
रात में बस के पीछे-पीछे गया, खाने की फोटो भेजी... ग्रेटर नोएडा बस हादसे में मंगेतर की मौत पर रो पड़ा इंजीनियर
नोएडा। मैं दूर के एक रिश्तेदार के जरिए श्रुति से पहली बार मिला था। हम दोनों में नजदीकियां बढ़ी और फिर शाॅदी करने का फैसला लिया। नवंबर में शादी तय हो गई थी, लेकिन ईश्वर को यह मंजूर नहीं हुआ।
दिल्ली आईआईटी के सुपर कंप्यूटर इंजीनियर मोहित शर्मा अपनी मंगेतर श्रुति की दर्दनाक मौत के बाद फूट-फूटकर रोने लगे। उन्होंने बताया कि यमुना एक्सप्रेसवे पर चलती बस में अचानक आग लगने से उनकी मंगेतर श्रुति बुरी तरह झुलस गईं।
हादसे से पहले आखिरी बार हुई बात
घटना से कुछ घंटे पहले उन्होंने श्रुति को दिल्ली कश्मीरी गेट पर छोड़ा था। रात 8:40 बजे करीब श्रुति बस में बैठकर अपने घर जा रही थी। उन्हें अपनी बहन की जन्मदिन पार्टी में शामिल होना था, लेकिन मैं उन्हें बस में अकेला नहीं छोड़ना चाहता था।
मैंने तुरंत श्रुति को काॅल किया और बात करते हुए स्कूटर चलाने लगा। करीब 50 मिनट तक अपनी मंगेतर की बस का पीछा किया। उन्होंने पूरे रास्ते फोन पर बात की और रात करीब 10:19 बजे गुडनाइट बोलकर श्रुति को सुबह उरई पहुंचते ही उन्हें फोन करने के लिए कहा था।
इतना ही नहीं, मोहित ने श्रुति के फोन पर खाने का फोटो भेज कर उन्हें समय पर खाना खाने के लिए भी कहा था लेकिन उनके मैसेज का कोई जवाब नहीं आया।
सुबह मिली हादसे की दर्दनाक खबर
सुबह करीब 6:30 श्रुति की बहन हो रही बस स्टैंड पर पहुंची तो वहां आपरेटर से पता चला कि यमुना एक्सप्रेसवे पर बस में आग लग गई। इस बात ने छोटी बहन के पैरों तले से जमीन निकल दी।
श्रुति के परिवार से लोग मोहित को बार-बार फोन करने लगे जिससे उनकी नींद खुल गई। वह तुरंत जेवर के कैलाश हास्पिटल पहुंचे और वहां मंगेतर को ढूंढने लगे।
पोस्टमार्टम हाउस में हुई पहचान
घटना के अन्य पीड़ितों से सूचना मिलने के बाद वह सेक्टर 94 स्थित पोस्टमार्टम हाउस पर पहुंचे और श्रुति के शव की शिनाख्त की। पोस्टमार्टम के बाद श्रुति के स्वजन लेकर घर रवाना हो गए।
Hardoi, Hardoi | Sep 26, 2026