चित्रकूट के मजदूरों में नेताओं के प्रति नाराजगी
विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों के बीच चित्रकूट में अब जनता का गुस्सा और नाराजगी सामने आने लगी है। इस बार सवाल सत्ता और सियासत से नहीं, बल्कि उन मजदूरों की जुबानी सुनिए, जो दिन-रात मेहनत करके अपने परिवार का पेट पालते हैं।
मजदूरों का कहना है कि चुनाव आते ही नेता हाथ जोड़कर वोट मांगने घर-घर पहुंच जाते हैं, बड़े-बड़े वादे करते हैं, लेकिन चुनाव जीतने के बाद उनकी सुध लेने वाला कोई नहीं होता।
मजदूरों ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए यहां तक कह दिया कि अगर अब नेता वोट मांगने उनके घर आएंगे, तो उन्हें जनता के गुस्से और तीखे सवालों का सामना करना पड़ेगा।
आखिर क्यों नाराज हैं चित्रकूट के मजदूर? क्या रोजगार, मजदूरी और रोजमर्रा की समस्याओं को लेकर उनकी आवाज जनप्रतिनिधियों तक नहीं पहुंच रही? क्या 2027 के चुनाव में मजदूरों की यह नाराजगी नेताओं के लिए बड़ी चुनौती बनेगी?
इन्हीं तमाम सवालों को लेकर हमारे संवाददाता दिनेश सिंह कुशवाहा पहुंचे ग्राउंड जीरो पर, जहां उन्होंने मजदूरों से सीधी बातचीत की और उनकी पीड़ा को करीब से जाना।
देखिए यह खास चुनावी रिपोर्ट।
जनता की राय – सवाल आपका, जवाब जनता का!
आप भी बताइए, क्या चुनाव जीतने के बाद नेताओं को जनता के बीच वापस आना चाहिए?
देखते रहिए विधानसभा चुनाव 2027 की ग्राउंड जीरो से चुनावी कवरेज, सिर्फ Daily 24 Bharat पर।