बच्चों का संरक्षण और सर्वांगीण विकास जरूरी- एडीसी नवीन आहूजा
यमुनानगर, 14 अक्तूबर- अतिरिक्त उपायुक्त नवीन आहूजा ने बालकुंज छछरौली और ओपन शेल्टर होम का औचक निरीक्षण किया और व्यवस्थाओं का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान बच्चों के संरक्षण, पोषण, शिक्षा और बच्चों को दिए जाने वाले भोजन की पौष्टिकता, रसोई की स्वच्छता और बच्चों के नियमित स्वास्थ्य जांच मेडिकल चेकअप के रिकॉर्ड की जांच की गई। बच्चों की स्कूल की पढ़ाई, पुस्तकालय की स्थिति और कंप्यूटर व पठन-पाठन सामग्री की उपलब्धता का जायजा लेकर उचित दिशा-निर्देश दिए गए।
अतिरिक्त उपायुक्त ने निर्देश दिए कि जिन बच्चों के माता-पिता या परिवारों की जानकारी मिल जाती है उन्हें किशोर न्याय नियमों के तहत सुरक्षित तरीके से उनके घर भेजने या प्रभावी पुनर्वास सुनिश्चित करने की प्रक्रिया में तेजी लाई जाए। संस्थानों में आश्रित बच्चों की सुरक्षा, उनके अधिकारों का संरक्षण और उनका सर्वांगीण विकास सरकार और प्रशासन की मुख्य प्राथमिकता है। बच्चों को समाज में मुख्यधारा से जोड़ा जाए। बच्चों के संरक्षण, उनके अधिकारों के लिए सजकता से कार्य करेगी तो निश्चित रूप से बच्चों का विकास और संरक्षण बेहतर होगा अतिरिक्त उपायुक्त ने बच्चों को अनुशासन बनाये रखते हुए अच्छे शिक्षा परिणामों के लिए परिश्रम करने के लिए कहा और साथ सभी को त्योहारों की शुभकामनाएं दी। इस दौरान बालकुंज छछरौली के इंचार्ज सुखविंदर सिंह, कार्यवाहक जिला बाल संरक्षण अधिकारी किरण, अधीक्षक बलविंदर सिंह, मोना चौहान, संजीव बर्मन, संदीप और अन्य मौजूद रहे।