
भुवनेश्वर की जीएम यूनिवर्सिटी में छात्रों और शिक्षकों को संबोधित करते हुए #बीजेपी नेता और संबलपुर सांसद धर्मेंद्र प्रधान ने #NEET पेपर लीक मामले को लेकर हुए विरोध-प्रदर्शनों और अपने इस्तीफे पर बात की। उन्होंने कहा कि “Gen-Z हमारे बच्चे हैं, कुछ लोगों ने उन्हें गुमराह करने की कोशिश की।” प्रधान ने कहा कि उनके लिए मंत्री पद महत्वपूर्ण नहीं था, बल्कि युवाओं का भविष्य ज्यादा अहम है।
धर्मेंद्र प्रधान के इस बयान पर बुधनी से विधानसभा प्रत्याशी रहे #कांग्रेस नेता विक्रम मस्ताल ने तीखा कटाक्ष किया। उन्होंने सवाल उठाते हुए कहा कि अगर युवा आपके बच्चे हैं, तो ऐसा कौन-सा पिता या अभिभावक होगा, जो अपने ही बच्चों के सवालों का जवाब पुलिस की लाठियों और बल प्रयोग से दिलवाएगा?
मस्ताल ने कहा कि युवाओं को भटकने वाला नहीं, बल्कि जागरूक नागरिक बताया जाना चाहिए, जो अपने हक, भविष्य और व्यवस्था से जवाब मांग रहे हैं। उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में युवाओं की आवाज सुनी और समझी जाती है, उन पर बल प्रयोग नहीं किया जाता। मस्ताल ने तंज कसते हुए कहा— पहले लाठियों की मार और फिर “हमारे बच्चे” कहकर प्यार का इजहार, आखिर ये कैसा अभिभावकत्व है?
#breakingnewswala #MPNews #DharmendraPradhan #VikramMastal