रचनात्मकता से तर्कशक्ति तक— एक्टिविटी डे में विद्यार्थियों ने दिखाई प्रतिभा
Kullu Times
भारत भारती सीनियर सेकेंडरी स्कूल में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के उद्देश्य से आयोजित मासिक एक्टिविटी डे में विभिन्न कक्षाओं के विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। गतिविधियों का उद्देश्य विद्यार्थियों को कक्षा-कक्ष की पढ़ाई से आगे बढ़कर रचनात्मकता, अभिव्यक्ति, आत्मविश्वास, टीमवर्क तथा तार्किक सोच के अवसर प्रदान करना रहा।
एक्टिविटी डे के अंतर्गत कक्षा I से V तक के विद्यार्थियों के लिए Best from Waste गतिविधि आयोजित की गई। विद्यार्थियों ने अनुपयोगी एवं बेकार समझी जाने वाली वस्तुओं का रचनात्मक उपयोग करते हुए विभिन्न उपयोगी एवं आकर्षक वस्तुएँ तैयार कीं।
इसी क्रम में विद्यार्थियों के लिए English Poetry Recitation का आयोजन किया गया। प्रतियोगिता को दो समूहों में विभाजित किया गया Sub-Junior Group (कक्षा I से V) तथा Junior Group (कक्षा VI से VIII)। विद्यार्थियों ने आत्मविश्वास, प्रभावशाली उच्चारण, भाव-भंगिमा और voice modulation के साथ कविताओं की प्रस्तुति दी। इस गतिविधि ने विद्यार्थियों में अंग्रेजी भाषा के प्रति रुचि बढ़ाने के साथ-साथ अभिव्यक्ति एवं मंचीय आत्मविश्वास को भी मजबूत किया।
विद्यालय में आयोजित इंटर हाउस वाद विवाद प्रतियोगिता ने गतिविधियों को एक विशेष बौद्धिक आयाम प्रदान किया। कक्षा IX-X तथा XI-XII के विद्यार्थियों के लिए क्रमशः Are Smartphones Making Students Smarter or More Distracted? तथा “Is Artificial Intelligence a Help or a Threat to Education? जैसे समसामयिक विषयों पर वाद विवाद आयोजित किए गए।
प्रतियोगिताओं में विद्यार्थियों ने विषय के पक्ष और विपक्ष में अपने तर्क प्रस्तुत किए। प्रतियोगिता केवल तैयार किए गए वक्तव्यों तक सीमित नहीं रही, बल्कि दर्शकों की ओर से प्रश्नोत्तर, प्रतिभागियों द्वारा एक-दूसरे से किए गए cross questioning तथा तत्काल तर्क प्रस्तुत करने की क्षमता ने इसे और अधिक रोचक एवं बौद्धिक बना दिया। इन गतिविधियों ने विद्यार्थियों को किसी विषय के विभिन्न पक्षों को समझने, प्रश्न पूछने, तर्क देने और अपने विचारों को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने का अवसर दिया।
विद्यालय प्रबंधन के अनुसार, ऐसी गतिविधियों का उद्देश्य केवल प्रतियोगिता कराना नहीं, बल्कि विद्यार्थियों में रचनात्मकता, संवाद कौशल, आत्मविश्वास, आलोचनात्मक चिंतन, तर्कशक्ति और जिम्मेदार नागरिकता की भावना विकसित करना है। पढ़ाई के साथ ऐसी गतिविधियाँ विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास को व्यापक आधार प्रदान करती हैं।
Kullu, Kullu | Sep 27, 2026