शाला प्रवेशोत्सव...
विद्यालय केवल पढ़ाई का नहीं, बल्कि अच्छे संस्कार, अनुशासन और व्यक्तित्व निर्माण का भी मंदिर है।
मन लगाकर पढ़ें, अच्छे संस्कार अपनाएं, बड़े सपने देखें और अपने माता-पिता,गुरुजनों,विद्यालय तथा नगर का नाम रोशन करें।
शाला प्रवेशोत्सव...
विद्यालय केवल पढ़ाई का नहीं, बल्कि अच्छे संस्कार, अनुशासन और व्यक्तित्व निर्माण का भी मंदिर है।
मन लगाकर पढ़ें, अच्छे संस्कार अपनाएं, बड़े सपने देखें और अपने माता-पिता,गुरुजनों,विद्यालय तथा नगर का नाम रोशन करें। - Jashpur News