यहां स्वच्छता व्यवस्था में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने इन क्षेत्रों में संचालित वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों के लिए डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था को बेहतर एवं नियमित बनाने के निर्देश दिए। साथ ही कचरे के उचित निस्तारण, सार्वजनिक स्थानों पर कचरा नहीं फैलने देने तथा स्वच्छता व्यवस्था की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने की भी बात कही।

विद्यार्थियों में पर्यावरण जागरूकता बढ़ाने पर जोर
जिला कलेक्टर ने विद्यालयों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता विकसित करने के लिए नियमित रूप से जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएं। साथ ही विद्यार्थियों के लिए पर्यावरण एवं प्राकृतिक संसाधनों से जुड़े स्थलों की एक्सपोजर विजिट आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि वे पर्यावरण संरक्षण के महत्व को व्यवहारिक रूप से समझ सकें।

बैठक में औद्योगिक इकाइयों से होने वाले प्रदूषण की रोकथाम के लिए की जा रही कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। इसके अलावा वाहनों से होने वाले प्रदूषण तथा मेडिकल वेस्ट के उचित संग्रहण, परिवहन एवं निस्तारण से संबंधित व्यवस्थाओं की भी समीक्षा हुई। कलेक्टर ने संबंधित विभागों को निर्धारित पर्यावरणीय मानकों का पालन सुनिश्चित कराने तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में एडीएम प्रशासन दीपेंद्र सिंह राठौड़, एडीएम सिटी जितेंद्र ओझा, डीसीएफ नॉर्थ डीके तिवारी, प्रशिक्षु आईएएस मणिमाला एन., एसई एवीवीएनएल के आर. मीणा, सीएमएचओ डॉ. अशोक आदित्य सहित विभिन्न विभागों के पर्यावरण समिति सदस्य अधिकारी उपस्थित रहे।

जिला पर्यावरण समिति की बैठक आयोजित पर्यटन स्थलों के आसपास दृश्यमान स्वच्छता सुनिश्चित करने, ऐतिहासिक बावड़ियों के जीर्णोद्धार का एक्शन प्लान तैयार करने के निर्देश @followers @top fans District Collector & Magistrate - Udaipur #environment #SafeEnvironment #udaipur #nonfollowers #viralpost उदयपुर, 17 अगस्त। जिला कलेक्टर गौरव अग्रवाल की अध्यक्षता में सोमवार को कलेक्ट्रेट मिनी सभागार में जिला पर्यावरण समिति की बैठक आयोजित हुई। बैठक में जिले में पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता एवं प्रदूषण नियंत्रण से जुड़े विभिन्न विषयों की प्रगति की समीक्षा करते हुए जिला कलेक्टर द्वारा संबंधित विभागों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए। इस दौरान शहर में वेटलैंड क्षेत्रों के चिन्हीकरण, सिंगल यूज प्लास्टिक की रोकथाम के लिए की जा रही कार्रवाई, पर्यटन स्थलों की साफ-सफाई एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े अन्य विषयों पर विस्तार से चर्चा एवं समीक्षा हुई। जिला कलेक्टर ने अधिकारियों को पर्यावरण संरक्षण से संबंधित गतिविधियों में आपसी समन्वय के साथ प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बावड़ियों का चिन्हीकरण कर पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने पर जोर जिला कलेक्टर अग्रवाल ने शहर में स्थित ऐतिहासिक बावड़ियों का चिन्हीकरण करने तथा उनकी स्थिति का आंकलन कर जीर्णोद्धार की कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक एवं पारंपरिक जल संरचनाएं शहर की विरासत होने के साथ-साथ जल संरक्षण की दृष्टि से भी महत्वपूर्ण हैं। ऐसे स्थलों को आवश्यक संरक्षण एवं सौंदर्यीकरण के साथ पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की संभावनाओं पर भी योजना तैयार की जाए। उन्होंने शहर के पर्यटन स्थलों पर स्वच्छता व्यवस्था को और प्रभावी बनाने के निर्देश देते हुए कहा कि पर्यटकों के बीच शहर की स्वच्छ एवं सुंदर छवि सुनिश्चित करने के लिए संबंधित विभाग नियमित निगरानी करें। फतहसागर झील के आसपास स्वच्छता व्यवस्था बेहतर बनाने के निर्देश कलेक्टर ने विशेष रूप से फतहसागर झील से सटे विभिन्न क्षेत्रों में दृश्यमान स्वच्छता सुनिश्चित करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि झील एवं इसके आसपास के क्षेत्र शहर के प्रमुख पर्यटन स्थलों में शामिल हैं, इसलिए यहां स्वच्छता व्यवस्था में किसी प्रकार की कमी नहीं रहनी चाहिए। उन्होंने इन क्षेत्रों में संचालित वाणिज्यिक प्रतिष्ठानों के लिए डोर-टू-डोर कचरा संग्रहण व्यवस्था को बेहतर एवं नियमित बनाने के निर्देश दिए। साथ ही कचरे के उचित निस्तारण, सार्वजनिक स्थानों पर कचरा नहीं फैलने देने तथा स्वच्छता व्यवस्था की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने की भी बात कही। विद्यार्थियों में पर्यावरण जागरूकता बढ़ाने पर जोर जिला कलेक्टर ने विद्यालयों में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ने की आवश्यकता पर बल दिया। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों में पर्यावरण के प्रति जागरूकता विकसित करने के लिए नियमित रूप से जागरूकता गतिविधियां आयोजित की जाएं। साथ ही विद्यार्थियों के लिए पर्यावरण एवं प्राकृतिक संसाधनों से जुड़े स्थलों की एक्सपोजर विजिट आयोजित करने के निर्देश दिए, ताकि वे पर्यावरण संरक्षण के महत्व को व्यवहारिक रूप से समझ सकें। बैठक में औद्योगिक इकाइयों से होने वाले प्रदूषण की रोकथाम के लिए की जा रही कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। इसके अलावा वाहनों से होने वाले प्रदूषण तथा मेडिकल वेस्ट के उचित संग्रहण, परिवहन एवं निस्तारण से संबंधित व्यवस्थाओं की भी समीक्षा हुई। कलेक्टर ने संबंधित विभागों को निर्धारित पर्यावरणीय मानकों का पालन सुनिश्चित कराने तथा नियमों का उल्लंघन पाए जाने पर नियमानुसार प्रभावी कार्रवाई करने के निर्देश दिए। बैठक में एडीएम प्रशासन दीपेंद्र सिंह राठौड़, एडीएम सिटी जितेंद्र ओझा, डीसीएफ नॉर्थ डीके तिवारी, प्रशिक्षु आईएएस मणिमाला एन., एसई एवीवीएनएल के आर. मीणा, सीएमएचओ डॉ. अशोक आदित्य सहित विभिन्न विभागों के पर्यावरण समिति सदस्य अधिकारी उपस्थित रहे।

Girwa, Udaipur | Aug 17, 2026

नारायण सेवा संस्थान में ‘अपनों से अपनी बात भोलेनाथ के साथ’ शुरू
@followers @top fans News 24 Udaipur Narayan Seva Sansthan
#udaipur #viralpost #nonfollowers
उदयपुर, 17 अगस्त। सावन के तीसरे सोमवार और नागपंचमी के पावन अवसर पर नारायण सेवा संस्थान के सेवा महातीर्थ बड़ी में ‘अपनों से अपनी बात भोलेनाथ के साथ’ आध्यात्मिक आयोजन की शुरुआत हुई। संस्थान अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल के सानिध्य में आयोजित शिव कथा में दिव्यांगजन, रोगी और उनके परिजन भक्ति भाव से शामिल हुए। कथा के दौरान अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल ने शिव तत्व की व्याख्या करते हुए कहा कि भगवान शिव केवल आराधना के देव नहीं, बल्कि त्याग, करुणा, संतुलन और समभाव के प्रतीक हैं। उन्होंने शिव और शक्ति के मिलन से सृष्टि के विस्तार का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि शिव की सृष्टि-दृष्टि से भगवान विष्णु का प्राकट्य हुआ। इसके बाद शिव और विष्णु के बीच हुए संवाद का मार्मिक वर्णन किया गया। कथा में विष्णु से ब्रह्मा जी के प्राकट्य और ब्रह्मा द्वारा विष्णु से उनके प्राकट्य का कारण जानने के प्रसंग को भी विस्तार से सुनाया गया।

प्रशांत अग्रवाल ने शिव तत्व को वर्तमान जीवन से जोड़ते हुए कहा कि आज के समय में मनुष्य को बाहरी संघर्ष से अधिक अपने भीतर के विकारों पर विजय पाने की आवश्यकता है। शिव का संदेश हमें विषम परिस्थितियों में धैर्य, दूसरों के प्रति करुणा और जीवन में संतुलन बनाए रखने की प्रेरणा देता है। सेवा, त्याग और परोपकार के भाव से ही जीवन सार्थक बनता है।

आयोजन में मौजूद दिव्यांगजन एवं रोगियों ने शिव कथा का रसास्वादन किया। लाभान्वित दिव्यांगजनों ने अपने जीवन में आए बदलाव और आत्मनिर्भरता के अनुभव साझा करते हुए संस्थान की सेवाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। परिसर में भक्ति, श्रद्धा और सेवा का वातावरण बना रहा।

नारायण सेवा संस्थान में ‘अपनों से अपनी बात भोलेनाथ के साथ’ शुरू @followers @top fans News 24 Udaipur Narayan Seva Sansthan #udaipur #viralpost #nonfollowers उदयपुर, 17 अगस्त। सावन के तीसरे सोमवार और नागपंचमी के पावन अवसर पर नारायण सेवा संस्थान के सेवा महातीर्थ बड़ी में ‘अपनों से अपनी बात भोलेनाथ के साथ’ आध्यात्मिक आयोजन की शुरुआत हुई। संस्थान अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल के सानिध्य में आयोजित शिव कथा में दिव्यांगजन, रोगी और उनके परिजन भक्ति भाव से शामिल हुए। कथा के दौरान अध्यक्ष प्रशांत अग्रवाल ने शिव तत्व की व्याख्या करते हुए कहा कि भगवान शिव केवल आराधना के देव नहीं, बल्कि त्याग, करुणा, संतुलन और समभाव के प्रतीक हैं। उन्होंने शिव और शक्ति के मिलन से सृष्टि के विस्तार का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि शिव की सृष्टि-दृष्टि से भगवान विष्णु का प्राकट्य हुआ। इसके बाद शिव और विष्णु के बीच हुए संवाद का मार्मिक वर्णन किया गया। कथा में विष्णु से ब्रह्मा जी के प्राकट्य और ब्रह्मा द्वारा विष्णु से उनके प्राकट्य का कारण जानने के प्रसंग को भी विस्तार से सुनाया गया। प्रशांत अग्रवाल ने शिव तत्व को वर्तमान जीवन से जोड़ते हुए कहा कि आज के समय में मनुष्य को बाहरी संघर्ष से अधिक अपने भीतर के विकारों पर विजय पाने की आवश्यकता है। शिव का संदेश हमें विषम परिस्थितियों में धैर्य, दूसरों के प्रति करुणा और जीवन में संतुलन बनाए रखने की प्रेरणा देता है। सेवा, त्याग और परोपकार के भाव से ही जीवन सार्थक बनता है। आयोजन में मौजूद दिव्यांगजन एवं रोगियों ने शिव कथा का रसास्वादन किया। लाभान्वित दिव्यांगजनों ने अपने जीवन में आए बदलाव और आत्मनिर्भरता के अनुभव साझा करते हुए संस्थान की सेवाओं के प्रति आभार व्यक्त किया। परिसर में भक्ति, श्रद्धा और सेवा का वातावरण बना रहा।

Girwa, Udaipur | Aug 17, 2026

2 करोड़ के अटल पथ से झाड़ोल क्षेत्र में बढ़ेगी कनेक्टिविटी
 कैबिनेट मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने तीन पुलों का किया लोकार्पण
@followers @top fans News 24 Udaipur Government of Rajasthan 
#udaipur #nonfollowers #viralpost 
उदयपुर, 17 अगस्त। जनजाति बाहुल्य झाड़ोल क्षेत्र में विकास कार्यों को गति देते हुए कैबिनेट मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने सोमवार को राष्ट्रीय राजमार्ग-58 ई पर अटल पथ के निर्माण कार्य का भूमि पूजन किया। पंवार पंप से सती चैराहा तक बनने वाले इस अटल पथ पर करीब 2 करोड़ रुपये की लागत आएगी। वहीं, मगवास की वरवली नदी, अमरपुरा और बदराणा में मानसी नदी पर नवनिर्मित पुल का लोकार्पण किया। मंत्री खराड़ी ने कहा कि अटल पथ के निर्माण से झाड़ोल मुख्यालय में आवागमन व्यवस्था बेहतर होने के साथ ही आमजन को सुगम एवं सुरक्षित यातायात सुविधा मिलेगी। पल निर्माण से क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी।  इस अवसर पर समाजसेवी गुणवंत सिंह झाला,  भंवर सिंह पंवार, नीलम  राजपुरोहित, मुकेश माली, शंकर गायरी,  रेखा देवी,  मंजू देवी, आशा देवी आदि उपस्थित रहे।

2 करोड़ के अटल पथ से झाड़ोल क्षेत्र में बढ़ेगी कनेक्टिविटी कैबिनेट मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने तीन पुलों का किया लोकार्पण @followers @top fans News 24 Udaipur Government of Rajasthan #udaipur #nonfollowers #viralpost उदयपुर, 17 अगस्त। जनजाति बाहुल्य झाड़ोल क्षेत्र में विकास कार्यों को गति देते हुए कैबिनेट मंत्री बाबूलाल खराड़ी ने सोमवार को राष्ट्रीय राजमार्ग-58 ई पर अटल पथ के निर्माण कार्य का भूमि पूजन किया। पंवार पंप से सती चैराहा तक बनने वाले इस अटल पथ पर करीब 2 करोड़ रुपये की लागत आएगी। वहीं, मगवास की वरवली नदी, अमरपुरा और बदराणा में मानसी नदी पर नवनिर्मित पुल का लोकार्पण किया। मंत्री खराड़ी ने कहा कि अटल पथ के निर्माण से झाड़ोल मुख्यालय में आवागमन व्यवस्था बेहतर होने के साथ ही आमजन को सुगम एवं सुरक्षित यातायात सुविधा मिलेगी। पल निर्माण से क्षेत्र के विकास को नई गति मिलेगी। इस अवसर पर समाजसेवी गुणवंत सिंह झाला, भंवर सिंह पंवार, नीलम राजपुरोहित, मुकेश माली, शंकर गायरी, रेखा देवी, मंजू देवी, आशा देवी आदि उपस्थित रहे।

Girwa, Udaipur | Aug 17, 2026

मोलेला के प्रसिद्ध मूर्तिकार भग्गा लाल कुम्हार को ‘डॉक्टर ऑफ लेटर्स’ की मानद उपाधि
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#udaipur #viralpost #nonfollowers #molela #DoctorOfLetters
उदयपुर, 17 अगस्त। राजस्थान की विश्वप्रसिद्ध मोलेला टेराकोटा कला को देश-विदेश में पहचान दिलाने वाले प्रसिद्ध कलाकार भग्गा लाल जी कुम्हार को डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय, अयोध्या के 31वें दीक्षांत समारोह में ‘डॉक्टर ऑफ लेटर्स (डी- लिट.) विद्या वाचस्पति’ की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया।

कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान, पारंपरिक मोलेला टेराकोटा कला के संरक्षण तथा इस प्राचीन लोककला को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए विश्वविद्यालय द्वारा उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया गया।

श्री भग्गा लाल कुम्हार ने पीढ़ियों से चली आ रही मोलेला की पारंपरिक मिट्टी कला को अपनी मेहनत और हुनर के माध्यम से नई पहचान दिलाई है। उनकी कलाकृतियों ने राजस्थान की समृद्ध लोक एवं हस्तशिल्प परंपरा को देश-दुनिया तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

31वें दीक्षांत समारोह के गरिमामय अवसर पर उत्तर प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदी बेन पटेल, विश्वविद्यालय के कुलपति, कुलाधिपति एवं अन्य गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति में भग्गा लाल कुम्हार को यह सम्मान प्रदान किया गया।

मोलेला के प्रसिद्ध मूर्तिकार भग्गा लाल कुम्हार को ‘डॉक्टर ऑफ लेटर्स’ की मानद उपाधि @followers @top fans News 24 Udaipur #udaipur #viralpost #nonfollowers #molela #DoctorOfLetters उदयपुर, 17 अगस्त। राजस्थान की विश्वप्रसिद्ध मोलेला टेराकोटा कला को देश-विदेश में पहचान दिलाने वाले प्रसिद्ध कलाकार भग्गा लाल जी कुम्हार को डॉ. राममनोहर लोहिया अवध विश्वविद्यालय, अयोध्या के 31वें दीक्षांत समारोह में ‘डॉक्टर ऑफ लेटर्स (डी- लिट.) विद्या वाचस्पति’ की मानद उपाधि से सम्मानित किया गया। कला एवं संस्कृति के क्षेत्र में उनके उल्लेखनीय योगदान, पारंपरिक मोलेला टेराकोटा कला के संरक्षण तथा इस प्राचीन लोककला को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने के लिए विश्वविद्यालय द्वारा उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान प्रदान किया गया। श्री भग्गा लाल कुम्हार ने पीढ़ियों से चली आ रही मोलेला की पारंपरिक मिट्टी कला को अपनी मेहनत और हुनर के माध्यम से नई पहचान दिलाई है। उनकी कलाकृतियों ने राजस्थान की समृद्ध लोक एवं हस्तशिल्प परंपरा को देश-दुनिया तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। 31वें दीक्षांत समारोह के गरिमामय अवसर पर उत्तर प्रदेश की राज्यपाल श्रीमती आनंदी बेन पटेल, विश्वविद्यालय के कुलपति, कुलाधिपति एवं अन्य गणमान्य अतिथियों की उपस्थिति में भग्गा लाल कुम्हार को यह सम्मान प्रदान किया गया।

Girwa, Udaipur | Aug 17, 2026

Comment ‘Pizza’ for location. 📍

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Girwa, Udaipur | Aug 17, 2026