उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में नवरात्र और दशहरा पर्व के मद्देनजर खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन ने 13 अक्टूबर 2026 को फल विक्रेताओं और केला पकाने वाले प्रतिष्ठानों के खिलाफ विशेष निरीक्षण अभियान चलाया। जिलाधिकारी के आदेश पर ग्रामीण और नगरीय क्षेत्रों में कुल छह प्रतिष्ठानों की जांच की गई।
अभियान के दौरान खाद्य सुरक्षा टीम ने केला पकाने वाले रिपेनिंग चैंबरों में कैल्शियम कार्बाइड के इस्तेमाल की जांच की। विभागीय विवरण में जांच के दौरान कैल्शियम कार्बाइड मिलने की पुष्टि नहीं की गई है।
वहीं, ताज फ्रूट कंपनी और आरएफ फ्रूट कंपनी, बछरावां में निरीक्षण के दौरान कुल 70 किलोग्राम सड़े-गले फल पाए गए, जिन्हें मौके पर नष्ट कराया गया। इन फलों की अनुमानित कीमत 3,500 रुपये बताई गई है। ताज फ्रूट कंपनी में अत्यधिक गंदगी मिलने पर अस्वच्छ परिस्थितियों में कारोबार के मामले में खाद्य सुरक्षा एवं मानक अधिनियम की धारा 56 के तहत वाद दायर करने की संस्तुति की गई है। इसके अलावा, निरीक्षण में कमियां मिलने पर संबंधित प्रतिष्ठानों को नोटिस भी जारी किए गए।
खाद्य सुरक्षा विभाग ने फल कारोबारियों और उपभोक्ताओं को स्वच्छता के प्रति जागरूक करते हुए फलों को पकाने में कैल्शियम कार्बाइड का इस्तेमाल नहीं करने के निर्देश दिए। साथ ही फलों पर लगे स्टिकर और चमकदार कोटिंग को लेकर सावधानी बरतने की अपील की गई।
इस अभियान में मुख्य खाद्य सुरक्षा अधिकारी नीरद पाण्डेय सहित खाद्य सुरक्षा अधिकारी अरुण कुमार, भगौती प्रसाद, पल्लवी तिवारी, डॉ. अंकिता यादव और अर्शी फारूकी शामिल रहे। विभाग ने त्योहारों के दौरान खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए निरीक्षण और कार्रवाई जारी रखने की बात कही।
.
.
.
.
#Barabanki #FoodSafety #FoodDepartment #Navratri #Dussehra #UPNews #बाराबंकी #खाद्यसुरक्षा #खाद्यविभाग #सड़ेफल #उत्तरप्रदेशसमाचार #NHPBharat
Fatehabad, Agra | Oct 14, 2026