अनुपयोगी वस्तुएं बनीं कला, बच्चों के नाटक ने जगाई 4-बिन सेग्रीगेशन की अलख
बच्चों ने वेस्ट सामग्री से आकर्षक कलाकृतियां बनाकर दिया स्वच्छता और कचरा पृथक्करण का संदेश
नगर निगम ने मुकंद लाल पब्लिक स्कूल में किया वेस्ट टू वंडर प्रदर्शनी व नुक्कड़ नाटक का आयोजन
यमुनानगर।
नगर निगम द्वारा स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से मॉडल टाउन स्थित मुकंद लाल पब्लिक स्कूल में ‘वेस्ट टू वंडर’ प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। नगर निगम आयुक्त महाबीर प्रसाद के निर्देशों पर आयोजित इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने नुक्कड़ नाटक और अनुपयोगी सामग्री से तैयार की गई आकर्षक, सजावटी व उपयोगी कलाकृतियों का प्रदर्शन किया।
विद्यार्थियों ने अपनी रचनात्मकता के जरिए संदेश दिया कि घरों और अन्य स्थानों से निकलने वाले बेकार सामान को फेंकने के बजाय पुन: उपयोग में लाया जा सकता है। प्रदर्शनी के माध्यम से '3 आर' (रीड्यूज, रियूज और रिसाइकल) की अवधारणा को प्रभावी ढंग से प्रस्तुत किया गया। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण विद्यार्थियों द्वारा 4-बिन सेग्रीगेशन पर प्रस्तुत नुक्कड़ नाटक रहा। इसके जरिए बच्चों ने स्रोत पर ही कचरा अलग-अलग करने का महत्व समझाया। उन्होंने बताया कि सही कचरा पृथक्करण से ही वैज्ञानिक निस्तारण, पुन: उपयोग और रीसाइक्लिंग की प्रक्रिया को बेहतर बनाया जा सकता है। स्वच्छ भारत मिशन के आईईसी विशेषज्ञ दुर्गेश कुमार ने कहा कि स्वच्छ शहर की शुरुआत हर घर से होती है। यदि नागरिक अपने घर का कचरा निर्धारित श्रेणियों (4-बिन) में अलग करके दें, तो कचरा प्रबंधन प्रणाली अधिक प्रभावी होगी। उन्होंने विद्यार्थियों से इस संदेश को अपने परिवार व आसपास के लोगों तक पहुंचाने की अपील की। स्कूल की प्रधानाचार्या मोनिका शर्मा ने भी विद्यार्थियों के प्रयासों की सराहना की और उन्हें स्वच्छता का यह संदेश समाज में आगे प्रसारित करने के लिए प्रेरित किया।
फोटो कैप्शन - प्रदर्शनी का अवलोकन करते आईईसी विशेषज्ञ दुर्गेश कुमार व स्कूल प्रिंसिपल मोनिका शर्मा।
नाटक के माध्यम से स्वच्छता का संदेश देते बच्चें।