Public App Logo
Jansamasya
News
पुलिस
Bjp
National
Police
Bihar
India
कांग्रेस
Gujarat
भाजपा
Congress
Modi
Delhi
Viral
मारपीट
Jharkhand
Up
Bollywood
Breakingnews
Narendramodi
Madhya_pradesh
उत्तरप्रदेश
Pmmodi
Rahulgandhi
यूपी
कानपुर
Uttarpradesh
Haryana
मंत्री

Schoolstudents

बड़ी खबर | पुलिया नहीं होने से संकट में बच्चों की पढ़ाई, ग्रामीणों ने प्रशासन से लगाई गुहार
सुरेंद्र ठाकुर
चंबा/डिगर, 25 जुलाई 2026
बरसात के मौसम में प्राथमिक विद्यालय डिगर के नन्हे विद्यार्थियों के लिए स्कूल पहुंचना बड़ी चुनौती बन गया है। ग्रामीणों का कहना है कि डिगर नाले पर पुलिया नहीं होने के कारण बच्चों को रोजाना जान जोखिम में डालकर नाला पार करना पड़ता है। जलस्तर बढ़ने पर कई बच्चे स्कूल तक नहीं पहुंच पाते, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है।
स्थानीय लोगों के अनुसार, विद्यालय में पढ़ने वाले पांचवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को बरसात के दौरान सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ती है। कई बार परिजनों को छोटे बच्चों को अपनी पीठ पर उठाकर नाला पार करवाना पड़ता है, ताकि वे स्कूल पहुंच सकें।
ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और सरकार से मांग की है कि डिगर नाले का शीघ्र निरीक्षण कर यहां पुलिया का निर्माण कराया जाए, ताकि बच्चों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके और उनकी शिक्षा बाधित न हो।
ग्रामीणों ने उपायुक्त चंबा और स्थानीय विधायक से भी आग्रह किया है कि वे इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए मौके का निरीक्षण करें और पुलिया निर्माण को प्राथमिकता दें। उनका कहना है कि बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा से जुड़ा यह मामला किसी भी प्रकार की अनदेखी का विषय नहीं होना चाहिए।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द पुलिया का निर्माण नहीं हुआ तो बरसात के पूरे मौसम में बच्चों की शिक्षा प्रभावित होती रहेगी। उन्होंने प्रशासन से जल्द सकारात्मक कार्रवाई की उम्मीद जताई है।

Sukhvinder Singh Sukhu CMO Himachal DC Chamba Neeraj Nayar The Voice of Pangwal  

#PangiLiveNews #ChambaNews #Diger #PrimarySchool #SchoolStudents #EducationFirst #BridgeDemand #SaveEducation #ChildSafety #Monsoon #HimachalPradesh #Chamba #RuralDevelopment #SchoolBridge #PublicIssue #VoiceOfPeople #EducationMatters

बड़ी खबर | पुलिया नहीं होने से संकट में बच्चों की पढ़ाई, ग्रामीणों ने प्रशासन से लगाई गुहार सुरेंद्र ठाकुर चंबा/डिगर, 25 जुलाई 2026 बरसात के मौसम में प्राथमिक विद्यालय डिगर के नन्हे विद्यार्थियों के लिए स्कूल पहुंचना बड़ी चुनौती बन गया है। ग्रामीणों का कहना है कि डिगर नाले पर पुलिया नहीं होने के कारण बच्चों को रोजाना जान जोखिम में डालकर नाला पार करना पड़ता है। जलस्तर बढ़ने पर कई बच्चे स्कूल तक नहीं पहुंच पाते, जिससे उनकी पढ़ाई प्रभावित हो रही है। स्थानीय लोगों के अनुसार, विद्यालय में पढ़ने वाले पांचवीं कक्षा तक के विद्यार्थियों को बरसात के दौरान सबसे अधिक परेशानी झेलनी पड़ती है। कई बार परिजनों को छोटे बच्चों को अपनी पीठ पर उठाकर नाला पार करवाना पड़ता है, ताकि वे स्कूल पहुंच सकें। ग्रामीणों ने जिला प्रशासन और सरकार से मांग की है कि डिगर नाले का शीघ्र निरीक्षण कर यहां पुलिया का निर्माण कराया जाए, ताकि बच्चों को सुरक्षित आवागमन की सुविधा मिल सके और उनकी शिक्षा बाधित न हो। ग्रामीणों ने उपायुक्त चंबा और स्थानीय विधायक से भी आग्रह किया है कि वे इस समस्या को गंभीरता से लेते हुए मौके का निरीक्षण करें और पुलिया निर्माण को प्राथमिकता दें। उनका कहना है कि बच्चों की सुरक्षा और शिक्षा से जुड़ा यह मामला किसी भी प्रकार की अनदेखी का विषय नहीं होना चाहिए। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द पुलिया का निर्माण नहीं हुआ तो बरसात के पूरे मौसम में बच्चों की शिक्षा प्रभावित होती रहेगी। उन्होंने प्रशासन से जल्द सकारात्मक कार्रवाई की उम्मीद जताई है। Sukhvinder Singh Sukhu CMO Himachal DC Chamba Neeraj Nayar The Voice of Pangwal #PangiLiveNews #ChambaNews #Diger #PrimarySchool #SchoolStudents #EducationFirst #BridgeDemand #SaveEducation #ChildSafety #Monsoon #HimachalPradesh #Chamba #RuralDevelopment #SchoolBridge #PublicIssue #VoiceOfPeople #EducationMatters

Chamba, Chamba | Jul 25, 2026

Bihar news : कदमवा घाट बारिश की पहली मार में बह गया बास का चचरी पुल, फिर नाव के सहारे जान जोखिम में डालने को मजबूर ग्रामीण। लगातार हो रही बारिश से नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण सिकटा एवं मझौलिया प्रखंड को जोड़ने वाले कदमवा घाट पर बना बांस का चचरी पुल पानी के तेज बहाव में बह गया। पुल बह जाने के बाद दोनों प्रखंडों के हजारों ग्रामीणों की परेशानी फिर बढ़ गई है। अब लोगों को एक बार फिर जान जोखिम में डालकर नाव के सहारे नदी पार करनी पड़ रही है। स्थिति सबसे अधिक स्कूली बच्चों के लिए चिंताजनक है। दोनों प्रखंडों के छात्र-छात्राएं अपनी साइकिल नाव पर रखकर नदी पार कर विद्यालय जाने को विवश हैं। ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से इस क्षेत्र के लोग स्थायी पुल के अभाव में नाव के सहारे आवागमन करते रहे हैं। इसी समस्या से निजात पाने के लिए ग्रामीणों ने आपसी सहयोग और चंदा जुटाकर बांस का चचरी पुल बनवाया था। ग्रामीण कारी गद्दी, शेख जुगनू, अजीजुर रहमान, सुनर मुखिया, भोला शर्मा, शरीफ गद्दी, मेहरुल खातून, नाशिमा खातून, मीना खातून एवं कलावती देवी ने बताया कि गत 7 जनवरी को सिकटा विधायक ने पुल का उद्घाटन किया था। उस दौरान उन्होंने ग्रामीणों की एकजुटता की सराहना करते हुए अगले विधानसभा चुनाव से पहले यहां पक्का पुल बनवाने का आश्वासन भी दिया था। लेकिन उद्घाटन के महज सात माह बाद ही पहलीऊ बड़ी बारिश में चचरी पुल बह जाने से ग्रामीणों की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। लोगों का कहना है कि जब तक स्थायी पुल का निर्माण नहीं होगा, तब तक हर वर्ष बरसात में उन्हें इसी तरह जान जोखिम में डालकर नदी पार करनी पड़ेगी। ग्रामीणों ने सरकार और जनप्रतिनिधियों से शीघ्र पक्का पुल निर्माण कराने की मांग की है, ताकि दोनों प्रखंडों के लोगों को स्थायी राहत मिल सके।#KadmaGhat #BambooBridge #BridgeCollapsed #HeavyRain #FloodImpact #WestChamparan #Sikta #Majhaulia #BiharNews #RuralConnectivity #SchoolStudents #BoatCrossing #PublicSafety #Infrastructure #BridgeDemand #Monsoon #GroundReport #BreakingNews

Bihar news : कदमवा घाट बारिश की पहली मार में बह गया बास का चचरी पुल, फिर नाव के सहारे जान जोखिम में डालने को मजबूर ग्रामीण। लगातार हो रही बारिश से नदी का जलस्तर बढ़ने के कारण सिकटा एवं मझौलिया प्रखंड को जोड़ने वाले कदमवा घाट पर बना बांस का चचरी पुल पानी के तेज बहाव में बह गया। पुल बह जाने के बाद दोनों प्रखंडों के हजारों ग्रामीणों की परेशानी फिर बढ़ गई है। अब लोगों को एक बार फिर जान जोखिम में डालकर नाव के सहारे नदी पार करनी पड़ रही है। स्थिति सबसे अधिक स्कूली बच्चों के लिए चिंताजनक है। दोनों प्रखंडों के छात्र-छात्राएं अपनी साइकिल नाव पर रखकर नदी पार कर विद्यालय जाने को विवश हैं। ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से इस क्षेत्र के लोग स्थायी पुल के अभाव में नाव के सहारे आवागमन करते रहे हैं। इसी समस्या से निजात पाने के लिए ग्रामीणों ने आपसी सहयोग और चंदा जुटाकर बांस का चचरी पुल बनवाया था। ग्रामीण कारी गद्दी, शेख जुगनू, अजीजुर रहमान, सुनर मुखिया, भोला शर्मा, शरीफ गद्दी, मेहरुल खातून, नाशिमा खातून, मीना खातून एवं कलावती देवी ने बताया कि गत 7 जनवरी को सिकटा विधायक ने पुल का उद्घाटन किया था। उस दौरान उन्होंने ग्रामीणों की एकजुटता की सराहना करते हुए अगले विधानसभा चुनाव से पहले यहां पक्का पुल बनवाने का आश्वासन भी दिया था। लेकिन उद्घाटन के महज सात माह बाद ही पहलीऊ बड़ी बारिश में चचरी पुल बह जाने से ग्रामीणों की उम्मीदों को बड़ा झटका लगा है। लोगों का कहना है कि जब तक स्थायी पुल का निर्माण नहीं होगा, तब तक हर वर्ष बरसात में उन्हें इसी तरह जान जोखिम में डालकर नदी पार करनी पड़ेगी। ग्रामीणों ने सरकार और जनप्रतिनिधियों से शीघ्र पक्का पुल निर्माण कराने की मांग की है, ताकि दोनों प्रखंडों के लोगों को स्थायी राहत मिल सके।#KadmaGhat #BambooBridge #BridgeCollapsed #HeavyRain #FloodImpact #WestChamparan #Sikta #Majhaulia #BiharNews #RuralConnectivity #SchoolStudents #BoatCrossing #PublicSafety #Infrastructure #BridgeDemand #Monsoon #GroundReport #BreakingNews

Bettiah, West Champaran | Jul 23, 2026

अपने बच्चों को सिर्फ पढ़ा-लिखा मत बनाइए, उन्हें सभ्य नागरिक बनाइए! 🇮🇳

#cleanindiamission #educatetheyouth #socialmessage #schoolstudents

अपने बच्चों को सिर्फ पढ़ा-लिखा मत बनाइए, उन्हें सभ्य नागरिक बनाइए! 🇮🇳 #cleanindiamission #educatetheyouth #socialmessage #schoolstudents

Jhalrapatan, Jhalawar | Jul 22, 2026

कलम जीत की 
खोलीघाट हादसे के अगले ही दिन बागी–रामपुर HRTC बस के इंजन से उठा धुआँ, स्कूली बच्चों सहित यात्रियों में दहशत। आखिर कब सुधरेगी HRTC की व्यवस्था?
#RampurBushahr #HRTC #Baghi #KholiKhad #Himachal #SchoolStudents #PublicIssue #GroundZero #KalamJeetKi #ShimlaNews

कलम जीत की खोलीघाट हादसे के अगले ही दिन बागी–रामपुर HRTC बस के इंजन से उठा धुआँ, स्कूली बच्चों सहित यात्रियों में दहशत। आखिर कब सुधरेगी HRTC की व्यवस्था? #RampurBushahr #HRTC #Baghi #KholiKhad #Himachal #SchoolStudents #PublicIssue #GroundZero #KalamJeetKi #ShimlaNews

Rampur, Shimla | Jul 16, 2026

Bihar news : बेतिया के 70 घरों वाले शिवपुरवा गांव की मिसाल,चंदे से बना 60 फीट का लोहे का पुल, बरसात में बच्चों की जान बचाएगा। खबर बगहा के रामनगर से है जहाँ रामनगर के सोनखर पंचायत स्थित शिवपुरवा गांव में महज 70 से 80घर हैं, लेकिन यहां के लोगों का जज्बा पूरे जिले के लिए प्रेरणा बन गया है। गांव में प्लस टू विद्यालय है। उसी गांव के बच्चे तो आसानी से पहुंच स्कूल पहुंच जाते हैं, लेकिन दूर-दराज से आने वाली सैकड़ों छात्र-छात्राओं को भाषाहा नदी पार कर के विद्यालय आनी पड़ती है। गर्मी और सर्दी में नदी सूखी रहने से दिक्कत नहीं होती, लेकिन बरसात शुरू होते ही नदी उफान पर आ जाती है। तब बेलौरा, छवघरिया,लखनखोर, सोहसा, एकडेवरवा,मेहनवल समेत दर्जनों गाँव के स्कूली बच्चों को जान जोखिम में डालकर पानी पार करना पड़ता है। नहीं तो उन्हें 8 से 10 किलोमीटर का लंबा चक्कर लगाकर स्कूल जाना पड़ता है। विद्यालय में हजारों बच्चे पढ़ते हैं और ज्यादातर नदी पार कर ही आते हैं क्योंकि यही रास्ता सबसे नजदीक है।
इसी परेशानी को देखते हुए शिवपुरवा कॉलोनी के ग्रामीणों ने एक बैठक की और चंदा इकट्ठा कर पुल बनाने का संकल्प लिया। लगातार दिन-रात मेहनत कर गांव वालों ने करीब ढाई लाख रुपये खर्च कर 60 फीट लंबा और 4 फीट चौड़ा लोहे का पुल का ढांचा तैयार कर दिया है। कितना रुपए खर्च करने के बाद भी अभी पुल आवागमन के लिए शुरू नहीं हुआ है, ग्रामीणों का कहना है कि इसे बनाने के लिए और रुपए की जरूरत पड़ेगी, जब यह लोहे का पुल बन जाएगा तो इससे दोपहिया, साइकिल सवार, स्कूली छात्र-छात्राओं के  किसानों को भी फायदा होगा। बरसात में किसान पुल पार करके  बिना खतरा अपनी फसल देख सकेंगे। गांव के बुजुर्ग बताते हैं कि पुल की मांग 50 वर्षों से हो रही है। चुनाव में नेता वादे करते हैं, फिर भूल जाते हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में ग्रामीणों ने वोट बहिष्कार भी किया था। इसके बाद केंद्रीय मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने आकर पुल बनवाने का वादा किया था, लेकिन अब तक काम नहीं हुआ। #Bettiah #Bagaha #Ramnagar #WestChamparan #Bihar #Shivpurwa #IronBridge #CommunitySupport #PublicInitiative #Education #SchoolStudents #RuralDevelopment #BridgeConstruction #Humanity #LocalNews #GroundReport #PositiveNews #VillageInspiration #India

Bihar news : बेतिया के 70 घरों वाले शिवपुरवा गांव की मिसाल,चंदे से बना 60 फीट का लोहे का पुल, बरसात में बच्चों की जान बचाएगा। खबर बगहा के रामनगर से है जहाँ रामनगर के सोनखर पंचायत स्थित शिवपुरवा गांव में महज 70 से 80घर हैं, लेकिन यहां के लोगों का जज्बा पूरे जिले के लिए प्रेरणा बन गया है। गांव में प्लस टू विद्यालय है। उसी गांव के बच्चे तो आसानी से पहुंच स्कूल पहुंच जाते हैं, लेकिन दूर-दराज से आने वाली सैकड़ों छात्र-छात्राओं को भाषाहा नदी पार कर के विद्यालय आनी पड़ती है। गर्मी और सर्दी में नदी सूखी रहने से दिक्कत नहीं होती, लेकिन बरसात शुरू होते ही नदी उफान पर आ जाती है। तब बेलौरा, छवघरिया,लखनखोर, सोहसा, एकडेवरवा,मेहनवल समेत दर्जनों गाँव के स्कूली बच्चों को जान जोखिम में डालकर पानी पार करना पड़ता है। नहीं तो उन्हें 8 से 10 किलोमीटर का लंबा चक्कर लगाकर स्कूल जाना पड़ता है। विद्यालय में हजारों बच्चे पढ़ते हैं और ज्यादातर नदी पार कर ही आते हैं क्योंकि यही रास्ता सबसे नजदीक है। इसी परेशानी को देखते हुए शिवपुरवा कॉलोनी के ग्रामीणों ने एक बैठक की और चंदा इकट्ठा कर पुल बनाने का संकल्प लिया। लगातार दिन-रात मेहनत कर गांव वालों ने करीब ढाई लाख रुपये खर्च कर 60 फीट लंबा और 4 फीट चौड़ा लोहे का पुल का ढांचा तैयार कर दिया है। कितना रुपए खर्च करने के बाद भी अभी पुल आवागमन के लिए शुरू नहीं हुआ है, ग्रामीणों का कहना है कि इसे बनाने के लिए और रुपए की जरूरत पड़ेगी, जब यह लोहे का पुल बन जाएगा तो इससे दोपहिया, साइकिल सवार, स्कूली छात्र-छात्राओं के किसानों को भी फायदा होगा। बरसात में किसान पुल पार करके बिना खतरा अपनी फसल देख सकेंगे। गांव के बुजुर्ग बताते हैं कि पुल की मांग 50 वर्षों से हो रही है। चुनाव में नेता वादे करते हैं, फिर भूल जाते हैं। पिछले विधानसभा चुनाव में ग्रामीणों ने वोट बहिष्कार भी किया था। इसके बाद केंद्रीय मंत्री सतीश चंद्र दुबे ने आकर पुल बनवाने का वादा किया था, लेकिन अब तक काम नहीं हुआ। #Bettiah #Bagaha #Ramnagar #WestChamparan #Bihar #Shivpurwa #IronBridge #CommunitySupport #PublicInitiative #Education #SchoolStudents #RuralDevelopment #BridgeConstruction #Humanity #LocalNews #GroundReport #PositiveNews #VillageInspiration #India

Bettiah, West Champaran | Jul 12, 2026

Latest Schoolstudents News Videos - Watch the Latest News of August 15, 2026 | Public App