#कुछ_तो_शर्म_करो_जिम्मेदारों!
भरतपुर। डीग जिले की कुम्हेर तहसील के अजान से अभोर्रा मुख्य सड़क की बदहाली के चलते ग्रामीणों को नारकीय जीवन जीने पर मजबूर होना पड़ रहा है। लंबे समय से जलभराव, गहरे गड्ढों और कीचड़ की मार झेल रही इस सड़क के स्थायी समाधान के लिए ग्रामीणों ने हर जिम्मेदार अधिकारी, जनप्रतिनिधि से गुहार लगा ली, लेकिन किसी के जान पर जूं तक नहीं रेंगी। कुम्भकर्णीय नींद में सोये इन जिम्मेदारों को जगाने के लिए अब एक बार फिर स्थानीय निवासी अधिवक्ता तेजेंद्र कुंतल अभोर्रा ने मुख्यमंत्री, पीडब्ल्यूडी मंत्री समेत दर्जनों उच्च अधिकारियों को पत्र भेजा है। पत्र में पीडब्ल्यूडी विभाग और स्थानीय प्रशासन की कार्यशैली पर तीखा हमला बोलते हुए कहा गया है कि जिम्मेदारों की अनदेखी के चलते स्कूली बच्चों, बुजुर्गों और राहगीरों को रोज जान जोखिम में डालकर निकलना पड़ रहा है। राहगीर कीचड़ में फिसलकर चोटिल हो रहे हैं, लेकिन जनप्रप्रतिनिधियों से लेकर अफसरों तक किसी को आमजन की दुर्दशा से कोई फर्क नहीं पड़ रहा। अधिवक्ता ने चेतावनी भरे लहजे में सड़क के तत्काल पुनर्निर्माण और पक्की जल निकासी प्रणाली (नाली निर्माण) की मांग की है, ताकि ग्रामीणों को इस नरकीय स्थिति से मुक्ति मिल सके।