भाई हो तो ऐसा! बड़े भाई ने अपनी खुशियां छोड़कर छोटे भाई के सपनों को उड़ान दी। मजदूरी कर पढ़ाया, अपना मोबाइल भी दिया , खेती का हिस्सा तक लगा दिया, अब छतरपुर के बगमऊ गांव का धीरज अहिरवार SAF में सब इंस्पेक्टर बन गया। यह सिर्फ एक नौकरी नहीं, बल्कि त्याग, संघर्ष और परिवार के प्यार और जीत की कहानी है