सीआरपीएफ जवान को दी गई अंतिम विदाई, आठ वर्षीय बेटे ने दी मुखाग्नि
रोहतास जिल के बिक्रमगंज अनुमंडल क्षेत्र के मुंजी डिहरा गांव में रविवार शाम करीब चार बजे सीआरपीएफ जवान कंचन कुमार ठाकुर का पार्थिव शरीर पहुंचते ही गांव में मातम छा गया। तिरंगे में लिपटे जवान को उनके आठ वर्षीय बेटे अंश कुमार ने मुखाग्नि दी। पिता को अंतिम विदाई देते मासूम बेटे को देखकर परिजनों और ग्रामीणों की आंखें नम हो गईं। अंतिम दर्शन के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।
गया बटालियन से पहुंची सीआरपीएफ की टीम ने जवान को राष्ट्रीय सम्मान के साथ अंतिम सलामी दी। शोक शस्त्र और बिगुल की गूंज के बीच अंतिम संस्कार संपन्न हुआ। इस दौरान उनकी आठ वर्षीय बेटी पीहू भी मौजूद रही।
मौके पर बिक्रमगंज एसडीएम दिलीप कुमार, एसडीपीओ सिंधु शेखर सिंह, सीओ डॉ. रितेश कुमार, थानाध्यक्ष विवेक कुमार सहित कई अधिकारी, जनप्रतिनिधि और ग्रामीण मौजूद रहे।
कंचन ठाकुर असम स्थित सीआरपीएफ की 87वीं बटालियन में तैनात थे। शनिवार को पत्नी के साथ तुतला भवानी जा रहे थे। टेढ़का के पास तेज रफ्तार बोलेरो ने ऑटो में टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल कंचन की इलाज के दौरान मौत हो गई।
Kargahar, Rohtas | Aug 23, 2026