➡️ सफलता की कहानी
➡️ केम्पा योजनांतर्गत बंजर भूमि से हरित वनक्षेत्र तक का सफर
मध्य प्रदेश वनविभाग द्वारा केम्पा योजनांतर्गत वन परिक्षेत्र केसली, वनमंडल दक्षिण सागर में औद्योगिक क्षेत्र मण्डीदीप जिला रायसेन (म.प्र.) क्षेत्र में प्रभावित वनभूमि के बदले गैरवनभूमि पर क्षतिपूर्ति वृक्षारोपण, मिश्रित वृक्षारोपण बम्होरी खसरा नंबर 312/1 रकवा 62.00 हे. वर्ष 2021 - 2022 में वृक्षारोपण कार्यक्रम कर पर्यावरण संरक्षण और हरित वनक्षेत्र के विकास की दिशा में एक उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की गई है। वर्ष 2021-2022 में खसरा नंबर 312/1 की 62.00 हे. भूमि बंजर एवं वनविहीन अवस्था में थी। भूमि पर हरित आवरण का अभाव था तथा क्षेत्र मृदाक्षरण और परिस्थितिक असंतुलन जैसी समस्याओं से प्रभावित था।
वन विभाग द्वारा केम्पा योजनांतर्गत इस क्षेत्र को पुर्नजीवित करने के उद्देश्य से वर्ष 2021 - 2022 में मिश्रित प्रजातियों का पौधारोपण कार्य किया गया। वैज्ञानिक पद्धति से गड्डा खुदाई, पौधारोपण, संरक्षण एवं नियमित देखभाल सुनिश्चित की गई।
विभागीय अमले के सतत प्रयासों और प्रभावी प्रबंधन के परिणामस्वरूप पौधों की उत्तरजीविता एवं बृद्धि संतोषजनक रही। आज मात्र चार वर्षों के भीतर यह क्षेत्र एक हरित एवं विकसित मिश्रित वनक्षेत्र के रूप मंे परिवर्तित हो चुहा है जहाँ पहले बंजर भूिम दिखाई देती थी वहीं अब स्वस्थ्य एवं विकसित पौधों की हरियाली पर्यावरण संरक्षण की नई कहानी लिख रही है।
➡️,परियोजना से प्राप्त हो रहे लाभ
क्षेत्र में हरित आवरण में उल्लेखनीय वृद्धि।
मृदा एवं जल संरक्षण को बढावा।
जैवविविधता के संरक्षण एवं संवर्धन में सहायता।
वन्य जीवों के बेहतर आवास में वृद्धि।
ग्रामीणों के पशुओं के लिए चारे की व्यवस्था।
कॉर्बन अवशोषण क्षमता में वृद्धि जिससे जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने में मदद मिलेगी।
यह परियोजना 2021 - 2022 से 2031 - 2032 तक संचालित रहेगी जिसके दौरान पौधों की सुरक्षा एवं रखरखाव सुनिश्चित किया जायेगा। ताकि यह क्षेत्र भविष्य में एक सुदृढ़ एवं आत्मनिर्भर वन परिस्थितिकीय तंत्र के रूप में विकसित हो सके। यह परियोजना वनमंडल दक्षिण सागर (म.प्र.) की पर्यावरण संरक्षण एवं सतत् विकास के प्रति प्रतिवद्धता का उत्कृष्ठ उदाहरण है। जहां कभी बंजर भूमि थी वहां आज हरियाली की नई पहचान है।
CM Madhya Pradesh Dr Mohan Yadav Jansampark Madhya Pradesh #sagar