
रेवाड़ी में 28 लाख का फ्लेक्स बोर्ड घोटाला: छह डॉक्टर चार्जशीट, फर्म होगी ब्लैकलिस्ट
प्रदेश की स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव के संज्ञान में आने के बाद मामले में त्वरित हुई कार्रवाई
रेवाड़ी। जिले के स्वास्थ्य विभाग में वर्ष 2022-23 की हेल्थ एंड वेलनेस स्कीम के तहत सामने आए करीब 28 लाख रुपये के फ्लेक्स बोर्ड घोटाले में सरकार ने बड़ी कार्रवाई की है। लंबी जांच के बाद स्वास्थ्य विभाग ने छह चिकित्सकों के खिलाफ हरियाणा सिविल सेवा (दंड एवं अपील) नियम, 2016 के नियम-7 के तहत चार्जशीट जारी करने का फैसला लिया है। वहीं, फर्जी बिलों से जुड़ी यादव प्रिंट आर्ट फर्म को ब्लैकलिस्ट करने और उसकी सिक्योरिटी राशि जब्त करने के आदेश भी दिए गए हैं। यह सीधा असर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव की सख्ती का है।
सरकार की ओर से जारी आदेशों के अनुसार, वर्ष 2022-23 में एनएचएम के तहत जिले के पीएचसी और सीएचसी केंद्रों पर हेल्थ एंड वेलनेस सेंटर के फ्लेक्स बोर्ड लगाए जाने थे। आरोप है कि बोर्ड लगाए बिना ही करीब 28 लाख रुपये का भुगतान कर दिया गया। बाद में जांच में पूरा मामला उजागर हुआ।
इन चिकित्सकों पर होगी विभागीय कार्रवाई
सरकार ने जिन अधिकारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई का निर्णय लिया है, उनमें शामिल हैं—
डॉ. राजवीर सिंह (तत्कालीन उप सिविल सर्जन)
डॉ. अशोक कुमार (उप सिविल सर्जन)
डॉ. जोगिंदर तंवर (उप सिविल सर्जन)
डॉ. दीपक वर्मा (चिकित्सा अधिकारी)
डॉ. रजनीश (चिकित्सा अधिकारी)
डॉ. अभिषेक राव (चिकित्सा अधिकारी)
ये सभी उस समय परचेज कमेटी के सदस्य थे।
पहले ही निलंबित हैं डॉ. राजवीर सिंह
इस मामले में मुख्य आरोपी माने जा रहे तत्कालीन उप सिविल सर्जन डॉ. राजवीर सिंह को जांच के दौरान पहले ही निलंबित किया जा चुका था और वह वर्तमान में भी निलंबित हैं। अब बाकी अधिकारियों के खिलाफ भी विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
फर्म होगी ब्लैकलिस्ट, सिक्योरिटी राशि जब्त
आदेश में यह भी स्पष्ट किया गया है कि यादव प्रिंट आर्ट फर्म ने समय पर फ्लेक्स बोर्ड नहीं लगाए, लेकिन भुगतान प्राप्त कर लिया। इसे टेंडर की शर्तों का उल्लंघन मानते हुए फर्म को ब्लैकलिस्ट करने तथा कार्यालय में जमा सिक्योरिटी राशि जब्त करने के निर्देश दिए गए हैं।
15 दिन में भेजनी होगी चार्जशीट
स्वास्थ्य विभाग ने संबंधित अधिकारियों के खिलाफ आरोप पत्र का प्रारूप तैयार कर 15 दिनों के भीतर सरकार को भेजने के निर्देश दिए हैं, ताकि विभागीय कार्रवाई आगे बढ़ाई जा सके।
करीब 28 लाख रुपये के इस कथित घोटाले में अब स्वास्थ्य विभाग की कार्रवाई तेज हो गई है और आने वाले दिनों में मामले में और बड़े फैसले सामने आ सकते हैं।
स्वास्थ्य मंत्री के कार्यकाल में तेज हुई कार्रवाई
रेवाड़ी के स्वास्थ्य विभाग में वर्ष 2022-23 के करीब 28 लाख रुपये के फ्लेक्स बोर्ड घोटाले में लंबे समय से कार्रवाई लंबित थी। अब स्वास्थ्य मंत्री आरती सिंह राव के कार्यकाल में इस मामले में विभागीय कार्रवाई तेज हो गई है। सरकार ने छह चिकित्सकों के खिलाफ चार्जशीट जारी करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है, जबकि फर्जी बिलों से जुड़ी यादव प्रिंट आर्ट फर्म को ब्लैकलिस्ट करने और उसकी सिक्योरिटी राशि जब्त करने के आदेश दिए गए हैं।
राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में इसे स्वास्थ्य विभाग में भ्रष्टाचार के मामलों पर बढ़ती सख्ती के रूप में देखा जा रहा है।
Rewari, Rewari | Jul 8, 2026