पहली संतान बेटी हुई तो परिवार ने मनाया जश्न, सजाकर घर ले गए नन्हीं परी
मखदुमपुर:
बेटी के जन्म को लेकर समाज में बदलती सोच की एक खूबसूरत तस्वीर शनिवार को मखदुमपुर रेफरल अस्पताल में देखने को मिली। चातर गांव निवासी रवि कुमार और स्वीटी कुमारी के घर पहली संतान के रूप में बेटी ने जन्म लिया। नन्हीं बेटी के जन्म से परिवार में ऐसी खुशी छाई कि अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद परिजनों ने निजी वाहन को आकर्षक ढंग से सजाया और बेटी को पूरे उत्साह के साथ घर लेकर गए।
शुक्रवार को स्वीटी कुमारी ने अस्पताल में बच्ची को जन्म दिया। जैसे ही परिवार को पहली संतान के रूप में बेटी होने की जानकारी मिली, घर-परिवार में खुशी का माहौल बन गया। परिजनों ने एक-दूसरे को मिठाई खिलाकर खुशी का इजहार किया। शनिवार को अस्पताल से छुट्टी के समय परिवार के सदस्यों के चेहरे पर अलग ही उत्साह नजर आया। बच्ची को गोद में लेकर मां-पिता के चेहरे पर खुशी साफ झलक रही थी।
रवि कुमार और स्वीटी कुमारी ने बताया कि वे चाहते थे कि उनकी पहली संतान बेटी हो। बेटी के जन्म की उनकी मनोकामना पूरी हुई है। उन्होंने कहा कि बेटी उनके लिए किसी अनमोल उपहार से कम नहीं है। उसके आने से परिवार की खुशियां दोगुनी हो गई हैं। उन्होंने कहा कि बेटी को अच्छी शिक्षा और संस्कार देकर उसे अपने पैरों पर खड़ा करना उनका सपना है।
बेटी के स्वागत के लिए परिजनों ने अस्पताल से घर तक का सफर भी खास बना दिया। निजी वाहन को सजाकर उसमें नन्हीं बच्ची और उसकी मां को बैठाया गया। परिवार के लोग खुशी-खुशी बच्ची को लेकर घर के लिए रवाना हुए। इस दौरान अस्पताल परिसर में मौजूद लोगों की नजर भी इस खुशी के पल पर ठहर गई।
परिजनों का कहना था कि बेटियां घर की खुशियां बढ़ाती हैं। आज के समय में बेटियां किसी भी क्षेत्र में बेटों से पीछे नहीं हैं। उन्होंने कहा कि उनकी बेटी बड़ी होकर परिवार का नाम रोशन करेगी। नन्हीं बच्ची के घर पहुंचते ही उसके स्वागत की तैयारियां भी की गईं। परिवार के लिए यह दिन लंबे समय तक यादगार बना रहेगा।