
प्रयागराज में विजिलेंस का बड़ा एक्शन: 10 हजार की रिश्वत लेते राजस्व निरीक्षक और प्राइवेट व्यक्ति गिरफ्तार
पैमाइश के बदले मांगी थी रिश्वत, रंगे हाथ पकड़े जाने पर राजस्व निरीक्षक बोले—‘हम नहीं हैं भइया’
यूनाइटेड भारत बारा
मनोज कुमार बिन्द
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान की प्रयागराज सेक्टर टीम ने शुक्रवार को हंडिया तहसील में तैनात राजस्व निरीक्षक और एक निजी व्यक्ति को 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। दोनों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज कर विधिक कार्रवाई की जा रही है।
विजिलेंस के मुताबिक, मौजा वारी, परगना एवं तहसील हंडिया स्थित गाटा संख्या 451 की संक्रमणीय भूमि की पैमाइश कराने के बदले धनूपुर क्षेत्र में तैनात राजस्व निरीक्षक राकेश तिवारी द्वारा 10 हजार रुपये की मांग किए जाने की शिकायत मिली थी। शिकायतकर्ता का आरोप था कि कई बार अनुरोध के बावजूद रिश्वत दिए बिना जमीन की पैमाइश नहीं की जा रही थी।
शिकायत मिलने के बाद सतर्कता अधिष्ठान ने मामले का गोपनीय सत्यापन कराया। आरोप सही पाए जाने पर विजिलेंस टीम ने आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ने के लिए ट्रैप की योजना बनाई।
शुक्रवार को निरीक्षक औरंगजेब खान के नेतृत्व में विजिलेंस टीम ने हंडिया तहसील परिसर के पास स्थित शास्त्री भवन के बरामदे में जाल बिछाया। योजना के मुताबिक शिकायतकर्ता ने आरोपियों को 10 हजार रुपये दिए। रकम लेते ही विजिलेंस टीम ने छापेमारी कर राजस्व निरीक्षक राकेश तिवारी और निजी व्यक्ति राजेश कुमार को गिरफ्तार कर लिया। टीम ने रिश्वत की रकम भी बरामद कर ली।
गिरफ्तारी के दौरान राजस्व निरीक्षक के गिड़गिड़ाने और खुद को निर्दोष बताने की बात भी सामने आई। हालांकि, विजिलेंस टीम ने दोनों को हिरासत में लेकर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी।
विजिलेंस के अनुसार, दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम की संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। मामले में आगे की जांच और पूछताछ जारी है।