खरसिया में आस्था की अविरल धारा: चंदन तालाब स्थित श्रीराम जानकी मंदिर में 165वें सप्ताह भी गूंजेगा सुंदरकांड पाठ
▪️प्रत्येक मंगलवार शाम 5:01 बजे से होता है संकीर्तन, जहां गूंजता है श्रीराम का नाम वहां आते हैं हनुमान; भक्तों से सहभागिता की अपील..
खरसिया। धार्मिक आस्था की प्रतिमूर्ति बन चुके चंदन तालाब स्थित प्राचीन श्रीराम जानकी मंदिर में भक्ति की अनूठी मिसाल कायम हो रही है। यहां सुंदरकांड का पाठ पिछले 165 सप्ताह से निरंतर, बिना किसी व्यवधान के प्रत्येक मंगलवार को आयोजित हो रहा है।
09 जून मंगलवार शाम 5:01 बजे से 165वां साप्ताहिक सुंदरकांड पाठ श्री बालाजी महाराज की कृपा से आयोजित किया जाएगा। आयोजकों ने सपरिवार पधारकर सुंदरकांड पाठ का आनंद लेने, महाआरती में शामिल होने एवं महाप्रसाद ग्रहण कर पुण्य के भागी बनने का आग्रह किया है।
▪️जहां राम, वहां हनुमान की होती है जीवंत अनुभूति..
मान्यता है कि जहां श्रीराम जी का संकीर्तन होता है, वहां हनुमान जी अवश्य पहुंचते हैं। इसी विश्वास के साथ यहां का सुंदरकांड पाठ अत्यंत सार्थक और फलदायी हो रहा है। ढोलक-झांझ-मंजीरे की थाप पर _“सियावर रामचंद्र की जय”_ और _“पवनसुत हनुमान की जय”_ के जयकारों से पूरा मंदिर परिसर राममय हो जाता है।
पिछले सवा तीन साल से चल रहे इस आयोजन में अनेक भक्तगण बढ़-चढ़कर हिस्सा ले रहे हैं। आसपास के बुजुर्ग, युवा और मातृशक्ति हर मंगलवार नियम से पहुंचते हैं। भक्तों का मानना है कि सुंदरकांड के पाठ से सभी विघ्न दूर होते हैं, मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं और घर में सुख-शांति आती है।
▪️आप सभी सादर आमंत्रित हैं
मंदिर समिति ने आम लोगों से भी अनुरोध किया है कि इस पुनीत कार्य में सहभागिता देकर पुण्य के भागी बनें। सुंदरकांड के बाद होने वाली महाआरती और महाप्रसाद में शामिल होना सौभाग्य की बात है।
- आयोजन: 165वां साप्ताहिक सुंदरकांड पाठ
- दिनांक: 09.06.2026, मंगलवार
- समय: शाम 5:01 बजे से
- स्थान: श्रीराम जानकी मंदिर, चंदन तालाब, खरसिया
- विशेष: महाआरती एवं महाप्रसाद का वितरण
_जय श्रीराम_ के उद्घोष के साथ यह परंपरा ऐसे ही अनवरत चलती रहे, यही मंगल कामना है।