
कोचिंग अकडेमियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए जिला प्रशासन भिवानी अग्निकांड का इंतज़ार कर रहा है: रामअवतार शर्मा
भिवानी
प्राइवेट स्कूल वेलफेयर एसोसिएशन हरियाणा के प्रदेश अध्यक्ष रामावतार शर्मा ने आज भिवानी में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस आयोजित की। पत्रकारों को संबोधित करते हुए एसोसिएशन ने लखनऊ अग्निकांड में मारे गए सभी लोगों के प्रति संवेदना व्यक्त की।इसके साथ ही, रामअवतार शर्मा ने भिवानी जिला प्रशासन से यह सवाल किया कि कोचिंग अकडेमियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए क्या भिवानी जिला प्रशासन और इसके अधिकारी लखनऊ अग्निकांड जैसी कोई दुर्घटना होने का इंतजार कर रहे हैं. उन्होंने बताया कि एसोसिएशन पिछले 5 सालों से लगातार शहर में अवैध रूप से चल रही कोचिंग एकेडमियों के खिलाफ अभियान चलाए हुए हैं. करीब डेढ़ महीना पहले इन अकडेमियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग करते हुए एसोसिएशन ने भिवानी जिले के सभी प्राइवेट स्कूल बंद करके जिला लघु सचिवालय के सामने धरना दिया था. जिला उपायुक्त ने कोचिंग अकडेमियों के खिलाफ कार्रवाई के लिए आदेश भी जारी कर दिया था कि जिले में अवैध रूप से चल रही कोचिंग अकादमी को सील किया जाए.
कार्रवाई के लिए नोडल अधिकारी नियुक्त करके पूरी टीम बना दी गई थी जो जाकर इन अकडेमियों को सील करने वाली थी. जिला प्रशासन के इसी आश्वासन पर एसोसिएशन ने उस दिन अपना धरना समाप्त किया था. लेकिन आज डेढ़ महीना से ऊपर गुजर जाने के बाद भी पता नहीं किसी दबाव में जिला प्रशासन ने यू टर्न लिया और आज तक अवैध रूप से चल रही अकादमी के खिलाफ किसी प्रकार की कोई कार्रवाई नहीं है. जो पत्र जिला उपायुक्त ने इन अकडेमियों को सील करने का जारी किया था उसका भी पता नहीं क्या हुआ, जो नोडल अधिकारी नियुक्त किया था उसका नहीं पता क्या हुआ, जो टीम बनाई थी उसका पता नहीं क्या हुआ.
एसोसिएशन यह जानना चाहेगा कि किस के दबाव में जिला प्रशासन ने यह कार्रवाई रोक दी है. प्राइवेट स्कूल सरकार और शिक्षा विभाग के सभी नियमों की पालना करते हुए मान्यता लेते हैं और अपनी संस्थाएं चलाते हैं. समय-समय पर स्कूलों को विभिन्न तरह की एनओसी अलग-अलग सरकारी विभागों से लेनी होती है, जो प्राइवेट स्कूल लगातार लेते हैं. लेकिन इन अवैध रूप से चल रही कोचिंग अकादमी के ऊपर किसी प्रकार का कोई नियम लागू नहीं है.
रामअवतार शर्मा ने कहा कि ये सारी अकादेमी रिहायशी इलाकों और बिल्डिंग में चल रही हैं. लखनऊ की एकेडमी भी रिहायशी बिल्डिंग में चल रही थी. भिवानी और पूरे हरियाणा में चल रही इन अवैध कोचिंग अकडेमियों के पास न तो फायर एनओसी है, ना हाइजीन सर्टिफिकेट है, ना बिल्डिंग सेफ्टी सर्टिफिकेट है न ही इनके नक्शे पास है. तो जिला प्रशासन आंख मूंदकर क्यों बैठा हुआ है? क्या जिला प्रशासन किसी हादसे के इंतजार में है ताकि उसके बाद कार्रवाई की जाए, यह एसोसिएशन की समझ से परे है.
रामअवतार शर्मा ने जिला प्रशासन को चेतावनी देते हुए कहा कि जल्द से जल्द इन अवैध रूप से चल रही है अकडेमियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए. यह सिर्फ एसोसिएशन की मांग नहीं है बल्कि बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए एसोसिएशन की मांग है. उन्होंने कहा कि यह बात मेरी समझ से परे है कि जिला उपायुक्त द्वारा बनाई गई कमेटी जिसमें जिला शिक्षा अधिकारी, जिला खंड अधिकारी, और एसोसिएशन का एक प्रतिनिधि भी शामिल था, इस कमेटी ने पूरी छानबीन करके एक रिपोर्ट सौंप थी और जिसके आधार पर जिला प्रशासन ने कार्रवाई करने की शुरुआत भी की थी. लेकिन अचानक से वह कार्रवाई रुक गई है
एसोसिएशन जिला प्रशासन से मांग करता है कि सिर्फ बच्चों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए नहीं, उनकी जान को भी सुरक्षित करने के लिए बहुत जरूरी है कि इन अवैध कोचिंग अकडेमियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए, उनकी तालाबंदी की जाए. जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग के दोहरे चरित्र को रेखांकित करते हुए रामअवतार शर्मा ने कहा की एक तरफ अवैध रूप से चल रही कोचिंग अकडेमियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जा रही जहां बच्चों की जान को भी खतरा है, वहीं दूसरी तरफ मान्यता प्राप्त प्राइवेट स्कूलों को 21 जून योग दिवस के दिन सरकारी कार्यक्रम में बच्चों को न भेजने पर नोटिस जारी किए जा रहे हैं.
यह हैरानी की बात है कि जो सरे आम नियमों का उल्लंघन कर रहे हैं उन कोचिंग अकडेमियों के खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं हो रही, ना कोई नोटिस दिए जा रहे हैं जबकि प्राइवेट मान्यता प्राप्त स्कूल जो शिक्षा विभाग और जिला प्रशासन के हर कार्यक्रम में बढ़ चढ़कर भाग लेते हैं उनको सिर्फ 21 जून के दिन बच्चों को न भेजने पर कार्रवाई करने के नोटिस दिए जा रहे हैं. 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस मनाया गया था और फिलहाल स्कूलों में ग्रीष्मकालीन अवकाश चल रहे हैं इसलिए बच्चों को नहीं बुलाया जा सका और उन्हें योग दिवस के सरकारी कार्यक्रम में नहीं भेजा जा सका. वहीँ शिक्षा विभाग के डायरेक्टर के भी सख्त आदेश हैं कि ग्रीष्मकालीन अवकाश के दौरान बच्चों को स्कूल न बुलाया जाये. शिक्षा विभाग अपने ही डायरेक्टर के आदेशों की अवहेलना कर रहा है.
रामअवतार शर्मा ने कहा कि एसोसिएशन जिले में सभी सरकारी विभागों के अधिकारियों को आज ही पत्र लिख रहा है कि वह इस संबंध में कार्रवाई करें ताकि भिवानी में लखनऊ जैसे अग्निकांड की पुर्नवृत्ति रोकी जा सके और बच्चों के भविष्य को सुरक्षित किया जा सके. यदि जिला प्रशासन इन अवैध अकडेमियों के खिलाफ किसी प्रकार की कार्रवाई नहीं करता है तो एसोसिएशन जल्द ही एक राज्यव्यापी अभियान चलाएगा और जितने भी विधायक और सांसद हैं उन सब को पहले हकीकत से अवगत करवाया जाएगा उनका पत्र लिखे जाएंगे, उनसे मिल जाएगा. और फिर भी कोई कार्रवाई नहीं होती है तो इसे एक आंदोलन के रूप में हम हरियाणा सरकार के समक्ष चंडीगढ़ लेकर जाने का काम करेंगे .
इससे पहले प्राइवेट स्कूल एसोसिएशन की एक मीटिंग हुई जिसमें प्राइवेट स्कूलों के प्रिंसिपल डायरेक्टर उपस्थित थे जिन्होंने स्कूलों की मांग और समस्याओं को लेकर चर्चा की. इस अवसर पर एसोसिएशन के जिला प्रधान अमित डागर, जिला महासचिव कारण मिरग, यतिंदर नाथ, सतीश वेद, नरेश, मनमोहन चावला आदि उपस्थित थे।