प्रेस संवाद कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने मीडिया से किया सीधा संवाद, विभिन्न मुद्दों पर रखी अपनी बात
विभागीय दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी- मुख्यमंत्री डॉ.यादव
छिंदवाड़ा में उद्यमिता और उद्योग के क्षेत्र में बड़ी संभावनाएं है-मुख्यमंत्री डॉ.यादव
उद्योगों के विकास के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है-मुख्यमंत्री डॉ.यादव
प्रदेश सरकार कार्य संस्कृति में परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रही है – मुख्यमंत्री डॉ.यादव
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मुख्यमंत्री डॉ.मोहन यादव ने कहा कि प्रदेश सरकार सांस्कृतिक बदलाव के साथ कार्य संस्कृति में भी परिवर्तन लाने की दिशा में काम कर रही है। शासन की योजनाओं का लाभ अंतिम पंक्ति के व्यक्ति तक पहुंचे और जनता को समय पर योजनाओं एवं सेवाओं का लाभ मिले, इसके लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को पूरी संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ कार्य करना होगा। उन्होंने कहा कि जनता के विश्वास को बनाए रखना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने छिंदवाड़ा प्रवास के दौरान प्रेस संवाद कार्यक्रम में मीडिया से सकारात्मक संवाद करते हुये यह बात कही। इस दौरान जिले के प्रभारी मंत्री एवं लोक निर्माण मंत्री श्री राकेश सिंह, सांसद श्री विवेक बंटी साहू, महापौर श्री विक्रम अहके, विधायक अमरवाड़ा श्री कमलेश प्रताप शाह, श्री शेषराव यादव और विभिन्न इलेक्ट्रॉनिक व प्रिंट मीडिया के पत्रकार उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा महाराष्ट्र की सीमा से लगा हुआ आदिवासी बहुल क्षेत्र है और यहां विकास की अपार संभावनाएं हैं। सरकार इन संभावनाओं को अवसरों में बदलने के लिए निरंतर प्रयास कर रही है। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में कार्य संस्कृति को मजबूत करने के लिए अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति देने के साथ ही विभिन्न विभागों में नई भर्तियां भी प्रारंभ की गई हैं। पुलिस सहित अन्य विभागों में भर्ती की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जा रही है। छिन्दवाड़ा जिले में 28 विभागों के एक हजार 281 अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रमोशन दिया गया है। उन्होंने कहा कि शासन की जिम्मेदारी है कि जनता के काम व्यवस्थित और समयबद्ध तरीके से हों। उन्होंने कहा कि छिंदवाड़ा में भी बड़ी संख्या में अधिकारियों-कर्मचारियों को पदोन्नति दी गई है। इससे कर्मचारियों में उत्साह बढ़ेगा और वे बेहतर ढंग से अपने दायित्वों का निर्वहन करेंगे। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने बताया कि छिंदवाड़ा में लापरवाही के मामलों में कार्रवाई करते हुए सीएमओ, एक तहसीलदार और पटवारी को निलंबित किया गया है। कुछ कर्मचारियों के वेतनवृद्धि रोकने का निर्णय भी लिया गया है। उन्होंने कहा कि सरकार अच्छे कार्य के लिए पदोन्नति और प्रोत्साहन देने के लिए तैयार है, लेकिन दायित्वों के निर्वहन में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा में उद्यमिता और उद्योग के क्षेत्र में भी बड़ी संभावनाएं हैं। उन्होंने स्थानीय उद्यमियों एवं पुराने उद्योगपतियों से चर्चा कर उनकी समस्याओं को समझने का प्रयास किया। नए इंडस्ट्रियल बेल्ट एवं औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने के निर्देश दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि उद्योगों के विकास के लिए आवश्यक मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराना सरकार की प्राथमिकता है। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि क्षेत्र के किसानों से चर्चा के दौरान प्राकृतिक खेती, पशुपालन और मत्स्य पालन जैसे क्षेत्रों में आगे बढ़ने की संभावनाओं पर भी चर्चा हुई। आदिवासी अंचलों में होम-स्टे के माध्यम से रोजगार के अवसर विकसित हो रहे हैं। पर्यटन गतिविधियों को बढ़ावा देकर स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार और स्वरोजगार के नए अवसर तैयार किए जा सकते हैं। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि छिंदवाड़ा में संचालित आईटीआई संस्थानों के विद्यार्थियों को उनके प्रशिक्षण के अनुरूप रोजगार एवं स्वरोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की दिशा में काम किया जा रहा है। प्रशिक्षित युवाओं को अपने कौशल के आधार पर बेहतर भविष्य बनाने के अवसर मिलें, इसके लिए उद्योगों से समन्वय बढ़ाया जाएगा।
मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि जनहित से जुड़ी शिकायतों के निराकरण को सरकार ने गंभीरता से लिया है। सरकार द्वारा जन शिकायत निवारण, जनप्रतिनिधियों के साथ चर्चा और जनता की शिकायतों के निराकरण करने का, ऐसे तीन-चार आयामों पर हमने काम शुरू किया है तथा सीएम हेल्पलाइन सहित विभिन्न माध्यमों से प्राप्त शिकायतों के परफार्मेंस को देखा है। हमारा प्रयास है कि एक-एक जिले में अभी तक की सारी लंबित शिकायतों का अधिकतम समाधान प्राथमिकता से सुनिश्चित करेंगे। उन्होंने कहा कि अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए गये है कि जनता की समस्याओं के समाधान में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। अच्छा काम करने वाले अधिकारियों-कर्मचारियों को प्रोत्साहित किया जाएगा, वहीं लापरवाही करने वालों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जनविश्वास अभियान से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि प्रदेश में परिसीमन आयोग का गठन किया गया है। आयोग द्वारा संभाग, जिले, तहसील और गांवों के स्तर पर विभिन्न पहलुओं का अध्ययन किया जा रहा है। पूर्व मुख्य सचिव एसएम मिश्रा को आयोग की जिम्मेदारी दी गई है। आयोग की रिपोर्ट आने के बाद आगे की प्रक्रिया स्पष्ट होगी। उन्होंने कहा कि शासन की नीतियों और योजनाओं को जमीन पर प्रभावी ढंग से लागू करने की जिम्मेदारी अधिकारियों-कर्मचारियों की है। सरकार नीति बनाती है, लेकिन उसका वास्तविक लाभ जनता तक पहुंचाने के लिए मैदानी स्तर पर गंभीरता से काम करना जरूरी है।
नगरीय क्षेत्रों से जुड़े सवाल पर मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने कहा कि केवल छिंदवाड़ा ही नहीं, बल्कि प्रदेश के सभी नगरीय क्षेत्रों में नागरिकों को आवश्यक सुविधाएं, सेवाएं और शासन की योजनाओं का लाभ उपलब्ध कराने के लिए एक समान व्यवस्था विकसित करने पर काम किया जाएगा। मुख्यमंत्री डॉ.यादव ने प्रदेशवासियों को सावन मास, आगामी जन्माष्टमी, रक्षाबंधन एवं स्वतंत्रता दिवस की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि आने वाला समय प्रदेश के लिए नई ऊर्जा, उत्साह और उमंग लेकर आएगा।